• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

आजम खान ने हमेशा से ही जिन्ना की टू नेशन थ्योरी का विरोध किया : तज़ीन फात्मा

Writer D by Writer D
14/11/2021
in Main Slider, उत्तर प्रदेश, ख़ास खबर, राजनीति, रामपुर
0
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

रामपुर (मुजाहिद खां)। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जनसभा में सपा के जाम (JAM) का अर्थ जिन्ना, आज़म खान और मुख़्तार बताया। जिस पर सपा सांसद आज़म खान की पत्नी शहर विधायक डॉ तज़ीन फात्मा ने आज़म खान का नाम जिन्ना के साथ जोड़े जाने पर सरासर अन्याय बताया।

अमितशाह ने अपने बयान में कहा कि मोदी जी ने एक JAM लगाया है जिससे भ्रष्टाचार विहीन खरीद हो सके J का अर्थ जनधन बैंक खाते, आ आधार कार्ड और M हर आदमी का मोबाइल। वहीं समाजवादी पार्टी ने भी JAM लाया है और उसका अर्थ है J जिन्ना, A आज़म खान, M मुख्तार है।

इस पर शहर विधायक सांसद आज़म खान की पत्नी डॉ तज़ीन फात्मा ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि मुझे अफसोस के साथ कहना पड़ता है और यह अफसोस की बात है भी कि आज़म खान एक सांसद भी हैं और जिनका नाम गृह मंत्री अमित शाह ने जिन्ना के साथ जोड़ा। क्योंकि आज़म खां सांसद होने के साथ-साथ एक शिक्षाविद हैं। आज़म खान हमेशा से ही एक मजबूत दृढ़ राष्ट्रवादी रहे हैं और उन्होंने हमेशा से ही जिन्ना की टू नेशन थ्योरी का विरोध किया है। कभी भी उन्होंने पाकिस्तान का समर्थन नहीं किया न ही पाकिस्तान जाने की बात कही।

उन्होंने कहा कि एक ऐसा व्यक्ति आजम खान जिसके मन में इतना प्रेम हो कि उन्होंने इतने शिक्षण संस्थानों की स्थापना की है जौहर विश्वविद्यालय की स्थापना की है उनका नाम जिन्ना के साथ जोड़ना सरासर अन्याय है।

इसके साथ ही कहा कि समाजवादी पार्टी के संरक्षक मुलायम सिंह यादव और राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कभी भी पाकिस्तान जाकर जिना की कब्र पर माथा नहीं टेका। जबकि लालकृष्ण आडवाणी पाकिस्तान गए तो खासकर उन्होंने जिन्ना की मजार पर जाकर अपना माथा टेका।

कहा तो  इन हालातों में आजम खान किस तरह से जिन्ना की विचारधारा के समर्थक हो सकते हैं। और जिन्ना की विचारधारा का टू नेशन थ्योरी का पार्टीशन का न सिर्फ आजम खान बल्कि हर हिंदुस्तानी इसका विरोध करता है। कहा कि यह सारे बयान राजनीति से प्रेरित हैं।

Tags: azam khanRampur NewsTazeen Fatmaup news
Previous Post

घी करेगा सर्दियों में आपकी स्किन की देखभाल, अपनाएं ये चार तरीकें

Next Post

सर्दी के मौसम में चेहरे पर चाहिए निखार, तो करें शहद का इस्तेमाल

Writer D

Writer D

Related Posts

Keshav Maurya
उत्तर प्रदेश

जनता की सेवा ही मेरा सर्वोपरि धर्म, नेता नहीं बल्कि बेटा, भाई और मित्र बनकर करता हूँ मदद: उप मुख्यमंत्री

25/05/2026
Road Accident
Main Slider

लोहे की छड़ों से लदा ट्रक पलटा, 15 लोगों की मौत

25/05/2026
Padma Awards
Main Slider

पद्म अवॉर्ड्स 2026 में सजेगी सितारों की महफिल, धर्मेंद्र को मिलेगा पद्म विभूषण

25/05/2026
Farmer Registry
उत्तर प्रदेश

फार्मर रजिस्ट्री में 2.28 करोड़ से अधिक किसानों का पंजीकरण, लक्ष्य का 79.10 प्रतिशत कार्य पूरा

25/05/2026
CM Yogi
उत्तर प्रदेश

प्रतीक यादव की तेरहवीं में पहुंचे सीएम योगी, परिवार को दी सांत्वना

25/05/2026
Next Post

सर्दी के मौसम में चेहरे पर चाहिए निखार, तो करें शहद का इस्तेमाल

यह भी पढ़ें

According to astrology calculations, the coming week of these zodiac signs will not be auspicious.

ज्योतिष गणनाओं के अनुसार इन राशियों का आने वाला सप्ताह नहीं होगा शुभ

21/06/2021
भारत में धूम मचाने आ रही हैं Royal Enfield की 4 नई दमदार बाइक्स! फीचर्स और डिटेल्स लीक

धूम मचाने आ रही हैं Royal Enfield की नई दमदार बाइक्स! फीचर्स और डिटेल्स लीक

01/12/2025

Reliance Jio ने लॉन्च किया वेब ब्राउज़र ‘JioPages’, जानें इसकी खासियत

23/10/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version