दिल्ली-एनसीआर में एक तरफ जहां बदलते मौसम, तेज आंधी-तूफान और बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा रखी हैं, वहीं दूसरी तरफ आग (Fire) लगने की घटनाएं भी लगातार चिंता का सबब बनी हुई हैं। शुक्रवार को नोएडा के दो अलग-अलग इलाकों में आग लगने से हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की गाड़ियां दोनों घटनास्थलों पर पहुंचीं और काफी मशक्कत के बाद स्थिति पर काबू पाया। राहत की बात यह रही कि दोनों ही हादसों में किसी प्रकार की जनहानि (जान का नुकसान) नहीं हुई है, लेकिन घटनाओं के कारण स्थानीय निवासियों में दहशत का माहौल देखा गया।
सेक्टर-74 की सोसाइटी के फ्लैट में भड़की आग (Fire)
आग (Fire) लगने की पहली घटना नोएडा के सेक्टर-74 स्थित ‘आईवी कंट्री सोसाइटी’ में सामने आई, जहां एक बंद फ्लैट के भीतर अचानक आग की लपटें उठने लगीं। फ्लैट से धुआं और आग निकलती देख सोसाइटी के निवासियों में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने बिना वक्त गंवाए तुरंत इसकी सूचना दमकल विभाग को दी। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और मुस्तैदी से आग बुझाने के काम में जुट गई। दमकल कर्मियों की त्वरित कार्रवाई के कारण आग को समय रहते काबू कर लिया गया, जिससे वह आसपास के अन्य फ्लैटों तक नहीं फैल पाई। शुरुआती जानकारी के अनुसार आग फ्लैट के अंदरूनी हिस्से में लगी थी, हालांकि आग लगने के वास्तविक कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।
सेक्टर-52 के पीजी और रेस्टोरेंट वाले मकान में हादसा
दूसरी गंभीर घटना थाना सेक्टर-24 क्षेत्र के अंतर्गत सेक्टर-52 गिझोड़ स्थित ‘शताब्दी विहार’ में हुई। यहां एक बहुमंजिला मकान में भीषण आग लग गई। बताया जा रहा है कि इस भवन के निचले हिस्से (ग्राउंड फ्लोर) में एक रेस्टोरेंट संचालित होता है, जबकि इसकी ऊपरी मंजिलों पर पीजी (पेइंग गेस्ट) आवास की व्यवस्था है, जहां कई लोग रहते हैं। मकान से आग की ऊंची लपटें उठती देख आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया और लोगों ने फौरन पुलिस व फायर विभाग को सूचित किया। दमकल की कई गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया।
शॉर्ट सर्किट की आशंका, सभी लोग सुरक्षित
शताब्दी विहार की घटना के समय भवन के भीतर कई लोग मौजूद थे, जिन्हें पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इस आग की मुख्य वजह शॉर्ट सर्किट हो सकती है, हालांकि दमकल विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। फायर विभाग के अधिकारी दोनों ही मामलों में आग लगने के सही कारणों की गहन जांच कर रहे हैं और फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
