परिषदीय विद्यालयों का ये हाल जानकर आप भी हो जाएंगे हैरान

लोटन, सिद्धार्थनगर। परिषदीय विद्यालयों की स्थिति सुधारने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कई योजनाएं शुरू की हैं। इन विद्यालयों में नामांकन संख्या बढ़ाने रैलियां निकली जा रहीं हैं। परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता को सुधारने पर जोर दिया जा रहा है ,लेकिन  जिम्मेदार ही  मुख्यमंत्री की योजनाओं पर पानी फेरते नजर आ रहे  हैं।

प्राथमिक विद्यालय करमैनी पर तैनात शिक्षिका का अभी तक नहीं हुआ दर्शन

बताते चलें कि विभागीय  मिली भगत से प्राथमिक विद्यालय करमैनी पर तैनात शिक्षिका का दर्शन अभी तक नहीं हुआ  है। इस विद्यालय पर नामांकित कुल 98 छात्र है लेकिन उपस्थिति 8 से 10 बच्चों की रहती है। सूत्रों  के अनुसार इस विद्यालय पर तैनात शिक्षिका सेटिंग कर चली जाती है और विद्यालय पर झांकने तक नहीं आती हैं।

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दो शिक्षा मित्र तथा एक सहायक अध्यापिका  हैं तैनात

इस विद्यालय में  दो शिक्षा मित्र तथा एक सहायक अध्यापिका तैनात हैं। जिसके बावजूद अध्यापक उपस्थिति पंजिका पर भी सिर्फ एक ही शिक्षा मित्र की उपस्थिति बनती रहती है। इस विद्यालय पर सहायक अध्यापिका तैनात होने के बावजूद इंचार्ज दूसरे विद्यालय के अध्यापक के पास है। इंचार्ज महेंद्र पाण्डेय का कहना है कि इसी प्रकार से पिछले वर्ष भी यह शिक्षिका अनुपस्थित रहा करती थी। जिस पर निलंबित भी हुई थी। अब ये कब ज्वाइन करेंगी  इसके बारे में हम कुछ नहीं बता सकते हैं।  इतना जरूर है कि विद्यालय पर तैनात एक ही शिक्षा मित्र की उपस्थिति रहती है।

खंड शिक्षा अधिकारी वेदव्यास ने दिया गोलमोल जबाब

बताते चले यह विद्यालय महज एक बानगी है। जनपद में बहुत से ऐसे परिषदीय विद्यालय है। जहां इस तरह से सेटिंग कर परिषदीय विद्यालयों से शिक्षक व शिक्षिका गायब रहते हैं। इस सम्बन्ध में खंड शिक्षा अधिकारी वेदव्यास का कहना है कि एक सहायक अध्यपिका उस विद्यालय पर तैनात है। वो विद्यालय नहीं आ रही तो कर्यालय में देखना पड़ेगा कि छुट्टी ली है या   नहीं ।

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