Site icon 24 GhanteOnline | News in Hindi | Latest हिंदी न्यूज़

स्व गिरिजा शंकर जोशी का असमय जाना हम सभी के लिए बड़ी क्षति : धामी

हल्द्वानी। जिला सूचना अधिकारी स्वर्गीय गिरिजा शंकर जोशी के निधन पर मीडिया सेंटर हल्द्वानी में आयोजित शोक सभा को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दूरभाष के माध्यम से संबोधित किया। मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय जोशी के निधन पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की तथा शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा।ऐसा कभी सोचा भी नहीं था कि इस तरह श्रद्धांजलि देनी पड़ेगी गिरिजा शंकर जोशी हर समय खड़े रहने वाले और निरंतर काम करने वाले व्यक्ति थे। उनका इस तरह असमय चले जाना बेहद दुःखद है। मैं व्यक्तिगत रूप से बहुत आहत हूं। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय जोशी का जाना हम सभी के लिए बहुत बड़ी क्षति है। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय जोशी भले ही इस संसार से चले गए हैं, लेकिन स्वर्गीय जोशी ने अपने कार्यों और व्यवहार से जो पहचान बनाई, वह सदैव स्मरण में रहेगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शोक संतप्त परिवार के साथ खड़ी है और भविष्य में भी परिवार को हरसंभव सहयोग दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि स्वर्गीय गिरिजा शंकर जोशी का नाम और उनके कार्य आने वाले समय में भी लोगों को याद रहें, इसके लिए सभी से चर्चा कर आवश्यक कार्य किया जाएगा।मुख्यमंत्री ने दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोक संतप्त परिवार को इस अपार दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की।श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित समस्त पत्रकारों ने दूरभाष पर जुड़े मुख्यमंत्री पुष्कर से धामी से सामूहिक रूप से प्रस्ताव रखा कि हल्द्वानी में बन रहे नवीन मीडिया सेंटर का नामकरण स्व. गिरिजा शंकर जोशी के नाम पर किया जाए।

जिस पर मुख्यमंत्री ने आश्वासन देते हुए कहा कि स्व जोशी जी व उनकी यादें, अच्छे कार्य आने वाले समय में भी स्मरणीय बनाने के लिए विचार विमर्श कर सभी की सहमति से कार्य किया जाएगा।श्रद्धांजलि सभा में जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मंजूनाथ टी.सी., दर्जा राज्य मंत्री ध्रुव रौतेला, मीडिया कोऑर्डिनेटर कमलेश भट्ट, अपर जिलाधिकारी विवेक राय, उपजिलाधिकारी रेखा कोहली, कोषाधिकारी द्वारिका प्रसाद वर्मा, सूचना अधिकारी मीडिया सेंटर अहमद नदीम सहित समस्त पत्रकारगण, सूचना विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

Exit mobile version