Site icon 24 GhanteOnline | News in Hindi | Latest हिंदी न्यूज़

AI बनेगा स्मार्टफोन का असली हीरो, महंगे हार्डवेयर पर खूब खर्च कर रहीं कंपनियां

2026 में AI बनेगा स्मार्टफोन का असली हीरो, महंगे हार्डवेयर पर खूब खर्च कर रहीं कंपनियां

पिछले कुछ महीनों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) ने काफी सुर्खियां बटोरी हैं. लेकिन अब हर जरूरी डिवाइस में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जगह लेता जा रहा है. स्मार्टफोन में भी एआई (AI) तेजी से जगह बना रहा है. अब तक केवल महंगे स्मार्टफोन में ही एआई का इंटीग्रेशन देखने मिल रहा था वहीं अब 2026 में आपको सस्ते और बजट फोन में भी पहले से ज्यादा एआई इंटीग्रेशन देखने मिलेगा. इसके लिए कंपनियां महंगे हार्डवेयर पर काफी खर्च भी कर रही हैं.

साल 2026 में स्मार्टफोन इंडस्ट्री का पूरा फोकस आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर शिफ्ट होने जा रहा है. बढ़ती हार्डवेयर लागत और लगभग एक जैसे फीचर्स के बीच कंपनियां अब AI को सबसे बड़ा सेलिंग प्वाइंट (selling point) बनाने की तैयारी में हैं. नए फ्लैगशिप चिप्स ऑन-डिवाइस जनरेटिव एआई को सपोर्ट करेंगे, जिससे बिना इंटरनेट भी स्मार्ट फीचर्स काम करेंगे. भारत जैसे मार्केट में AI फोन की मांग तेजी से बढ़ रही है, लेकिन प्राइवेसी को लेकर उपभोक्ताओं की चिंता भी बनी हुई है.

2026 में स्मार्टफोन क्यों बनेंगे ज्यादा AI-सेंट्रिक

स्मार्टफोन कंपनियां 2026 में AI पर इसलिए ज्यादा जोर दे रही हैं क्योंकि हार्डवेयर इनोवेशन की रफ्तार धीमी हो गई है. नए फ्लैगशिप प्रोसेसर ऑन-डिवाइस जनरेटिव एआई के लिए ऑप्टिमाइज किए जा रहे हैं, जिससे फोन खुद ही टेक्स्ट समराइज कर सके, इमेज बना सके और ऑफलाइन असिस्टेंट की तरह काम कर सके. इसका मकसद सॉफ्टवेयर के जरिए अलग पहचान बनाना है. एक्सपर्ट के मुताबिक आने वाले सालों में AI ही वह फीचर होगा जो एक फोन को दूसरे से अलग बनाएगा.

भारत में AI स्मार्टफोन की तेजी से बढ़ती मांग

भारत में एआई-कैपेबल स्मार्टफोन की शिपमेंट Q3 2025 में साल-दर-साल दोगुनी से ज्यादा हो गई. रिसर्च फर्म Omdia के अनुसार 2025 में भारत की कुल स्मार्टफोन शिपमेंट का करीब 12% AI-capable फोन का होगा. यह ग्रोथ 2026 में भी इसी रफ्तार से बढ़ने की उम्मीद है. खास बात यह है कि पुराने स्मार्टफोन यूजर्स को भी सॉफ्टवेयर अपडेट के जरिए सीमित AI फीचर्स मिल रहे हैं, जिससे AI को लेकर जागरूकता तेजी से बढ़ी है.

कीमतें घट रहीं, लेकिन AI फोन अब भी प्रीमियम सेगमेंट में

Omdia के मुताबिक मिड-टीयर एआई चिप्स आने से AI स्मार्टफोन की औसत कीमतों में गिरावट आई है. AI फोन का एवरेज सेलिंग प्राइज Q1 2024 में 1141 डॉलर से घटकर Q3 2025 में 967 डॉलर रह गया. इसके बावजूद AI-capable फोन अभी भी महंगे सेगमेंट तक सीमित हैं. मार्केट एक्सपर्ट का मानना है कि मेमोरी की बढ़ती कीमतों के कारण 2026 में स्मार्टफोन की औसत कीमत 6 से 8% तक बढ़ सकती है. कंपनियां AI-heavy फीचर्स को मिड-प्रीमियम और फ्लैगशिप मॉडल तक सीमित रखेंगी.

Samsung की रणनीति और यूजर्स की प्राइवेसी चिंता

सैमसंग, जो AI फोन लॉन्च करने वाली शुरुआती कंपनियों में शामिल है, 2026 में AI सर्विसेज की affordability और प्राइवेसी पर जोर देगा. सैमसंग दक्षिण पश्चिम क्षेत्र के CEO JB Park के मुताबिक AI के कारण पर्सनल डेटा के लीक होने का खतरा बढ़ता है, इसलिए कंपनी की पहली प्राथमिकता यूजर प्राइवेसी है. वहीं, Omdia के सर्वे में 63% लोगों ने कहा कि अगला फोन खरीदते समय AI फीचर्स उनके लिए बेहद जरूरी हैं. हालांकि Counterpoint Research का कहना है कि अभी AI को लेकर उपभोक्ताओं में कोई मजबूत pull नहीं है और कई यूजर्स AI पर जरूरत से ज्यादा निर्भर होने को लेकर भी चिंतित हैं.

Exit mobile version