• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

देश में सप्लाई बनाए रखना सरकार की पहली प्राथमिकता… राज्य सभा में बोले पीएम मोदी

Writer D by Writer D
24/03/2026
in Main Slider, नई दिल्ली, राजनीति, राष्ट्रीय
0
PM Modi

PM Modi

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) ने मंगलवार को राज्यसभा में कहा कि पश्चिम एशिया में जारी सैन्य संघर्ष के बीच मौजूदा वैश्विक ऊर्जा संकट से निपटने के लिए भारत हर संभव स्रोत से कच्चा तेल और गैस जुटाने में लगा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का मुख्य फोकस देश में ऊर्जा आपूर्ति बनाए रखने के साथ-साथ कूटनीति के जरिए क्षेत्र में शांति बहाल करना है, क्योंकि लंबे समय तक जारी यह संकट गंभीर वैश्विक और आर्थिक दुष्परिणाम ला सकता है।

प्रधानमंत्री (PM Modi) ने कहा कि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष को तीन सप्ताह से अधिक समय हो चुका है और इसका असर पूरी दुनिया पर पड़ा है। भारत के लिए भी यह स्थिति चिंताजनक है, क्योंकि इससे पेट्रोल, डीजल, गैस और उर्वरकों जैसी आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इसके साथ ही वैश्विक व्यापार मार्गों पर भी दबाव बढ़ा है, विशेषकर होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों के फंसने से स्थिति और जटिल हो गई है।

उन्होंने (PM Modi) कहा कि खाड़ी देशों में करीब एक करोड़ भारतीय रह रहे हैं, जिनकी सुरक्षा और आजीविका सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। युद्ध शुरू होने के बाद से अब तक 3.75 लाख से अधिक भारतीयों को सुरक्षित वापस लाया जा चुका है। ईरान से भी 1,000 से अधिक भारतीयों की वापसी हुई है, जिनमें बड़ी संख्या में छात्र हैं। हालांकि, कुछ भारतीयों की मृत्यु और घायल होने की घटनाएं भी सामने आई हैं, जिनके परिवारों को हर संभव सहायता दी जा रही है।

प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि भारत का स्पष्ट रुख है कि इस संकट का समाधान केवल संवाद और कूटनीति से ही संभव है। प्रधानमंत्री ने बताया कि उन्होंने पश्चिम एशिया के कई देशों के राष्ट्राध्यक्षों से दो दौर की बातचीत की है। इसके अलावा भारत ईरान, इजराइल, अमेरिका और अन्य खाड़ी देशों के साथ लगातार संपर्क में बना हुआ है। भारत ने कमर्शियल जहाजों पर हमले और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों में बाधा को अस्वीकार्य बताया है।

उन्होंने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है कि तेल, गैस और उर्वरकों से जुड़े जहाज सुरक्षित भारत पहुंचें। हाल के दिनों में कई देशों से कच्चे तेल और एलपीजी से भरे जहाज भारत पहुंचे हैं और यह प्रयास आगे भी जारी रहेगा।

ऊर्जा सुरक्षा को लेकर प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले एक दशक में भारत ने इस दिशा में बड़े कदम उठाए हैं। पहले जहां भारत 27 देशों से ऊर्जा आयात करता था, अब यह संख्या बढ़कर 41 हो गई है। इसके अलावा 53 लाख मीट्रिक टन से अधिक के रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार विकसित किए गए हैं और इसे आगे बढ़ाने की दिशा में भी काम चल रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि देश में कच्चे तेल के पर्याप्त भंडार और सप्लाई की मजबूत व्यवस्था मौजूद है।

मोदी (PM Modi) ने कहा कि सरकार ईंधन के किसी एक स्रोत पर निर्भरता कम करने के लिए काम कर रही है। एलपीजी के साथ-साथ पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) को बढ़ावा दिया जा रहा है और घरेलू उत्पादन बढ़ाने पर भी जोर है।

आत्मनिर्भरता पर बल देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत को हर क्षेत्र में विदेशी निर्भरता कम करनी होगी। वर्तमान में देश का 90 प्रतिशत से अधिक व्यापार विदेशी जहाजों पर निर्भर है, जो संकट के समय जोखिम बढ़ाता है। इसे ध्यान में रखते हुए सरकार ने ‘मेक इन इंडिया’ के तहत लगभग 70 हजार करोड़ रुपये की लागत से स्वदेशी जहाज निर्माण अभियान शुरू किया है।

प्रधानमंत्री ने बताया कि सरकार ने संकट के प्रभावों से निपटने के लिए एक अंतर-मंत्रालयी समूह का गठन किया है, जो आयात-निर्यात, सप्लाई चेन और महंगाई जैसे मुद्दों की निगरानी कर रहा है। इसके अलावा सात नए ‘एम्पावर्ड ग्रुप्स’ भी बनाए गए हैं, जो पेट्रोल-डीजल, गैस, उर्वरक और अन्य आवश्यक क्षेत्रों में त्वरित निर्णय लेने का काम करेंगे।

कृषि क्षेत्र का उल्लेख करते हुए मोदी ने कहा कि आगामी बुवाई सीजन के लिए उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने किसानों को आश्वस्त किया कि सरकार हर परिस्थिति में उनके साथ खड़ी है और उन पर किसी भी संकट का बोझ नहीं पड़ने दिया जाएगा।

प्रधानमंत्री ने राज्यों से भी सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि संकट के समय गरीबों, श्रमिकों और प्रवासी कामगारों पर सबसे अधिक असर पड़ता है, इसलिए उनके हितों की रक्षा करना आवश्यक है। उन्होंने राज्यों को कालाबाजारी और जमाखोरी पर सख्ती से रोक लगाने के निर्देश दिए।

अपने संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने कहा कि यह संकट लंबा चल सकता है और इसके दुष्प्रभाव भी लंबे समय तक रह सकते हैं। हालांकि, उन्होंने भरोसा जताया कि मजबूत आर्थिक आधार, केंद्र और राज्यों के समन्वय और समय पर उठाए गए कदमों से भारत इस चुनौती का सफलतापूर्वक सामना करेगा।

Tags: pm modi
Previous Post

निवेशकों का भरोसा ही हमारी सबसे बड़ी पूंजी: केशव प्रसाद मौर्य

Writer D

Writer D

Related Posts

Keshav Prasad Maurya
उत्तर प्रदेश

निवेशकों का भरोसा ही हमारी सबसे बड़ी पूंजी: केशव प्रसाद मौर्य

24/03/2026
CM Dhami
Main Slider

मुख्यमंत्री ने सामूहिक कन्या पूजन कार्यक्रम में किया प्रतिभाग

24/03/2026
Naxalite commander Paparao
Main Slider

नक्सली कमांडर पापाराव अपने साथियों के साथ करेगा आत्मसमर्पण

24/03/2026
Rajasthan Board 10th Result
Main Slider

राजस्थान बोर्ड 10वीं का रिजल्ट जारी, बेटियों ने फिर मारी बाजी

24/03/2026
CM Yogi
Main Slider

निवेश मित्र-3 का शुभारंभ, मुख्यमंत्री याेगी ने यूपी में काम कर रहीं कंपनियों को 2781 करोड़ की सब्सिडी हस्तांतरित की

24/03/2026

यह भी पढ़ें

दिग्गज खिलाड़ी का निधन indian premier league 2020

बीसीसीआई IPL के नए प्रायोजक का आज कर सकती है ऐलान, टाटा दौड़ में सबसे आगे

18/08/2020
Suicide

युवक ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, परिवार में मचा कोहराम

06/07/2021
cm yogi

यूपी के सबसे बड़े मॉल लुलु का आज से आगाज, सीएम योगी करेंगे उद्घाटन

10/07/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version