• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

चीनी फिनटेक कंपनियों पर शिकंजा कसने की तैयारी शुरू

Desk by Desk
23/09/2020
in ख़ास खबर, राष्ट्रीय
0
India China Tension

भारत-चीन टेंशन

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

नई दिल्ली| चीन के साथ सीमा पर बढ़ते तनाव के बीच सरकार ने चीनी फिनटेक कंपनियों (डिजिटल साहूकारों) पर शिकंजा कसने की तैयारी शुरू कर दी है। इससे जुड़े दो सूत्रों ने बताया कि चीनी फिनटेक कंपनियों द्वारा डेटा और गोपनियता के नियमों को उल्लघंन करने को लेकर यह कार्रवाई होगी।

सरकारी बैंकों से खुदरा लोन लेने के लिए पूछताछ में बढ़ोतरी दर्ज

इस घटनाक्रम से जुड़े एक सूत्र ने कहा कि आने वाले समय में केंद्र सरकार द्वारा बैन के लिए बनाए जा रहे नई सूची में कई चीनी फिनटेक कंपनियां शामिल हो सकती है। ऐसा इसलिए कि सोशल मीडिया पर डेटा साझा करने के मुकाबले फिनटेक ऐप्स पर डेटा साझा करना ज्यादा जोखिम है क्योंकि इसमें उपभोक्ता का महत्वपूर्ण वित्तीय डेटा को शामिल किया जाता है। इसमें कर्ज या अन्य वित्तीय सेवा के दौरान उपभोक्ता अपना आधार कार्ड नंबर, आयकर डिटेल जैसी अन्य जानकारियां साझा करते हैं।

बता दें कि वित्तीय और टेक्नोलॉजी दोनों सेक्टर में काम करने वाली कंपनियों को फिनटेक कहा जाता है। एक सूत्र के मुताबिक, भारत सरकार की ओर से 177 चीनी एप्स बंद करने के बाद फिनटेक कंपनियों की जांच शुरू की है। यह कदम जून में सीमा पर संघर्ष पर हुए संघर्ष के बाद चीन से अर्थव्यवस्था को कमजोर करने के लिए भारत की योजना का हिस्सा है।

उद्योग जगत का लक्ष्य के साथ भविष्य की राजकोषीय रूपरेखा की घोषणा पर जोर

भारत में काम कर रही कई फिनटेक कंपनियों के चीन से संबंध उजागर हुए हैं। उदाहरण के लिए एक ठाणे की फिनटेक कंपनी जो आधार आधारित ऐप चलाती है में एक निदेशक चीनी है। कंपनी की स्थापना मई 2019 में एक विदेशी कंपनी की सहायक कंपनी के रूप में की गई थी। इसके दो निदेशक हैं, जिनमें से एक चीनी नागरिक है।

इसी तरह बेंगलुरु स्थिति एक फिनटेक कंपनी में एक निदेशक चीनी है। भारत लगातार चीनी कंपनियों से भारतीय नागरिकों का डेटा सुरक्षित करने का कोशिश कर रहा है। इसके साथ ही राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी चीनी कंपनियों को भारत में हिस्सेदारी बढ़ाने से रोक रहा है।

Tags: Chinachinese companiesIndia China Tensionचीनचीनी कंपनियांभारत-चीन टेंशन
Previous Post

सरकारी बैंकों से खुदरा लोन लेने के लिए पूछताछ में बढ़ोतरी दर्ज

Next Post

यूपीएससी एनडीए एनए के फाइनल नतीजे जारी होने के बाद मार्क्स किए गए जारी

Desk

Desk

Related Posts

Himalayan O2 Tehri Lake Festival organised
राजनीति

टिहरी लेक फेस्टिवल में पर्यावरण संरक्षण का संदेश, पहली बार ‘हिमालयन O2’ थीम के साथ होगा आयोजन

07/03/2026
CM Vishnudev Sai
राजनीति

छत्तीसगढ़ की महिलाएं आत्मनिर्भरता और नवाचार से बना रही हैं नई पहचान: मुख्यमंत्री साय

07/03/2026
CM Vishnudev Sai
राजनीति

यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों को मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉल के जरिए दी बधाई

07/03/2026
Amit Shah
Main Slider

अमित शाह ने उत्तराखंड को दी 1100 करोड़ से अधिक की सौगात

07/03/2026
CM Dhami
राजनीति

देश विकास और सुशासन की नई गाथाएँ लिख रहा है : मुख्यमंत्री धामी

07/03/2026
Next Post
UPSC NDA NA

यूपीएससी एनडीए एनए के फाइनल नतीजे जारी होने के बाद मार्क्स किए गए जारी

यह भी पढ़ें

rape

खाकी हुई शर्मसार! बेटी के सिर पर पिस्टल रखकर दरोगा ने महिला से किया दुष्कर्म

15/10/2021
All Parties Hurriyat Conference attached

ऑल पार्टीज हुर्रियत कॉन्फ्रेंस का कार्यालय कुर्क

29/01/2023
Life Imprisonment

हत्या के आरोपी को आजीवन कारावास

19/05/2023
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version