केकेवी इंटर कॉलेज बना भ्रष्टाचार की प्रयोगशाला, दोषियों पर दर्ज हो एफआइआर

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लखनऊ। केकेवी इंटर कॉलेज बना भ्रष्टाचार की प्रयोगशाला, दोषियों पर दर्ज हो एफआइआर, प्रशासन ने लाखों रूपये की सांसद एवं विधायक निधी से निर्मित विद्यालय सभागार एक एनजीओ को सौंप दिया है। उक्त सभागार को व्यवसायिक उद्देश्य से प्रबंध समिति के  उपाध्यक्ष टीएन मिश्र एवं उनके परिवार ने एनजीओ के माध्यम से अवैधानिक कब्जा कर लिया है। इसके अलावा विद्यालय के कृषि ब्लाक को बंद कर दिया है।

केकेवी इंटर कॉलेज बना भ्रष्टाचार की प्रयोगशाला

शिक्षक आवास को अवैध तरीके से तुडवाकर पीजी कॉलेज को सौंपे जाने के दोषी व्यक्तियों के विरुद्ध उप्र शैक्षिक संस्थायें आस्तियों के अपव्यय का निवारण अधिनियम, 1974 के अन्तर्गत पुलिस एफआइआर दर्ज की जाय। इसके साथ ही अविधिक प्रबंधतंत्र को भंग कर तत्काल साधिकार नियंत्रक नियुक्त किए जाने और विद्यालय में छात्रों से पीटीए आदि के नाम पर लाखों रूपये की अवैध वसूली तथा अन्य आर्थिक अपराध की विशेष आडिट टीम द्वारा जांच कराकर दोषी प्रबंधक प्रधानाचार्य के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई किए जाने की मांग को लेकर बप्पा श्री नारायण वोकेशनल इंटर कॉलेज शाखा ईकाई एवं जिला संगठन के पदाधिकारी एवं सक्रिय कार्यकर्ता 10 अक्टूबर को सांय तीन बजे जय नारायण इंटर कॉलेज के गेट से बप्पा श्री नारायण वोकेशनल इंटर कॉलेज तक शांति मार्च निकालेंगे।

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संघर्ष की यह घोषणा गुरुवार को बप्पा श्री नारायण वोकेशल इंटर कॉलेज परिसर के आयोजित पत्रकार वार्ता में संगठन के प्रदेशीय मंत्री आरपी मिश्र ने दी।  केन्द्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने 35 लाख रुपये की सांसद निधि से व पूर्व भाजपा विधायक सुरेश चंद्र तिवारी 10 रुपये विधायक निधि से सभागार का निर्माण हुआ। जिसमें छात्रों एवं विद्यालय के विभिन्न कार्यक्रम लगभग 18 वर्षों से आयोजित किए जाते रहे है। विद्यालय प्रबंध समिति के उपाध्यक्ष टीएन मिश्र व उनके परिवार द्वारा संचालित एनजीओ समन्वय संस्था को प्रबंधक व प्रधानाचार्य की मिलीभगत से सभागार को छोटे-छोटे कक्षों में विभाजित कराकर अवैध तरीके से व्यवसाय हेतु सौंप दिया गया है।

इसके साथ शिक्षक आवासों को तुडवाकर उसकी लगभग 10 हजार वर्ग फुट भूमि को अवैध तरीके से पीजी कॉलेज को सौंप दिया गया। इतना ही नहीं विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. अवधेश नारायण उपाध्याय छात्रों से पीटीए, प्रवेश फार्म परिचय पत्र आदि के रूप् में अवैध रूप से अवैध वसूली शिक्षक उत्पीडन एवं भ्रष्टाचार में पूर्णत: लिप्त है जिसके विराध में शाखा ईकाई द्वारा संघर्षरत किया जा रहा है।

शाखा इकाई द्वारा कक्षाओं में पढ़ाई, अधिकारों की लड़ाई आन्दोलन के अन्तर्गत चल रहे शान्तिपूर्वक धरने के 28वें दिन जिला संगठन के पदाधिकारी प्रदेशीय मंत्री एवं जिला संरक्षक डा. आरपी मिश्र के नेतृत्व में धरने में सम्मिलित हुये।

शाखा इकाई के अध्यक्ष शिवेन्द्र तिवारी एवं मंत्री व सदस्य राज्य परिषद अरूण कुमार अवस्थी ने बताया कि धरने को सम्बोधित करते हुये प्रदेशीय मंत्री डा. आरपी मिश्र ने अवैध वसूली एवं सम्पत्तियों के अवैध हस्तान्तरण की जांच के लिये विशेष आडिट टीम द्वारा आडिट करा कर दोषी व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई  किये जाने की मांग अधिकारियों से की।

डा. मिश्र ने कहा कि प्रबंधतंत्र एवं विद्यालय के प्रधानाचार्य के इरादे विद्यालय की करोड़ों की सम्पत्ति को हस्तान्तरित कर उसका विधि महाविद्यालय तथा अन्य व्यवसायिक संस्थायें खोलकर करोड़ों रूपये की कमाई करने की है। प्रबंधक एवं प्रधानाचार्य के इस कुत्सित षड्यंत्र के कारण विद्यालय का अस्तित्व संकट में है जिसको बचाने के लिये संगठन निर्णायक संघर्ष करेगा। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने शिकायतों को संज्ञान में लेते हुए  जांच कर प्रभावी कार्रवाई किये जाने का आश्वासन दिया। जिसके बाद शिक्षकों ने धरना स्थगित कर दिया, लेकिन 10 अक्तूबर का शांतिमार्च का निर्णय यथावत रखा।

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