ईशदूत मुहम्मद के संबध में अंग्रेज़ दार्शनिकों के विचार

- in Categorized, Main Slider, धर्म, विचार
Loading...

आप चाहे हिन्दू हों, मुसलमान हों, सिख हों या ईसाई हों, जैन हों या बौद्ध हों, आस्तिक हों या नास्तिक हों, किसी धर्म पर विश्वास रखते हों या धर्म विरोधी हों, रुढ़िवादी हों या पूंजीवादी आप यकीनन इस बात को ज़रुर मानेंगे कि ईश्वर के ईशदूत पैग्मबर मुहम्मद (सल्ल.) मानव इतिहास की महान विभूति हैं।

आइए जानते हैं कि मुहम्मद साहब के बारे में विश्व के महान माने जाने वाले लेखक, इतिहासकार और दार्शिनकों ने क्या लिखा है-

अंग्रेज़ लेखक बॉसवर्थ स्मिथ लिखता है – “भाग्यवश, मुहम्मद (सल्ल.) तीन-तीन चीज़ों के संस्थापक हैं – एक राष्ट्र, एक राज्य और एक धर्म, जो मानव इतिहास में सर्वथा अद्वितीय है और आज भी दुनिया की 1/6 आबादी द्वारा यह पवित्रता, शिष्टाचार, बुद्धि तथा सत्य के आश्चर्य – प्रमाण के रुप में श्रद्धा की दृष्टि से देखे जाते हैं।”

महान चिन्तक और विचार टॉमस कारलायल ने लिखा है – “मुहम्मद (सल्ल.) के प्रति हमारा वर्तमान अनुमान कि वे एक छल करने वाले पाखंडी, एक झूठे अवतार और उनके द्वारा चलाया गया धर्म मात्र धोखे और झूठ का पुलिंदा है, यह गलतफहमी जो जान-बूझकर बड़े जोश व ख़रोश के साथ इस व्यक्ति के लिए फैलाई गई है, स्वयं हमारे लिए अपमानजनक है। उनके कथन का प्रत्येक शब्द गत चौदह सौ वर्षों से लेकर आज तक लोगों का मार्गदर्शन करता आ रहा है।”

टॉमस कारलायल आगे लिखते हैं कि “किस प्रकार एक व्यक्ति ने अकेले ही आपस में लड़ते लड़ते कबीलों और बद्दुओं को एक सशक्त और सुसभ्य राष्ट्र में बदल दिया और वह महान कार्य आप (सल्ल.) ने केवल 23 वर्ष की छोटी सी अवधि में पूरा किया।”

एलफ्रेड डब्ल्यू. मार्टिन का कथन है “मुहम्मद (सल्ल.) ने अपने समय और देश के परस्पर विरोधी अरब समुदायों को धार्मिक एकता के सूत्र में जोड़कर उन्हें मौलिक तथा धार्मिक रुप में बहुत ऊंची सतह पर पहुंचा दिया। ऐसी सफलता न तो यहूदी धर्म को मिली और न मध्य कालीन अरब में ईसाई धर्म को प्राप्त हुई और उनको अपने उद्देश्यों की पूर्ति तथा उच्च धार्मिक लक्ष्यों की प्राप्ति में जो सफलता मिली, उससे आप (सल्ल.) ने न केवल अरब देश की, बल्कि संपूर्ण संसार की अमूल्य सेवा की।”

Loading...
loading...

You may also like

अभिनेता रजनीकांत ने कहा- तमिलनाडु किसी दक्षिण राज्य में जबरन हिंदी या कोई अन्य भाषा नहीं थोपा जाना है गलत

Loading... 🔊 Listen This News 14 सितंबर को