• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

ISRO की बड़ी सफलता, INSAT 3DS पृथ्वी की जियोसिंक्रोनस कक्षा में सफलतापूर्वक स्थापित

Writer D by Writer D
22/02/2024
in Tech/Gadgets
0
INSAT 3DS

INSAT 3DS

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने बताया है कि इनसैट 3डीएस सैटेलाइट (INSAT-3DS Satellite) सफलतापूर्वक पृथ्वी की जियोसिंक्रोनस कक्षा में स्थापित हो गया है। इसरो ने बताया कि सभी चार लिक्विड एपोजी मोटर (LAM) फायरिंग पूरी हो गई हैं। अब सैटेलाइट के ऑर्बिट टेस्टिंग लोकेशन (Orbit Testing Location) पर 28 फरवरी 2024 तक पहुंचने की उम्मीद है। जियोसिंक्रोनस कक्षा  में एक नाक्षत्र दिवस 23 घंटे, 56 मिनट और 4 सेकेंड के बराबर होता है। जिसमें सैटेलाइट की कक्षा पृथ्वी के घूर्णन के समान हो जाती है। ये कक्षा गोलाकार या गैर-गोलाकार प्रकार की हो सकती है।

इसरो की सैटेलाइट इनसैट-3डीएस (Satellite INSAT-3DS) को बीती 17 फरवरी को श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन स्पेस सेंटर से लॉन्च किया गया था। इनसैट-3डीएस (INSAT-3DS) को जीएसएलवी एफ-14 (GSLV F-14) लॉन्च व्हीकल से अंतरिक्ष में भेजा गया था। जीएसएलवी-एफ14 को नॉटी बॉय के नाम से भी जाना जाता है। दरअसल इस जीएसएलवी (GSLV) के 40 फीसदी लॉन्च असफल रहे हैं। यही वजह है कि इस रॉकेट का नाम नॉटी बॉय पड़ गया है।

INSAT 3DS से होंगे ये फायदे

INSAT-3DS Satellite  एक मौसम उपग्रह है, जो इनसैट-3डी सैटेलाइट (INSAT-3DS Satellite) का उन्नत स्वरूप है। इनसैट-3डीएस सैटेलाइट की मदद से मौसम संबंधी और प्राकृतिक आपदाओं की सटीक जानकारी मिल सकेगी। INSAT-3DS से समुद्र की सतह और इसके तापमान के मौसम पर पड़ने वाले असर का अध्ययन किया जा सकेगा। साथ ही इनसैट 3डीएस की मदद से डेटा संग्रह प्लेटफॉर्म्स से डेटा का संग्रह किया जा सकेगा।

इन स्कीम्स में पैसे निवेश करें गृहणियां, मिलेगा बंपर रिटर्न

INSAT-3DS की पूरी फंडिंग भारत सरकार के पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय ने की है। इस सैटेलाइट से पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के तहत आने वाले भारतीय मौसम विभाग, नेशनल सेंटर फॉर मीडियम रेंज वेदर फॉरकास्टिंग, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ ट्रॉपिकल मीटियोरोलॉजी, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओसीन टेक्नोलॉजी, इंडियन नेशनल सेंटर फॉर ओसीन इनफोर्मेशन सर्विस और कई अन्य एजेंसियों को इनसैट-3डीएस से फायदा मिलेगा।

Tags: INSAT-3DSISROspace news
Previous Post

इन स्कीम्स में पैसे निवेश करें गृहणियां, मिलेगा बंपर रिटर्न

Next Post

CBSE कराएगा ओपन-बुक एग्जाम, जाने कब से होगा लागू

Writer D

Writer D

Related Posts

WhatsApp
Main Slider

WhatsApp का नया ‘जादू’: 15 मिनट में मैसेज गायब! अब चैट में नहीं बचेगा कोई भी ‘सबूत’

23/03/2026
Amazon
Tech/Gadgets

शुरू हो गई Amazon की बड़ी Electronics Sale, स्मार्टफोन, TV और लैपटॉप पर मिल रहे बंपर ऑफर

08/03/2026
Google CEO Sundar Pichai met PM Modi
Tech/Gadgets

गूगल CEO ने पीएम मोदी से की मुलाकात, बोलें- भारत आकर अच्छा लगा

18/02/2026
Google Docs
Tech/Gadgets

रीड नहीं, अब सुनिए! Google Docs में आया ऑडियो समरी फीचर

14/02/2026
Apple
Tech/Gadgets

मुंबई वालों को दूसरा तोहफा! अब यहां खुलेगा Apple का नया स्टोर

13/02/2026
Next Post
SSC

CBSE कराएगा ओपन-बुक एग्जाम, जाने कब से होगा लागू

यह भी पढ़ें

गांधी जी को पुष्पांजलि mahatma gandhi

गांधी जी को पुष्पांजलि और सत्य, अहिंसा और शांति से किनारा, यह तो नहीं चलेगा

30/01/2021
CM Nayab Singh

डबल इंजन की सरकार कर रही शहीदों के सपनों को साकार : नायब सिंह सैनी

31/07/2024
Babu Singh Kushwaha

सपा सांसद की करोड़ों की जमीन जब्त, बुलडोजर लेकर पहुंची ED

02/08/2024
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version