जन्मदिवस विशेष: बचपन में इस घटना ने बना दिया था अखिलेश को सबका हीरो

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लखनऊ। सपा के नेता और समर्थक रविवार को अपने अध्यक्ष अखिलेश यादव का 45 वां जन्मदिवस मना रहे हैं वो अलग है कि अखिलेश वर्तमान समय में देश में नहीं हैं। वे अपने परिवार के साथ लन्दन में छुट्टियां मना रहे हैं। वहीं सोशल मीडिया पर अखिलेश के प्रसंशकों से ढेरों बधाइयाँ मिल रही हैं। जिस तरह अखिलेश आज युवाओं के चहिते नेताओं में से एक हैं। उसी तरह उनके जीवन की कुछ घटनाएं ऐसी हैं जिसने सबके दिल को जीत लिया। हम आपको अखिलेश के जन्मदिवस के मौके पर उनसे जुड़ी कुछ बातें बतायेंगे।

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जन्मदिवस विशेष: राजनेता नहीं फौजी बनना चाहते थे अखिलेश

यूपी की वर्तमान राजनीति में भले ही अखिलेश यादव एक बड़े चेहरे हों। लेकिन अगर वे राजनीतिक परिवार से ताल्लुक न रखते, तो शायद फैज में होते। ये बातें ‘अखिलेश यादव- बदलाव की लहर’ किताब में लिखा है, जिसे लेखिका सुनीता एरन ने लिखा है। बचपन में टीपू नाम से चर्चित आज अखिलेश सियासी गलियारों में जाना माना नाम हैं।

जन्मदिवस विशेष: बचपन में टीपू बन गया था सबका हीरो

यूपी के युवाओं की बात की जाए तो अखिलेश सबसे चहिते राजनेता हैं। इस बात का अंदाजा 2012 के विधानसभा चुनाव में सपा सरकार की भारी बहुमत से जीत से लगाया जा सकता था। अखिलेश के करीबी बताते हैं कि वे बचपन में शरारती और जिद्दी लेकिन बहादुर इंसान थे। ये बात इस वाक्ये से ही साबित हो जाती है। जब एक बार स्कूल में सांप के आ जाने से सभी बच्चे डर गए थे लेकिन टीपू ने बहादुरी और हिम्मत से काम लेकर सांप को डंडे से मार दिया। इसके बाद वे सभी बच्चों के हीरो बन गए।

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चाचा शिवपाल से रहा है अखिलेश का अनोखा रिश्ता

वर्तमान समय में भले ही अखिलेश और शिवपाल के बीच रिश्ते पहले जैसे न हो। लेकिन स्कूल के दिनों में अखिलेश के अभिभावक चाचा शिवपाल सिंह यादव थे। जब मुलायम अपनी राजनीति में व्यस्त थे। उस समय स्कूल से जुड़ी सारी औपचारिक्ताएं भी चाचा शिवपाल ही पूरी करते थे। एक दौर ऐसा भी था कि जब मुलायम सिंह यादव की जान को खतरा होने की वजह से अखिलेश का स्कूल जाना बंद हो गया था।

उस समय अखिलेश घर पर ही पढ़ा करते थे उन्हें उनकी चाची सरला घर पर ट्यूशन देती थीं। वो अलग बात है कि बचपन से किशोरावस्था में आने के बाद सियासी गलियारों में कदम रखते ही अखिलेश ने अपने चाचा का ध्यान रखना बंद कर दिया और राजनीतिक कारणों के चलते उनसे दूरी बना ली।

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पॉप म्यूजिक और फिल्मों का अखिलेश रहे हैं शौक़ीन

स्कूली पढ़ाई पूरी करने के बाद अखिलेश यादव ने सिडनी यूनिवर्सिटी से एनवायरमेंट इंजीनियरिंग में डिर्गी ली। यहां पढ़ाई के दौरान ही उन्हें पॉप म्यूजिक, किताबों और फिल्मों का चस्का लगा। लेकिन राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखने वाले अखिलेश को आखिर पिता के आदेश के सामने झुकना पड़ा, जब मुलायम ने उन्हें यूपी वापस आकर चुनाव लड़ने के लिए कहा।

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