• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

चीनी दूतावास बंद होने से बौखलाया ड्रैगन, अमेरिका को दी धमकी देते हुए कहा- उतार देंगे सनक

Desk by Desk
23/07/2020
in Main Slider, अंतर्राष्ट्रीय, नई दिल्ली
0
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

नई दिल्ली। अब चीन चारों तरफ से घिर चुका है। चाहे वो कोरोना का मुद्दा हो या भी भारत-चाइना सीमा पर सैनिकों के बीच झड़प का मुद्दा, अमेरिका के ह्यूस्टन स्थित चीनी कॉन्सुलेट (वाणिज्यिक दूतावास) के बंद करने के आदेश को लेकर चीन से तीखी प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। चीन के सरकारी मीडिया ने गुरुवार को एक संपादकीय में अमेरिका के इस कदम को चुनावी दांव करार दिया है।

चाइना डेली अखबार ने लिखा, वैश्विक मंच पर चीन को शैतान की तरह पेश करने का अमेरिकी प्रशासन का एक नया दांव है। इस कदम से पता चलता है कि चुनाव पोल में अपने प्रतिद्वंद्वी से पीछे चलने की वजह से अमेरिकी नेता चीन को सारी बुराइयों की जड़ दिखाने की हर संभव कोशिश कर रहे हैं।

चीन ने भी दी अमेरिका पर पलटवार की धमकी

अमेरिका ने बुधवार को कहा है कि अमेरिकी नागरिकों की बौद्धिक संपदा और निजी जानकारी की सुरक्षा करने के लिए कॉन्सुलेट को बंद करने का फैसला किया गया है। अमेरिका के इस कदम के बाद चीन ने भी पलटवार की धमकी दी थी। चीनी दूतावास ने अमेरिका के आदेश को राजनीतिक रूप से उकसाने की कोशिश करार दिया और कहा है कि वह तुरंत अपने इस फैसले को वापस ले। विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हु चुनयिंग ने ट्विटर पर कहा कि चीन निश्चित तौर पर इसका जवाब देगा। अमेरिका और चीन के बीच टकराव का ये एक और मुद्दा बनता दिख रहा है।

देश छोड़ने के लिए सिर्फ 72 घंटे की मोहलत

चीन की सरकार के मुखपत्र ग्लोबल टाइम्स ने भी इसे लेकर एक संपादकीय लिखा है। ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है, “अमेरिका ने चीन से बेवजह ह्यूस्टन कॉन्सुलेट को बंद करने के लिए कहा और स्टाफ को देश छोड़ने के लिए सिर्फ 72 घंटे की मोहलत दी। अमेरिका का ये बेवकूफी भरा फैसला हैरान करने वाला है। दूतावास के अलावा, चीन और अमेरिका के पांच कॉन्सुलेट हैं। अमेरिका का अचानक एक चीनी कॉन्सुलेट को बंद करने की मांग करना नियमों के विपरीत है। क्या ये अमेरिका-चीन के संबंधों को जानबूझकर नुकसान पहुंचाने की कोशिश नहीं है?

अमेरिका का ये कदम सनक भरा है: ग्लोबल टाइम्स

ग्लोबल टाइम्स ने संपादकीय में लिखा है, अमेरिका का ये कदम सनक भरा है। कई लोगों को लगता है कि ट्रंप प्रशासन चीन के साथ तनाव बढ़ाकर चुनाव में दोबारा जीत दर्ज करने के लिए ऐसा कर रहा है। अमेरिका हर चीज के लिए चीन पर दोषारोपण करके चीन को अच्छी तरह ना समझने वाले अमेरिकी मतदाताओं का भरोसा जीतना चाहता है। नवंबर महीने में अमेरिका में होने वाले राष्ट्रपति चुनाव उन्हें पागल कर रहा है। हालांकि, इस बार दुनिया को पता है कि अमेरिका ने ही चीन के खिलाफ नई जंग छेड़ी है।

हैरान नहीं होगा अगर चीन अपने यहां अमेरिकी कॉन्सुलेट को बंद कर दे

अमेरिका के इस कदम की चीन के विदेश मंत्रालय ने कड़ी आलोचना की है। चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि अगर अमेरिका अपनी गलती नहीं सुधारता है तो वह सख्ती से इसका जवाब देगा। कई ऐसे कदम हैं जो चीन उठा सकता है। अमेरिका में चीनी दूतावास ने भी गुरुवार को एक बयान में अमेरिका के आरोपों को खारिज कर दिया। चीनी दूतावास ने कहा कि चीन के डिप्लोमैटिक मिशन के बारे में आधारहीन आरोप लगाए जा रहे हैं। विश्लेषकों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय राजनयिक समुदाय ज्यादा हैरान नहीं होगा अगर चीन अपने यहां अमेरिकी कॉन्सुलेट को बंद कर दे।

चीन दक्षिण-पश्चिम शहर चेंगडु के कॉन्सुलेट को कर सकता है बंद

साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट के मुताबिक, चीन दक्षिण-पश्चिम शहर चेंगडु के कॉन्सुलेट को बंद कर सकता है। वहीं, रॉयटर्स को एक सूत्र ने बताया कि चीन वुहान में अमेरिकी कॉन्सुलेट को बंद करने पर विचार कर रहा है जहां पर अमेरिका ने कोरोना महामारी की वजह से पहले ही स्टाफ को कम कर दिया है। ग्लोबल टाइम्स के एडिटर हु शिजिन ने कहा, वुहान कॉन्सुलेट को बंद करना पर्याप्त नहीं होगा। हु ने कहा, अमेरिका का हॉन्ग कॉन्ग में बड़ा कॉन्सुलेट है और साफ तौर पर ये कॉन्सुलेट इंटेलिजेंस सेंटर भी है। अगर चीन इसे बंद ना भी करे तो इसके स्टाफ में कटौती कर दे। इससे अमेरिका को सबसे ज्यादा तकलीफ होगी।

Tags: Chinese Embassy closingबौखलाया ड्रैगन
Previous Post

लॉकडाउन में बेरोजगार हुए युवक ने गृहमंत्री का पीए बन मंत्रियों से की नौकरी की सिफारिश, गिरफ्तार

Next Post

कोरोना का कहर : आधे घंटे के अंतराल में पति-पत्नी ने तोड़ा दम, बेटा-बहू और पोती भी संक्रमित

Desk

Desk

Related Posts

Sonam Wangchuk Hunger Strike
Main Slider

20वें दिन भी अन्न का एक दाना नहीं खाया! सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल जारी

17/07/2026
PM Modi
Main Slider

जींद से जुड़ेगा भारत के रेलवे इतिहास का नया अध्याय: प्रधानमंत्री

17/07/2026
Rajesh Kumar becomes loco pilot of hydrogen train
Main Slider

राजेश कुमार बने देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन के लोको पायलट, रचा इतिहास

17/07/2026
Crime Branch raids Omaxe Residency at midnight
Main Slider

ओमैक्स रेजिडेंसी में आधी रात क्राइम ब्रांच का छापा, कस्टमर केयर के नाम पर करते थे ठगी

17/07/2026
egg pakora
Main Slider

ब्रेकफास्ट में ले अंडा पकौड़ा का स्वाद, देखें बनाने का तरीका

17/07/2026
Next Post
मुंबई में कोरोना से मौत

कोरोना का कहर : आधे घंटे के अंतराल में पति-पत्नी ने तोड़ा दम, बेटा-बहू और पोती भी संक्रमित

यह भी पढ़ें

snake found in mahakal temple

महाकाल मंदिर में निकला सांप, श्रद्धालुओं ने कहा- बाबा का चमत्कार है

12/07/2021
Maha Kumbh

महाकुंभ 2025: योगी सरकार के दिव्य, भव्य, स्वच्छ और नव्य कुम्भ के मुरीद हुए विदेश से आए संत

15/12/2024
financial literacy for women

महिलाओं को आर्थिक रूप से साक्षर बनाना चाहती हैं निसारी महेश

10/09/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version