भारत-US ट्रेड डीलभारत और अमेरिका ने ट्रेड डील के फ्रेमवर्क को फाइनल कर दिया है। जिसको लेकर मोदी सरकार का दावा है कि यह फ्रेमवर्क भारत के मेहनती किसानों, उद्यमियों, MSMEs, स्टार्टअप इनोवेटर्स, मछुआरों और अन्य लोगों के लिए नए अवसर खोलकर ‘मेक इन इंडिया’ को मज़बूत करता है। इस बीच, विपक्ष ने आरोप लगाया है कि सरकार ने अमेरिका के लिए 0% टैक्स पर भारत का कृषि बाज़ार खोल दिया।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने भारत-अमेरिका ने ट्रेड डील पर सवाल खड़े किए। उन्होंने एक्स पर लिखा, ” हमारे देश की जनता, भाजपा से कह रही है कि जहाँ तक हमें मालूम है ‘डील’ एक तरफ़ा नहीं होती है। जनता भाजपा से ये पूछ रही है कि ‘ज़ीरो (0) बड़ा या अठारह (18)’? क्या भाजपा की समझौता-गणित में 18=0 होता है? देश के किसानों, दुकानों, उद्योगों को बचाने के लिए, खोखले शब्दों के अलावा भाजपा के पास कोई और सुरक्षा-कवच या संरक्षण-योजना है?”
यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश (Akhilesh Yadav) ने इस डील पर सवाल खड़े करते हुए लिखा, ” भारत के हितों के आत्मसमर्पण की मजबूरी के पीछे छिपा गहरा राज़ क्या है? क्या ये ‘बनी वहाँ, पहुँची यहाँ’ जैसा कोई एक पक्षीय मामला है? क्या डील के नाम पर भाजपा सरकार ‘डॉटेड लाइन’ पर केवल हस्ताक्षर करने के लिए बाध्य है?”
