कानपुर। गोविंद नगर थाने की पुलिस ने गुजैनी में हुई हत्या की वारदात के छह घंटे बाद पिता के हत्यारोपित को सोमवार दोपहर गिरफ्तार (Arrested) करने में कामयाब हो गयी। गिरफ्तारी के बाद युवक ने पुलिस से कहा मैंने पिता की हत्या कर पाप किया है। मुझे कड़ी से कड़ी सजा दीजिए।
कानुपर के गोविन्द नगर थाना क्षेत्र के गुजैनी सी-ब्लॉक निवासी जीत कुमार शुक्ला (55) ठेकेदारी करते थे। वह मूल रूप से गजनेर रतगांव के रहने वाले थे, लेकिन ससुराल में आकर बस गए थे। घर में पत्नी सुमन, सास राम प्यारी और दो बेटे निखिल और अखिल हैं। बीस वर्षीय निखिल ने इसी वर्ष इंटर की परीक्षा पास किया। उसका सम्पर्क घर से बिगड़ैल लड़कों के साथ हो गया और वह शराब, चरस और गांजे की नशा करने का शौकीन हो गया। उसकी आदतों से परेशान परिजन उसकी निगरानी करने लगे। नशे को लेकर पिता से आये दिन विवाद भी होता था। शराब न पीने को लेकर पिता पुत्र में रविवार रात काफी झगड़ा हुआ था।
सोमवार भोर में जीत कुमार शुक्ला सो रहा था कि निखिल ने पिता के सिने और सिर पर लोहे की रॉड से हमला किया। इसके बाद चाकू से गर्दन रेतकर हत्या कर दी। चीख-पुकार सुनकर जीत की पत्नी सुमन और ससुर राम भरोसे बचाने दौड़े तो उन पर भी रॉड से हमला कर दिया। चाकू से हत्या का प्रयास किया। हमले में मां और नाना भी घायल हो गए। चीख पुकार सुन पड़ोसी दौड़े तो आरोपी बेटा मौके से भाग निकला। पड़ोसियों ने गोविंद नगर थाने में सूचना दी, पुलिस मौके पर पहुंची। जांच के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घायल मां और नाना को हैलट में भर्ती कराया गया। पुलिस ने मां की तहरीर पर बेटे के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज की है।
छह घंटे में पुलिस हत्यारोपित गिरफ्तार किया
वारदात के बाद पिता के हत्यारोपित की तलाश में तीन टीमें लगी हुई थी। गोविंद नगर थाना प्रभारी रोहित तिवारी ने बताया कि आरोपत निखिल को छह घंंटे की मशक्कत के बाद रतनलाल नगर से गिरफ्तार कर लिया गया है।
तीन माह से आरोपित घर से नहीं निकला था बाहर
हत्यारोपित की मां ने बताया कि बेटे पर नशा हावी हो गया था। उसे नशे से बचाने के लिए तीन महीने घर से बाहर नहीं जाने दिया जाता था। सोमवार भोर में सोते समय नशे के लिए इतना बौखला गया कि पिता का कत्ल कर दिया।