• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

टनल में फंसे श्रमिकों को सुरक्षित निकालने के प्रयास लगभग अंतिम चरण में

सुरंग में फंसे सभी मजदूर सुरक्षित, सभी को जल्द बाहर निकालेंगे: सरकार

Writer D by Writer D
22/11/2023
in Main Slider, उत्तराखंड, राजनीति, राष्ट्रीय
0
Uttarakhand Tunnel Collapse

Uttarakhand Tunnel Collapse

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

सिलक्यारा/देहरादून। उत्तराखंड के उत्तरकाशी जनपद में सिलक्यारा टनल (Tunnel) में फंसे 41 श्रमिकों को सुरक्षित निकालने के लिए युद्धस्तर पर चल रहे राहत व बचाव (रेस्क्यू) आपरेशन में अब सफलता बहुत नजदीक प्रतीत हो रही है।रेस्क्यू ऑपरेशन के संबंध में बुधवार को अस्थाई मीडिया सेंटर, सिलक्यारा में हुई प्रेस ब्रीफिंग में प्रधानमंत्री के पूर्व सलाहकार एवं उत्तराखंड सरकार के विशेष कार्याधिकारी भास्कर खुल्बे ने बताया कि ऑगर मशीन से पुनः ड्रिलिंग शुरू करते हुए कुल 39 मीटर से अतिरिक्त 6 मीटर, इस प्रकार कुल 45 मीटर तक ड्रिलिंग पूरी कर ली गई है।

उन्होंने कहा कि आने वाला समय और अधिक महत्वपूर्ण है। अगले फेज को ड्रिलिंग शुरू कर दी गई है।इस दौरान,एनएचआईडीसीएल के प्रबंध निदेशक महमूद अहमद ने बताया कि टनल के अंदर 900 एम.एम पाइप को पुश किया गया था। वर्तमान समय में टेलीस्कोपिक मेथड से 900 एम.एम पाइप के अंदर 800 एम.एम का पाइप को भी पुश कर लिया गया है। उन्होंने कहा शेष स्थान पर ड्रिलिंग का कार्य तेज़ी से किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि बड़कोट वाले छोर से होरिजेंटल ड्रिलिंग का कार्य शुरू हो गया था। जिसमें तीसरा ब्लास्ट कर लिया गया है। इस स्थान से लगभग आठ मीटर कार्य पूरा हो गया है।

ब्रीफिंग में, उत्तराखंड शासन के सचिव डॉ. नीरज खैरवाल ने बताया कि पूर्व में अंदर फंसे श्रमिकों के साथ वीडियो के माध्यम से संवाद हुआ था। अब एनडीआरएफ एवं एसडीआरएफ की मदद से ऑडियो कम्युनिकेशन सेटअप तैयार कर लिया गया है। जिसमें वायर, माइक्रोफोन और स्पीकर का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि ऑडियो कम्युनिकेशन सेटअप तैयार होने के उपरांत अंदर फंसे श्रमिको की सबसे पहले डॉक्टर से बात करवाई गई। इस क्रम में सभी श्रमिकों की एक-एक करके डॉक्टर से बात करवाई जा रही है। एवं उनका हाल-चाल जाना जा रहा है।

उन्होंने कहा अंदर फंसे लोगों को जरूरी दवाइयां भेजी जा रही है। इसके अतिरिक्त मूलभूत सामग्री जैसे टॉवल, ब्रश, छोटे कपड़े भी भेजे जा रहे है।डॉ. खैरवाल ने बताया कि श्रमिकों की मेंटल हेल्थ को ध्यान रखते हुए मनोचिकित्सक से भी उनकी बात कराई जा रही है। अंदर फंसे सभी श्रमिक सुरक्षित हैं।इस दौरान, जिलाधिकारी अभिषेक रूहेला, महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी, कमांडेंट एसडीआरएफ मणिकांत मिश्रा, पुलिस अधीक्षक अर्पण यदुवंशी मौजूद थे।

सुरंग में फंसे सभी मजदूर सुरक्षित, सभी को जल्द बाहर निकालेंगे: सरकार

उत्तरकाशी के सिलक्यारा में सुरंग (Tunnel) में फंसे मजदूरों को जल्द ही सुरक्षित बाहर निकाल लिया जायेगा। विदेशी विशेषज्ञों की अगुवाई में सुरक्षित रिहाई के लिये जोरशोर से अभियान चलाया जा रहा है।यह बात प्रदेश सरकार की ओर से बुधवार को कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार तिवारी की अगुवाई वाली पीठ के समक्ष रखी गयी। इसके बावजूद अदालत ने सरकार से पूछा कि वह बताये कि सभी मजदूरों को जीवन रक्षक दवाई या अन्य सामान मिल रहा है? सरकार की ओर से आज अदालत के समक्ष एक रिपोर्ट पेश की गयी।

रिपोर्ट में कहा गया कि मजदूरों तक पहुंच बना ली गयी है। सभी सुरक्षित हैं। सभी से बात हो रही है। उन्हें खाना, दवाई और अन्य सामान मुहैया कराया जा रहा है। विशेषज्ञों की अगुवाई में मजदूरों को बाहर निकालने के लिये अभियान चलाया जा रहा है। कई योजना पर काम किया जा रहा है। जल्द ही उन्हें बाहर निकाल लिया जायेगा। हालांकि अदालत सरकार की रिपोर्ट से संतुष्ट नजर नहीं आयी और कहा कि सरकार ने रिपोर्ट में यह खुलासा नहीं किया है कि मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिये क्या सुरक्षा उपाय किये जा रहे हैं?

हालांकि अदालत ने प्रदेश सरकार से पूछा कि वह दो दिसंबर तक बतायें कि मजदूरों को जीवन रक्षक दवाई और खाद्य सामग्री उपलब्ध करायी जा रही है या नहीं? देहरादून की गैर सरकारी संस्था समाधान की ओर से इस मामले को चुनौती दी गयी है। याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया कि सरकार मजदूरों को बाहर निकालने में असफल साबित हुई है। मजदूरों की सुरक्षा के लिये मौके पर कोई सुरक्षात्मक उपाय नहीं किये गये थे। याचिकाकर्ता की ओर से अदालत से यह भी मांग की गयी कि यह आपराधिक मामला है और इस मामले की जांच एसआईटी से करायी जाये। इस मामले में अगली सुनवाई दो दिसंबर को होगी।

Tags: National newsUttarakhand Newsuttarakhand tunnel collapse
Previous Post

यूपी रोडवेज के ड्राइवर कंडक्टर के पारिश्रमिक में इजाफा

Next Post

भाजपा को जनता सत्ता से हटाने के लिए है तैयार: अखिलेश यादव

Writer D

Writer D

Related Posts

AK Sharma
उत्तर प्रदेश

बैलेंस समाप्त होने पर रात और अवकाश में नहीं कटेगी बिजली: उपभोक्ताओं को बड़ी राहत

10/04/2026
Keshav Maurya
उत्तर प्रदेश

आज के युग में संचार ही शक्ति है: केशव प्रसाद मौर्य

10/04/2026
CM Dhami
Main Slider

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने की जनगणना 2027 के लिए स्व-गणना

10/04/2026
Uttarakhand Diploma Engineers Federation Holds Talks with CM Dhami
राजनीति

इंजीनियर्स हड़ताल पर सरकार सक्रिय: समाधान को सब-कमेटी गठित

10/04/2026
CM Dhami
Main Slider

सीएम ने किया कर्मकार कल्याण बोर्ड के विकसित श्रमिक सेवा मोबाइल एप का लोकार्पण

10/04/2026
Next Post
UP Assembly By-election

भाजपा को जनता सत्ता से हटाने के लिए है तैयार: अखिलेश यादव

यह भी पढ़ें

sanjay bhusreddy

प्रदेश में अवैध शराब का धंधा करने वालों की धरपकड़ के लिए शुरू हुआ विशेष अभियान

08/07/2021
Married Life

आकाश के लिए शबनम से बन गई शिवानी, हिंदू रीति रिवाज से की शादी

14/09/2022
दोबारा धूम मचाने आ रही है 2026 Renault Duster, Creta को देगी सीधी टक्कर

2026 Duster कमबैक! Creta की टेंशन बढ़ी

12/12/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version