नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा, 2019 में प्रधानमंत्री बनेंगे राहुल गांधी…

24ghanteonline24ghanteonline

नई दिल्ली। पूर्व क्रिकेटर और पंजाब कांग्रेस के नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा है कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी 2019 प्रधानमंत्री बनेंगे और कांग्रेस फिर से सरकार बनाएगी। सिद्धू ने कहा कि मुझे यकीन है कि राहुल लाल किले पर झंडा फहराएंगे। दिल्ली में चल रहे कांग्रेस के 84वें महाधिवेशन पर राहुल की तारीफ करते हुए सिद्धू ने कहा कि भाजपा वाले तो बांस की तरह लंबे हैं लेकिन अंदर से खोखले हैं, वहीं हमारे राहुल भाई गन्ने की तरह अंदर-बाहर से मिटठू-मिटठू हैं। हाल ही के दिनों में कांग्रेस को पूर्वोत्तर राज्यों में मिली हार पर उन्होंने कहा कि इस हार की वजह राहुल गांधी नहीं हैं।

शायराना अंदाज़ में नज़र आए सिद्धू…

यह भी पढ़ें : ब्रेकिंग : निदहास टी20 सीरीज के फ़ाइनल मुकाबले में भारत ने जीता टॉस…

सिद्धू यही नहीं रूके, उन्होंने राहुल की तरफ इशारा करते हुए कहा, तुम तो सिकंदर हो, तुम शेरों के शेर बब्बर शेर हो, तुम कभी एक्स नहीं होते, राहुल मतलब कार्यकर्ता। हम सब तुमसे ही हैं। महाधिवेशन में सिद्धू ने अपनी शायरी से सबको तालियां बजाने को मजबूर कर दिया- है अंधेरा बहुत, अब सूरज निकलना चाहिए…जो चेहरे निकलते हैं नकाबों के साथ, उनका जनाजा निकलना चाहिए। सिद्धू पूर्व पीएम मनमोहन सिंह की भी तारीफ करने से नहीं चूके। उन्होंने कहा कि सरदार मनमोहन सिंह से माफी मांगना चाहता हूं, कहना चाहता हूं कि जो आपके मौन ने कर दिखाया, वो भाजपा के शोर शराबे में नहीं हुआ और मुझे दस साल बाद ये समझ आया।

यह भी पढ़ें : बॉलीवुड अदाकारा श्रेया सरन ने की गुपचुप शादी

राहुल गांधी के भाषण के साथ माहाधिवेशन का समापन…

बता दें कि आज कांग्रेस महाधिवेशन का आखिरी दिन है। राहुल गांधी के भाषण के साथ इसका समापन हुआ। साथ ही कांग्रेस ने पार्टी की सर्वोच्च नीति निर्धारक इकाई सीडब्ल्यूसी के पुनर्गठन के लिए आज पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी को अधिकृत किया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने सीब्ल्यूसी के पुनर्गठन के लिए कांग्रेस अध्यक्ष को अधिकृत करने का प्रस्ताव पेश किया। कांग्रेस कमेटी के सदस्यों ने ग़ुलाम नबी आज़ाद के इस प्रस्ताव का हाथ उठाकर समर्थन किया।

Loading...
loading...

You may also like

21 अप्रैल जानिये क्या कहता है आपका आज का राशिफल

🔊 Listen This News मेष:-कल्पनाओं में जीना छोड़