• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

समंदर से सावधान! अरब सागर में आ रहा है तूफान मचाएगा तबाही

Writer D by Writer D
16/10/2023
in राष्ट्रीय, महाराष्ट्र
0
Cyclone

Cyclone

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

मुंबई। अरब सागर में सोमवार रात एक कम दबाव का क्षेत्र बन सकता है, जो अंततः मानसून के बाद के पहले चक्रवात (Cyclone) में तब्दील हो सकता है। मौसम मॉडल (Weather Models) ने कहा कि अरब सागर (Arabian Sea)  के दक्षिणपूर्वी हिस्सों पर चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) की स्थिति बन रही है। हालांकि किसी भी ठोस अनुमान के लिए यह बहुत जल्दी है।

स्काईमेटवेदर  (Skymetweather) ने कहा कि भूमध्यरेखीय क्षेत्र (Equatorial Region) के बगल में अरब सागर (Arabian Sea)  के दक्षिणपूर्वी हिस्सों में स्थितियां बन रही हैं, जहां सकारात्मक आईओडी (IOD) और मामूली रूप से अनुकूल एमजेओ के कारण गर्म हिंद महासागर (warm Indian Ocean) में एक साथ मिलकर शीघ्र ही एक चक्रवाती विक्षोभ (Cyclonic Disturbance) पैदा कर सकता है।

स्काईमेटवेदर (Skymetweather)  की प्रकाशित रिपोर्ट में कहा है कि अगले 72 घंटों में समुद्र के चरम दक्षिण-मध्य भागों में स्थानांतरित हो सकता है और निम्न दबाव क्षेत्र के रूप में आकार ले सकता है। हालांकि बेहद निम्न अक्षांश और प्रतिकूल पर्यावरणीय स्थितियां चक्रवाती हवाओं में किसी भी तेजी से वृद्धि का संकेत नहीं देती हैं।

‘हम दिल की धड़कन नहीं रोक सकते’, सुप्रीम कोर्ट ने नहीं दी 26 हफ्ते के गर्भ को गिराने की इजाजत

आईओडी या हिंद महासागर द्विध्रुव दो क्षेत्रों (या ध्रुवों, इसलिए एक द्विध्रुव) के बीच समुद्र की सतह के तापमान में अंतर को संदर्भित करता है।

वहीं एमजेओ या मैडेन-जूलियन ऑसिलेशन को भूमध्य रेखा के पास बादल और वर्षा के पूर्व की ओर बढ़ने वाले ‘पल्स’ के रूप में जाना जाता है, जो आम तौर पर हर 30 से 60 दिनों में दोहराया जाता है। प्रारंभिक पूर्वानुमानों के अनुसार अगर चक्रवात बनता है तो उसका नाम ‘तेज’ रखा जाएगा।

Tags: arabian seaCycloneMaharashtra NewsNational news
Previous Post

‘हम दिल की धड़कन नहीं रोक सकते’, सुप्रीम कोर्ट ने नहीं दी 26 हफ्ते के गर्भ को गिराने की इजाजत

Next Post

उपभोक्ताओं की समस्याओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने में रूचि लें: एके शर्मा

Writer D

Writer D

Related Posts

Operation Prahar
राजनीति

‘ऑपरेशन प्रहार’ में उत्तराखंड पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 1400 से अधिक अपराधी गिरफ्तार

14/05/2026
CM Dhami
राजनीति

नियुक्ति पत्र नहीं, यह जनसेवा का संकल्प पत्र है: सीएम धामी

14/05/2026
CM Dhami
राजनीति

मुख्यमंत्री धामी ने ‘एक संकल्प : सभी के बेहतर स्वास्थ्य के लिए’ पत्रिका का किया विमोचन

14/05/2026
CM Dhami
Main Slider

नियुक्ति पत्र नहीं, यह है जनसेवा का संकल्प पत्र: पुष्कर सिंह धामी

14/05/2026
SIR
Main Slider

दिल्ली, पंजाब और महाराष्ट्र समेत 16 राज्यों में SIR की तारीखों का ऐलान, चुनाव आयोग ने कसी कमर

14/05/2026
Next Post
ak sharma

उपभोक्ताओं की समस्याओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने में रूचि लें: एके शर्मा

यह भी पढ़ें

Hindu temple vandalized

तोड़े गए मंदिर की मरम्मत के बाद हिंदुओं को सौंपा, जल्द शुरू होगा पूजापाठ

10/08/2021
water tank

ग्रेटर नोएडा में पानी की टंकी की दीवार गिरने से एक मजदूर की मौत, पांच घायल

27/12/2020
टीम इंडिया दुनिया की नंबर वन टेस्ट टीम

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच ब्रिस्बेन में होगा चौथा टेस्ट मैच

11/01/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version