• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

Türkiye Boycott : तुर्किये के साथ सेब आयात पर रोक, स्वदेशी फलों की बढ़ी डिमांड

Writer D by Writer D
16/05/2025
in राष्ट्रीय, Business, नई दिल्ली
0
Apples

Apples

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

नई दिल्ली। भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव के दौरान तुर्किये द्वारा पाकिस्तान के समर्थन के बाद दिल्ली के फल बाजारों में तुर्किये सेब (Turkish Apples) का बहिष्कार जोर पकड़ रहा है। परिणामस्वरूप, व्यापारियों और उपभोक्ताओं ने तुर्किये सेब की खरीद बंद कर दी है, जिससे इन सेबों की आपूर्ति बाजारों में लगभग खत्म हो गई है। दूसरी ओर कश्मीरी अम्बरी सेब (Kashmiri Ambri Apples) की मांग में वृद्धि देखी जा रही है, क्योंकि उपभोक्ता स्वदेशी विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं।

आजादपुर मंडी, ओखला मंडी व दिल्ली की अन्य मंडियों में तुर्किये सेब का व्यापार होता है। वहां से व्यापारियों ने सेब का आयात बंद कर दिया है। इससे तुर्किये सेब (Turkish Apples) की बिक्री में गिरावट देखने को मिली है। इसका सीधा लाभ कश्मीरी व्यापारियों को मिल रहा है, जिसकी मांग करीब 25 से 30 फीसदी तक बढ़ गई है। व्यापारियों ने बताया कि व्यापारियों ने तुर्किये सेब (Turkish Apples) का बहिष्कार कर आयात भी रोक दिया है।

 कश्मीरी सेब की बढ़ती मांग ने बाजार की कीमतों को किया प्रभावित 

विक्रेता सेब की अनुपस्थिति और कश्मीरी सेब की बढ़ती मांग ने बाजार की कीमतों को प्रभावित किया है। थोक बाजार में सेब के 10 किलो के कार्टन की कीमत में 200-300 रुपये की वृद्धि हुई है, जबकि खुदरा बाजार में सेब 20-30 रुपये प्रति किलो महंगे हो गए हैं। स्थानीय निवासी प्रिया शर्मा ने कहा कि उनके पास कश्मीरी सेब जैसे बेहतरीन विकल्प हैं।

स्वदेशी फलों को प्राथमिकता दे रहे विक्रेता

आजादपुर मंडी के व्यापारी पवन छाबड़ा ने बताया कि ग्राहक अब कश्मीरी सेब, खासकर अम्बरी किस्म (Ambri Apples) की मांग कर रहे हैं। इसकी आपूर्ति बढ़ाने के लिए जम्मू-कश्मीर के बागवानों से सीधे संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि वह उस देश से सेब नहीं खरीदेंगे जो देश के दुश्मन का साथ देता है। विक्रेता सेब के बहिष्कार के बाद बाजार में विक्रेता स्वदेशी फलों को प्राथमिकता दे रहे हैं। इस सेब की कीमत 20 किलो का एक कार्टन 3600 रुपये तक आता है।

Tags: Business NewsKashmiri Appleturkish appleTürkiye Boycott
Previous Post

नगरों की सफाई व्यवस्था को बनाए रहने में नागरिक दे अपना सहयोग: एके शर्मा

Next Post

आज 50 साल का हुआ सिक्किम, जानें कैसे हुआ भारत में विलय

Writer D

Writer D

Related Posts

CM Dhami
राजनीति

धामी : कानून व्यवस्था, आपदा प्रबंधन और ट्रैफिक पर रखें खास फोकस

04/04/2026
CM Dhami met Union Minister Manohar Lal Khattar
Main Slider

कुंभ-2027 की तैयारी तेज: धामी ने केंद्र से मांगे ₹325 करोड़, RRTS-मेट्रो विस्तार का प्रस्ताव

04/04/2026
राजनीति

मुख्यमंत्री धामी ने किया दून बुक फेस्टिवल-2026 का शुभारंभ

04/04/2026
क्राइम

कार कुएं में गिरी, एक ही परिवार के 6 बच्चों समेत नौ की मौत

04/04/2026
Anand Bardhan
राजनीति

शासन-प्रशासन एवं प्रेस का एक ही उद्देश्य है कि समाज के प्रत्येक नागरिक का जीवन खुशहाल बनाना है – मुख्य सचिव

02/04/2026
Next Post
Sikkim

आज 50 साल का हुआ सिक्किम, जानें कैसे हुआ भारत में विलय

यह भी पढ़ें

Earthquake

भूकंप के झटकों से एक बार फिर हिला असम, जानमाल का नुकसान नहीं

03/05/2021

मामूली विवाद में मां-बाप को पीट-पीटकर उतारा मौत के घाट, कलयुगी बेटा फरार

03/02/2021

ग्राम प्रधान लाउडस्पीकर से कोविड वैक्सिनेशन हेतु कर रहे जागरूक

10/06/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version