• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

कोरोना काल में कम हुए हैं हार्ट अटैक के मामले, आंकड़ों ने चौंकाया

Desk by Desk
14/08/2020
in Main Slider, फैशन/शैली, राष्ट्रीय, स्वास्थ्य
0
heart attack

हार्ट अटैक

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लाइफस्टाइल डेस्क। कोरोना महामारी की शुरुआत से ही यह बात बताई जा रही है कि दिल के मरीजों को कोरोना संक्रमण होने पर ज्यादा खतरा रहता है। दूसरी ओर एक राहत भरी बात यह सामने आई है कि इस कोरोना काल में हार्ट अटैक के मामले 30 फीसदी कम हुए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि कोरोना काल में न केवल भारत में हर्ट अटैक के मामले कम हुए, बल्कि विदेशों में भी यही स्थिति सामने आई है। डॉक्टर और विशेषज्ञों का कहना है कि इसके पीछे कोरोना वायरस और लॉकडाउन के कारण हमारी जीवनशैली में आए सुधार बड़ी वजह हैं। विशेषज्ञों की सलाह है कि फिलहाल हर्ट अटैक के जो ज्ञात जोखिम कारक हैं, उनसे बचने की जरूरत है।

‘एशिया पेसेफिक वैस्कुलर इंटरवेंशन सोसाइटी’ के संयोजन में पिछले दिनों हुए हुए एक वेबिनार में दुनियाभर के 10 हजार हृदय रोग विशेषज्ञों ने कोरोना काल और उससे पूर्व समय में होने वाले हार्ट अटैक के तुलनात्मक अध्ययन पर चर्चा की। विशेषज्ञों के मुताबिक, एक लाख में से 433 युवाओं को हार्ट अटैक से मौत होने का खतरा है। 45 से 50 फीसदी मामलों में बिना लक्षण वाले हार्ट अटैक आते हैं। हार्ट अटैक को लेकर ऐसे ही कई और चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं।

चिकित्सा क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार विजेता अमेरिका के प्रो. फरीद मुराद, अपोलो ग्रुप के सलाहकार और हृदयरोग विभागाध्यक्ष प्रो. एनएन खन्ना समेत कई विशेषज्ञों ने इस बात पर सहमति जताई कि हार्ट अटैक के मरीज या तो बहुत कम हो गए हैं या फिर अस्पतालों में कम पहुंच रहे हैं। दरअसल, हार्ट अटैक के लिए ट्रिगर माने जाने वाले कई रिस्क फैक्टर मतलब जोखिम कारक, जैसे कि बाहर का खानपान, प्रदूषण जैसी चीजें कोरोना काल में नहीं के बराबर हुई हैं। इस वजह से जो लोग पहले से ही हर्ट अटैक के रिस्क फैक्टर में थे, उन्हें राहत मिली।

विशेषज्ञों के मुताबिक, लॉकडाउन हार्ट अटैक रोगियों के लिए फायदेमंद साबित हुआ। अब विस्तार से इस बात का पता लगाने की कोशिश हो रही है कि वे कौन से जोखिम कारक हैं जो कोरोना काल में कम हुए हैं और जिसका सीधा असर साइलेंट यानी बिना लक्षणों वाले हर्ट अटैक पर हुआ है। ‘एशिया पेसेफिक वैस्कुलर इंटरवेंशन सोसाइटी’ की ओर से इसके अध्ययन के लिए टीम का गठन किया गया है।

कैसे आता है हार्ट अटैक?

दिल में ब्लड की आपूर्ति न होने पर दिल की मांसपेशियों का खराब होना, हृदय की धमनियों और नसों में खून के थक्के जमने से हार्ट अटैक आ सकता है। सही समय पर कदम उठाने से हार्ट अटैक का इलाज संभव है, लेकिन कई बार समय रहते पीड़ित को अस्पताल न पहुंचाया जाए तो उसकी मौत भी हो सकती है।

हार्ट अटैक में ऐसे लक्षण दिखते हैं:

  • अचानक छाती में बाईं ओर दर्द, सांस की तकलीफ
  • अपच, कमजोरी, बेचैनी, खांसी के दौरे आदि
  • घबराहट, मिचली, तनाव, थकान, मन अशांत, चक्कर आना

दिल का दौरा पड़ने पर सीने में अक्सर तेज दर्द उठता है, लेकिन कुछ लोगों को हल्का दर्द भी होता है। कई बार महिलाओं, बुजुर्गों और डायबिटीज के मरीजों को इस दर्द का एहसास नहीं होता।

हार्ट अटैक के जोखिम कारक(Risk Factor):

  • पहले से हृदय रोग हो, तंबाकू या धूम्रपान का सेवन
  • गुर्दे की पुरानी बीमारी, गलत खानपान, प्रदूषण
  • अत्यधिक शराब पीना, कोकीन और मेथमपेटामाइन ड्रग्स
  • डायबिटीज यानी मधुमेह, उच्च रक्तचाप, मोटापा

कोरोना काल में किन कारणों से कम हुए हार्ट अटैक के मामले

  • कल-कारखाने बंद रहने और वाहनों के कम चलने से वायु और ध्वनि प्रदूषण कम हो गया।
  • लॉकडाउन के दौरान लोगों ने भरपूर नींद ली, शरीर को अधिक आराम मिला।
  • कोरोना के भय से धूम्रपान पर नियंत्रण, सिगरेट-शराब की डोज कम हुई।
  • रोजमर्रा की आपाधापी से दूर रहे लोग, घर में तनाव भी कम रहा।
  • बाहर के खानपान पर रोक, घरेलू शुद्ध और संतुलित भोजन खाने लगे लोग।
Tags: Coronavirus Lockdowncoronavirus lockdown Indiacoronavirus risk factorsdirector of cardiologyemergency reports shockingHeart attack during corona periodheart disease expertsstatistics of heart attack patientsUnlock 1-0Unlock 2.0world also had fewer heart attacksइमरजेंसी की रिपोर्ट चौंकाने वालीकार्डियोलॉजी अर्थकार्डियोलॉजी क्या हैकोरोना काल में हार्टअटैकहार्ट अटैक रोगियों के आंकड़ोंहार्ट रोग विशेषज्ञों
Previous Post

अजीबोगरीब कपड़ों को लेकर ट्रोल हो चुकी हैं प्रियंका चोपड़ा

Next Post

जानें कोरोना काल में इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए क्या करें, क्या न करें

Desk

Desk

Related Posts

CM Dhami
Main Slider

हल्द्वानी में व्यापारियों से बोले CM धामी- “आप व्यापार बढ़ाइए, सरकार आपके साथ खड़ी है”

29/08/2026
CM Yogi conducted an aerial inspection of flood-affected villages in Ballia.
Main Slider

50-50 किलो राहत सामग्री दे रही सरकार, 500 ग्राम राहत नहीं पहुंचा पाती थी सपा: मुख्यमंत्री योगी

29/08/2026
CM Dhami laid the foundation stone of Uttarakhand's first sports university.
Main Slider

उत्तराखंड के पहले क्रीड़ा विश्वविद्यालय का मुख्यमंत्री धामी ने किया शिलान्यास

29/08/2026
CM Dhami
Main Slider

उत्तराखंड को ‘खेलभूमि’ बनाने की दिशा में काम कर रही सरकार: मुख्यमंत्री धामी

29/08/2026
CM Yogi
Main Slider

सबकी समस्या का समाधान सरकार की प्रतिबद्धता: मुख्यमंत्री

29/08/2026
Next Post
healthy diet

जानें कोरोना काल में इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए क्या करें, क्या न करें

यह भी पढ़ें

CM Dhami

उत्तराखंड में सौर ऊर्जा क्रांति की रफ्तार तेज, धामी ने जारी की ‘सौर जागरूकता स्मारिका’

28/05/2026
salman

सलमान की फिल्म ‘कभी ईद कभी दिवाली’ से आउट हुए जीजा आयुष शर्मा, ये एक्टर ले सकते हैं जगह

22/05/2022
MLA's gunner

विधायक के गनर को घायल कर अराजक तत्वों ने छिनी कार्बाइन

26/10/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version