आगरा: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले समाजवादी पार्टी में एक नया विवाद सामने आया है। आगरा में सपा अल्पसंख्यक सभा की राष्ट्रीय सचिव मोनिका नाज खान ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। इस्तीफे के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर पार्टी के महानगर अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पर प्रताड़ना व दुर्व्यवहार के गंभीर आरोप लगाए।
मोनिका नाज खान ने वीडियो में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मामले में हस्तक्षेप कर मदद की गुहार लगाई। उन्होंने कहा कि यदि तीन दिन के भीतर कार्रवाई नहीं हुई तो वह सपा मुख्यालय पहुंचकर आत्महत्या कर लेंगी।
चरित्र पर लांछन लगाने का लगाया आरोप
मोनिका नाज खान का आरोप है कि महानगर अध्यक्ष की शह पर रोहित उर्फ नासिर नाम का व्यक्ति उनके चरित्र पर लांछन लगा रहा है। उन्होंने दावा किया कि सोशल मीडिया पर भी उनके खिलाफ अभद्र टिप्पणियां की जा रही हैं।
वहीं, सपा के आगरा महानगर अध्यक्ष शब्बीर अब्बास ने आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि यदि पार्टी का कोई पदाधिकारी किसी को प्रताड़ित करता है तो मामले की जांच होगी और दोषी पाए जाने पर उसे पार्टी से बाहर किया जाएगा। उन्होंने आरोपों को पार्टी को कमजोर करने की साजिश बताया।
2021 की FIR के बाद विवाद बढ़ने का दावा
मोनिका नाज खान के मुताबिक, वर्ष 2021 में उनके साथ छेड़छाड़ की घटना हुई थी। इस मामले में उन्होंने रोहित उर्फ नासिर के खिलाफ FIR दर्ज कराई थी। उनका दावा है कि इसके बाद से ही आरोपी उन्हें लगातार परेशान कर रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि अब महानगर अध्यक्ष के बेटे भी सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ अभद्र टिप्पणियां कर रहे हैं। मोनिका का कहना है कि लगातार बढ़ते विवाद और कथित प्रताड़ना से परेशान होकर उन्होंने पार्टी छोड़ने का फैसला किया।
अखिलेश यादव से मुलाकात की कोशिश का जिक्र
मोनिका नाज खान ने बताया कि वह वर्ष 2014 में सपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की सदस्य रह चुकी हैं। इसके अलावा उन्होंने श्रम विभाग में सदस्य और महानगर उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाली है।
उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को वह अपना बड़ा भाई मानती हैं और उन्हें चार बार राखी भी बांध चुकी हैं। मोनिका के मुताबिक, उन्होंने मौजूदा मामले को लेकर कई बार अखिलेश यादव से मिलने की कोशिश की, लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी।
