• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

निवेश लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रही योगी सरकार

Writer D by Writer D
12/01/2023
in उत्तर प्रदेश, लखनऊ
0
Investors
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लखनऊ। योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Government) ने ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) से एक माह पहले ही करीब-करीब 15 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त कर लिए हैं। सबसे बड़ी उपलब्धि यह है कि सरकार ने 10 जनवरी 2023 तक करीब 10 लाख करोड़ रुपये के एमओयू भी साइन कर लिए हैं। यह वही राशि है जिसे पहले ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2023 (GIS-2023) का लक्ष्य बनाया गया था। हालांकि, विदेशों में मिले बेहतरीन रिस्पॉन्स के बाद लक्ष्य को 10 लाख करोड़ से बढ़ाकर 17 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया।

अभी देश के विभिन्न शहरों और प्रदेश के मंडल मुख्यालयों व कई जिलों में रोड शो, इन्वेस्टर्स समिट होना बाकी है। इसे देखते हुए पूरी संभावना है कि प्रदेश सरकार संशोधित लक्ष्य को भी पूर्णतः प्राप्त कर लेगी और इतिहास रचेगी। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगामी पांच वर्षों में यूपी को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का संकल्प लिया है। इसी लक्ष्य की पूर्ति के लिए ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन किया जा रहा है।

दो विभागों ने पार किया एक लाख करोड़ का आंकड़ा

विदेशों में हुए रोड शो में यूपी के प्रतिनिधिमंडलों को मिले जबर्दस्त रिस्पॉन्स के बाद प्रदेश सरकार की ओर से सभी विभागों को निवेश जुटाने के लिए नए टारगेट दिए गए। प्राप्त जानकारी के अनुसार 10 जनवरी तक सरकार ने 9.10 लाख करोड़ रुपये के एमओयू साइन कर लिए हैं। प्रदेश सरकार के दो विभागों ने एमओयू के माध्यम से सबसे ज्यादा निवेश हासिल किया। डिपार्टमेंट एडिशनल सोर्सेज ऑफ एनर्जी को 60 हजार करोड़ के निवेश का लक्ष्य मिला था, लेकिन विभाग ने लक्ष्य से तीन गुना अधिक 1.73 लाख करोड़ से अधिक के एमओयू साइन किए हैं। इसी तरह यूपीसीडा को एक लाख करोड़ रुपए का संशोधित लक्ष्य मिला था और उसने एक लाख करोड़ से ज्यादा के एमओयू करने में सफलता प्राप्त की है।

23 सेक्टर्स में हो चुके हैं एमओयू

सरकार की ओर से कुल 37 सेक्टर्स को निवेश के लिए चिन्हित किया गया था। इनमें 23 सेक्टर्स में एमओयू साइन किए जा चुके हैं। 10 जनवरी तक पर्यटन विभाग ने 38 हजार करोड़ से ज्यादा के एमओयू कर लिए हैं। उन्हें 40 हजार करोड़ का लक्ष्य दिया गया था। इसी तरह ऊर्जा विभाग ने एक लाख करोड़ के संशोधित लक्ष्य के सापेक्ष 75 हजार से अधिक के एमओयू किए हैं। यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यीडा) ने 80 हजार करोड़ के संशोधित लक्ष्य की तुलना में 57 हजार करोड़ से अधिक के निवेश एमओयू हासिल किए हैं। आईटी एंड इलेक्ट्रॉनिक्स डिपार्टमेंट को सबसे ज्यादा 1.60 लाख करोड़ का लक्ष्य दिया गया था, जिसके लिए उसने अब तक 97 हजार करोड़ से एमओयू पर सहमति प्राप्त कर ली है। एमएसएमई ने 55 हजार करोड़ और हैंडलूम व टेक्सटाइल ने भी करीब 27 हजार करोड़ के एमओयू हासिल किए हैं। आईआईडीडी ने भी 53 हजार करोड़ के एमओयू प्राप्त किए हैं।

सात हजार से ज्यादा हुए एमओयू

निवेश सारथी पोर्टल के डैशबोर्ड के अनुसार प्रदेश सरकार को आठ हजार से ज्यादा निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इसमें से सात हजार से ज्यादा को प्रदेश सरकार एमओयू में तब्दील करने में कामयाब रही है। इन एमओयू के माध्यम से प्रदेश में 10 करोड़ रोजगार के नए अवसर सृजित होने की संभावना है। अभी भी 1400 से ज्यादा निवेश के प्रस्ताव प्रगति पर हैं, जिनकी कुल कॉस्ट 3.76 लाख करोड़ रुपये है। यदि ये प्रस्ताव भी एमओयू में तब्दील हुए तो 20 लाख से ज्यादा रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

सटीक रोडमैप से साधा जा रहा लक्ष्य

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट को लेकर पहले योगी सरकार की ओर से जब 10 लाख करोड़ का लक्ष्य तय किया गया था तो बहुत से लोगों को यह लक्ष्य काफी ज्यादा लग रहा था। हालांकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पूरा विश्वास था कि उनके नेतृत्व में सरकार ने जो प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर और लॉ एंड ऑर्डर समेत सभी सेक्टर में बड़े बदलाव किए हैं। उसका असर बड़े निवेश के रूप में देखने को मिलेगा। उनका यह विश्वास पूरी तरह सटीक रहा और देश ही नहीं बल्कि विदेशी निवेशक भी उत्तर प्रदेश को निवेश के लिहाज से सबसे उपयुक्त और सुरक्षित गंतव्य मानकर यहां अधिक से अधिक निवेश के लिए उत्साहित हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने इस लक्ष्य तक पहुंचने के लिए रणनीति के साथ रोडमैप बनाया और उस पर चलते हुए प्रदेश सरकार ने न सिर्फ वह लक्ष्य हासिल किया बल्कि अब नया संशोधित लक्ष्य भी हासिल करने की ओर कदम बढ़ा दिए हैं। इस रोडमैप के अनुसार चुनिंदा देशों के चुनिंदा शहरों में रोड शो किए गए। देश के बड़े शहरों के साथ-साथ अब मंडल मुख्यालयों और प्रत्येक जिले व विभागों में भी निवेशक समिट का आयोजन किया जा रहा है।

Tags: gis 2023Lucknow Newsup gis
Previous Post

जापान-दक्षिण कोरिया से हुआ 18,350 करोड़ का एमओयू

Next Post

नई दिल्ली में उद्योगपतियों को यूपी में निवेश के लिए आमंत्रित करेगी टीम योगी

Writer D

Writer D

Related Posts

yogi government
उत्तर प्रदेश

समाज कल्याण के लिए तत्पर योगी सरकार, त्वरित कार्रवाई से बढ़ा भरोसा

02/05/2026
Ganga Expressway
उत्तर प्रदेश

एआई और स्विस तकनीक से लैस हो रहे यूपी के एक्सप्रेसवे, योगी सरकार बना रही ‘स्मार्ट रोड नेटवर्क’

02/05/2026
Rooftop Solar
उत्तर प्रदेश

प्रदेश में 5 लाख के पार हुई रूफटॉप सोलर संयंत्र की स्थापना

02/05/2026
CM Yogi
Main Slider

औद्योगिक विकास के लिए मिशन मोड में पूरा कराएं इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाएं: मुख्यमंत्री

02/05/2026
smart prepaid meter
Main Slider

स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था में हुए बड़े बदलाव से 67 लाख से ज्यादा घरेलू उपभोक्ताओं को मिला फायदा

02/05/2026
Next Post
CM Yogi

नई दिल्ली में उद्योगपतियों को यूपी में निवेश के लिए आमंत्रित करेगी टीम योगी

यह भी पढ़ें

Kharna

जानिए छठ पर्व का इतिहास और महत्व, पौराणिक कथा

07/11/2021
Paddy purchased

उप्र में 42.38 लाख मीट्रिक टन धान की हुई खरीद

03/01/2022
Local Bodies

स्थानीय निकाय भी बनेंगे 1 ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी के लक्ष्य के सहभागी

05/07/2024
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version