• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

कावड़ यात्रा कब से शुरू, इस दिन से चढ़ेगा भोलेनाथ पर जल

Writer D by Writer D
24/06/2025
in Main Slider, धर्म, फैशन/शैली
0
Kawad Yatra

Kawad Yatra

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

हिंदू धर्म में श्रावण माह (Sawan Month) का विशेष महत्व है। साल 2025 में सावन का महीना 11 जुलाई, 2025 से शुरू होने वाला है। श्रावण माह में हर दिन का अपना महत्व है इस माह में पड़ने वाले व्रत, त्योहार अपना धार्मिक महत्व रखते हैं। सावन के माह में कांवड़ यात्रा (Kawad Yatra) का भी विशेष महत्व है। भगवान के भक्तों द्वारा की जाने वाली यह प्रसिद्ध तीर्थ यात्रा है।

साल 2025 में कावड़ यात्रा (Kawad Yatra) की शुरूआत सावन माह शुरू होने के साथ ही हो जाएगी, यानि 11 जुलाई को सावन माह के साथ इस यात्रा आरंभ हो जाएगा। लेकिन कावड़ यात्रा का जल सावन में सावन माह की शिवरात्रि (Sawan Shivratri) पर चढ़ाया जाता है। साल 2025 में सावन माह की शिवरात्रि 23 जुलाई, बुधवार के दिन पड़ रही है।

हिंदू पंचाग में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मासिक शिवरात्रि के रूप में पूजा जाता है। साल में कुल 12 मासिक शिवरात्रि पड़ती हैं। सावन में कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को भोलेनाथ के लिए व्रत किया जाता है और इस दिन कावड़ जल श्रद्धापूर्वक शिवलिंग पर अर्पित करते हैं। इस दिन को सावन शिवरात्रि या श्रावण शिवरात्रि कहते हैं।

सावन शिवरात्रि 2025 तिथि

चतुर्दशी तिथि की शुरूआत 23 जुलाई, 2025 सुबह 4.39 पर होगी
चतुर्दशी तिथि समाप्त 24 जुलाई, 2025 को रात 2.28 मिनट पर होगी।
इसीलिए सावन माह में भोलेनाथ को जल 23 जुलाई, 2025 बुधवार को चढ़ेगा।

कावड़ यात्रा (Kawad Yatra)

सावन के माह में कावड़ यात्रा (Kawad Yatra) का विशेष महत्व होता है। कावड़ यात्रा को भगवान शिव के भक्तों के लिए एक महत्वपूर्ण धार्मिक यात्रा माना जाता है। भक्त पवित्र नदियों से जल भरकर शिव मंदिरों के शिवलिंग पर चढ़ाते हैं। इस यात्रा की शुरूआत सावन माह की शुरूआत के साथ ही हो जाती है। इस यात्रा के दौरान भोलेनाथ के भक्त नंगे पैर, पैदल चलकर तीर्थ स्थान पर कांवड़ लेकर जाते हैं और कांवड़ भरकर लाते हैं।

Tags: kawad yatra
Previous Post

ऐसे करें रुद्राक्ष असली है या नकली

Next Post

आषाढ़ मासिक शिवरात्रि कब है, ऐसे करें भोलेनाथ को प्रसन्न!

Writer D

Writer D

Related Posts

Amazon
Tech/Gadgets

शुरू हो गई Amazon की बड़ी Electronics Sale, स्मार्टफोन, TV और लैपटॉप पर मिल रहे बंपर ऑफर

08/03/2026
CM Yogi
Main Slider

ब्रज की परम्परा और आस्था का सम्मान करते हुए होगा ब्रजमंडल का समग्र विकास: मुख्यमंत्री

07/03/2026
Amit Shah
Main Slider

अमित शाह ने उत्तराखंड को दी 1100 करोड़ से अधिक की सौगात

07/03/2026
Amit Shah
Main Slider

अमित शाह ने किया ‘नूतन न्याय संहिता’ प्रदर्शनी का शुभारंभ

07/03/2026
Amit Shah
Main Slider

एक-एक घुसपैठिए को चुन-चुनकर भारत से निकालेंगे: अमित शाह

07/03/2026
Next Post
Masik Shivaratri

आषाढ़ मासिक शिवरात्रि कब है, ऐसे करें भोलेनाथ को प्रसन्न!

यह भी पढ़ें

चंद्रशेखर आजाद को श्रद्धांजलि

उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू ने अमर चंद्रशेखर आजाद को दी श्रद्धांजलि

27/02/2021
Mauni Amavasya

2025 में मौनी अमावस्या कब है? जानें स्नान-दान का मुहूर्त

24/12/2024
Piyush Goyal

मंत्री पीयूष गोयल : मुक्त व्यापार समझौते के लिए बातचीत की मेज पर बैठने की जरूरत

22/07/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version