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निर्वाचन आयोग की वेबसाइट हैक कर बनाए 10 हजार से अधिक फेक वॉटर कार्ड, हैकर गिरफ्तार

Major cyber attack on CBSE re-evaluation website

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भारत के निर्वाचन आयोग की वेबसाइट हैक करने और दस हजार से अधिक फर्जी मतदाता पहचान पत्र बनाने के आरोप में उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले से एक युवक को गिरफ्तार किया गया है। यह जानकारी शुक्रवार को अधिकारियों ने दी।

इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए निर्वाचन आयोग ने कहा कि उसका डाटाबेस   पूरी तरह सुरक्षित है। सहारनपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एस. चेन्नपा ने बताया कि आरोपी विपुल सैनी ने यहां के नकुड़ इलाके में अपनी कम्प्यूटर की दुकान में कथित तौर पर हजारों की संख्या में मतदाता पहचान पत्र बनाए थे।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि सैनी आयोग की वेबसाइट में उसी पासवर्ड के जरिए लॉगइन करता था, जिसका इस्तेमाल आयोग के अधिकारी करते थे। आयोग को कुछ गड़बड़ी का अंदेशा हुआ और उसने जांच एजेंसियों को इसकी जानकारी दी। एजेंसियों की जांच के दौरान सैनी शक के दायरे में आया और उन्होंने सहारनपुर पुलिस को सैनी के बारे में जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि पूछताछ में सैनी ने बताया कि वह मध्य प्रदेश के हरदा निवासी अरमान मलिक के इशारे पर काम कर रहा था और उसने तीन माह में दस हजार से ज्यादा फर्जी मतदाता पहचान पत्र बना लिए थे। साइबर सेल और सहारनपुर अपराध शाखा के संयुक्त दल ने बृहस्पतिवार को सैनी को गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस अधीक्षक चेन्नपा ने बताया कि जांच में सैनी के बैंक खाते में 60 लाख रुपये पाए गए, जिसके बाद खाते से लेन-देन पर तत्काल रोक लगा दी गई है। उन्होंने कहा कि सैनी के खाते में इतनी रकम कहां से आई, इसकी जांच की जाएगी।

निर्वाचन आयोग के एक प्रवक्ता ने दिल्ली में कहा कि सहायक मतदाता सूची अधिकारी (एईआरओ) नागरिकों को सेवा प्रदान करते हैं और मतदाता पहचान पत्र की प्रिंटिंग और समय पर वितरण की जिम्मेदारी उनकी होती है।

प्रवक्ता ने कहा कि एईआरओ कार्यालय के एक डाटा एंट्री आॅपरेटर ने अवैध रूप से अपना आईडी एवं पासवर्ड सहारनपुर के नकुड़ में एक निजी अनधिकृत सेवा प्रदाता को दी, ताकि वह कुछ वोटर कार्ड छाप सके। दोनों व्यक्ति गिरफ्तार हो चुके हैं।  निर्वाचन आयोग का डाटाबेस पूरी तरह सुरक्षित है।

पुलिस अधिकारी के मुताबिक, पूछताछ में सैनी ने बताया कि एक पहचान पत्र के एवज में उसे 100 से 200 रूपये मिलते थे। उसके घर से पुलिस ने दो कम्प्यूटर भी जब्त किए हैं। जांच एजेन्सी उसे अदालत में पेश करके उसकी न्यायिक हिरासत का अनुरोध करेगी। उन्होंने बताया कि सैनी के पिता किसान हैं। सैनी ने सहारनपुर जिले के एक कॉलेज से बीसीए किया है।  उन्होंने बताया कि इस बात की भी जांच की जाएगी कि क्या उसके संबंध राष्ट्र विरोधी या आतंकवादी ताकतों से भी हैं।

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