• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

काल भैरव अष्टमी पर ना करें ये गलतियां, हो जाएगा बड़ा अनर्थ

Writer D by Writer D
12/11/2025
in Main Slider, धर्म, फैशन/शैली
0
Kaal Bhairav jayanati

Kaal Bhairav

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

आज काल भैरव जयंती (Kaal Bhairav Jayanti) है। इसे काल भैरव अष्टमी भी कहा जाता है। हर साल काल भैरव अष्टमी मार्गशीर्ष मास की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मनाते हैं। इस विशेष दिन पर भगवान काल भैरव की पूजा होती है जोकि भगवान शिव के ही उग्र रूप हैं। मान्यता है कि काल भैरव अष्टमी (Kaal Bhairav Ashtami) वाले दिन काल भैरव भगवान की अगर विधि-विधान से पूजा की जाए तो जिंदगी से नकारात्मकता दूर भाग जाती है। साथ ही कई तरह के ग्रह दोष भी खत्म होते हैं। इसके अलावा इस दिन काल भैरव बाबा को पूजने से हर तरह का डर भी खत्म होता है।

काल भैरव (Kaal Bhairav) में से काल का मतलब होता है समय और भैरव का मतलब होता है भय या डर को दूर करने वाला। काल भैरव के आगे काल यानी समय भी नतमस्तक हो जाता है। ऐसे में काल भैरव बाबा के भक्तों को हर नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति मिल जाती है। हालांकि इनकी पूजा के समय में कुछ विशेष ध्यान देना होता है ताकि कुछ गलतियां ना हो जाए, क्योंकि इसका परिणाम गलत भी हो सकता है। नीचे जानें आखिर काल भैरव अष्टमी वाले दिन किन गलतियों को करने से बचना चाहिए?

काल भैरव अष्टमी (Kaal Bhairav Ashtami) पर ना करें ये गलतियां 

1. काल भैरव अष्टमी (Kaal Bhairav Ashtami) के दिन बड़े-बुजुर्गों की खूब सेवा करनी चाहिए। मन में उनके प्रति प्रेम लाना चाहिए। इस दिन अपने मन को शांत रखना चाहिए। पूजा करते वक्त किसी के लिए भी बुरा भाव मन में नहीं रखना चाहिए।

2. काल भैरव जयंती वाले दिन मांस और मदिरा का सेवन करने से बचना चाहिए। नॉनवेज समेत हर तरह के तामसिक भोजन से बचना चाहिए। पूजा में इन चीजों को अर्पित कर सकते हैं लेकिन इनका सेवन भूलकर भी नहीं करना चाहिए।

3. इस दिन साफ-सुथरे रहें। वैसे तो हर दिन पवित्र रहना चाहिए लेकिन इस खास दिन पर इसका विशेष ध्यान रखना चाहिए। काल भैरव जयंती पर स्नान करके मन में वासना के विचार तो बिल्कुल भी नहीं लाने चाहिए। अगर खुद के मन पर कंट्रोल कर लेंगे तो आपकी ये पूजा सफल मानी जाएगी और आपको इसके कई फायदे भी मिलेंगे।

4. आपको ये मालूम होना चाहिए कि काल भैरव बाबा का वाहन एक कुत्ता है। उन्हें जानवरों से काफी लगाव हैं। ऐसे में काल भैरव जयंती पर विशेष रूप से जानवरों के प्रति कोई गलत व्यवहार ना करें। अगर आप इस दिन इन्हें भोजन करवाएंगे तो आप पर काल भैरव बाबा की विशेष कृपा होगी।

Tags: Kaal Bhairav Jayanti
Previous Post

सुबह उठते ही करें ये काम, चेहरे को मिलेगा निखार

Next Post

उत्पन्ना एकादशी पर करें ये उपाय, भगवान विष्णु से मिलेगा सुख-समृद्धि का वरदान

Writer D

Writer D

Related Posts

bananan cup cake
खाना-खजाना

नाश्ते में बनाए ‘बनाना कप केक’, बच्चो के फेस पर आएगी मुस्कान

15/02/2026
Bedroom
Main Slider

ऐसे सजाये अपना बेडरूम, पूरे दिन की थकान होगी उड़न छू

15/02/2026
Potato Balls
खाना-खजाना

महाशिवरात्रि व्रत में बनाएं ये फलाहारी डिश, फटाफट हो जाएगी तैयार

15/02/2026
खाना-खजाना

महाशिवरात्रि पर खाएं चटपटी व्रत के आटे की टिक्की, देखें रेसिपी

15/02/2026
Mahashivratri
Main Slider

भोले बाबा को बेहद प्रिय हैं ये चीजें, महाशिवरात्रि पर लगाएं इनका भोग

15/02/2026
Next Post
Utpanna Ekadashi

उत्पन्ना एकादशी पर करें ये उपाय, भगवान विष्णु से मिलेगा सुख-समृद्धि का वरदान

यह भी पढ़ें

indian army- file photo

पाकिस्तान ने फिर की भीषण गोलीबारी, दहल उठी घाटी, एक जवान शहीद

21/11/2020
Sainik School Admission 2025 Answer Key

JEE Main सेशन 2 की प्रोविजनल आंसर-की जारी, ऐसे दर्ज कराएं आपत्ति

01/05/2024
fever

रहस्यमयी बुखार से एक ही परिवार के तीन बच्चों की मौत, मचा हड़कंप

08/11/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version