• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

इनकी मदद से हटाए पौधों में लगे कीड़े

Writer D by Writer D
10/09/2025
in Main Slider, फैशन/शैली
0
Termites

Termites

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

जिस तरह हमने अपने ऐशो-आराम के लिए धरती और प्रकृति के साथ खिलवाड़ किया है, उसकी भरपाई करना इतना तो आसान नहीं है, मगर हम अपने घरों में और आस-पास थोड़े पेड़-पौधे लगाकर एक छोटी-सी कोशिश तो कर ही सकते हैं।

बहुत लोगों को गार्डनिंग का शौक होता है। अगर आप भी हैं एक प्लांट पेरेंट यानि कि पेड़-पौधों और गार्डनिंग के शौकीन हैं तो ये टिप्स और हैक्स आपके बहुत काम आएंगे और यकीन मानिए आपका गार्डन भी हमेशा हरा-भरा और महका-महका रहेगा।

दालचीनी पाउडर

छोटे या नए उग रहे पौधों पर दालचीनी पाउडर छिड़कें इससे वो बीमारी और कीड़ों से बचे रहेंगे। दालचीनी में कई तरह की एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल प्रॉपर्टीज़ होती हैं जो छोटे और नए पौधों को बीमारियों से बचाते हैं। इसके अलावा इसे डालने से मिट्टी से अक्सर आने वाली अजीब तरह की महक भी दूर रहेगी।

अंडे के छिलके का चूरा

अगर आपके पौधों की मिट्टी में अक्सर घोंघे या दूसरे रेंगने वाले कीड़े हो जाते हैं तो अपने गमलों में अंडे के छिलके का चूरा डालें। छिलकों को अच्छा से धोकर इनका दरदरा चूरा बना लें और मिट्टी में मिलाएं, इससे रेंगने वाले कीड़े दूर रहते हैं।

विनेगर

अगर आपके गार्डन में या पौधों के गमलों में अक्सर जंगली पौधे या घास उग आती है जिनसे आपके पौधों की ग्रोथ में रुकावट आती है तो विनेगर का इस्तेमाल करें। एक लीटर पानी में आधा कप विनेगर मिलाएं और इन जंगली पौधों पर छिड़कें, कुछ ही दिनों में से सूख जाएंगे। ध्यान रखें कि विनेगर को मिट्टी में ना डालें, इससे दूसरे पौधों की जड़ों को नुकसान हो सकता है।

चाय पत्ती

सब्जी-फल के छिलकों, इस्तेमाल की हुई चाय पत्ती और अंडे के छिलकों को फेंके नहीं बल्कि इन्हें अच्छे से धोकर एक बड़े ड्रम, बाल्टी या गड्ढे में मिट्टी के साथ मिलाकर रख दें। कुछ समय में इससे बहुत ही बेहतरीन केमिकल-फ्री खाद तैयार हो जाएगी, जो पौधों के लिए बहुत लाभदायक होगी।

शहद

अगर आप किसी पौधे की शाखा काटकर दूसरा पौधा लगाने जा रहे हैं (बहुत से पौधे जड़ की जगह शाखाओं की मदद से भी उगाए जा सकते हैं) तो इस डंडी को मिट्टी में लगाने से पहले थोड़े से शहद में डुबो लें। ऐसा करने से जड़ों को डेवलप होने में मदद मिलती है।

Tags: household tipsplantstaking care of plantstips to remove insects from plantsपौधों में कीड़े लगनेपौधों में लगें कीड़े हटाने  के लिए अपनाएँ ये टिप्सहाउसहोल्ड टिप्स
Previous Post

फौलादी शरीर पाने के लिए इनका करें सेवन 

Next Post

जोड़ों में दर्द को न करें इग्नोर, इस बीमारी का हो सकता है संकेत

Writer D

Writer D

Related Posts

air india
Main Slider

इज़राइल में एयरस्पेस बंद, तेल अविव जा रही एयर इंडिया की फ्लाइट दिल्ली लौटी

28/02/2026
School Holidays
Main Slider

मार्च में स्कूल कॉलेज इतने दिन रहेंगे बंद, देखें छुट्टियों की लिस्ट

28/02/2026
Iran shaken by Israeli attacks
Main Slider

रमज़ान में इजराइल के हमलों से दहला ईरान, तेहरान के कई जगहों बमबारी

28/02/2026
Raw Banana Paratha
Main Slider

आलू का पराठा बनाने में होती है परेशानी, तो अपनाएं ये टिप्स

28/02/2026
chicken korma
खाना-खजाना

इफ्तारी में बनाएं चिकन कोरमा, नोट करें रेसिपी

28/02/2026
Next Post
joint pain signs

जोड़ों में दर्द को न करें इग्नोर, इस बीमारी का हो सकता है संकेत

यह भी पढ़ें

stf

50 हजार का इनामी शार्पशूटर यूपीएसटीएफ ने किया गिरफ्तार

17/09/2023
AK Sharma

भारत सरकार के स्वच्छ सर्वेक्षण पुरस्कार 2024-25 में दिखी नए भारत के नए उप्र की झलक

17/07/2025
शुभेंदु अधिकारी Shubhendu Adhikari

तृणमूल के प्रदेश महासचिव शुभेंदु अधिकारी ने पार्टी से इस्तीफा

17/12/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version