• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

कामदा एकादशी: इस व्रत को करने से होती है मोक्ष की प्राप्ति, जानें पूजा विधि और शुभ मुहूर्त

Writer D by Writer D
23/04/2021
in Main Slider, धर्म, फैशन/शैली
0
Yogini Ekadashi

Yogini Ekadashi

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

हिन्दू धर्म में एकादशी का काफी महत्व होता है। चैत्र मास की शुक्ल पक्ष की एकादशी सबसे ज्यादा विशेष मानी जाती है, जिसे कामदा एकादशी कहा जाता है। इस बार कामदा एकादशी 23 अप्रैल को है।

यह भगवान विष्णु की प्रिय एकादशी तिथि है। इस दिन भगवान विष्णु की विधि- विधान से पूजा करने से मनवांछित फल की प्राप्ति होती है। कामदा एकादशी का व्रत बहुत ही फलदायी होती है, इसलिए इसे फलदा एकादशी में कहते हैं। आइए जानते हैं की पूजा विधि और महत्व..

शुभ मुहूर्त

22 अप्रैल की रात 11 बजकर 35 मिनट से एकादशी तिथि आरंभ होगी। कामदा एकादशी की तिथि का समापन 23 अप्रैल की रात 09 बजकर 47 मिनट पर होगा।

कामदा एकादशी व्रत का महत्व

कामदा एकादशी का व्रत करने से व्यक्ति के सभी पापों का नाश होता है और उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है। पौराणिक मान्यताओं के मुताबिक, भगवान विष्णु की कृपा से कामदा एकादशी का व्रत करने वाले को बैकुण्ठ जाने का सौभाग्य प्राप्त होता है। इस व्रत को करने से प्रेत योनी से भी मुक्ति मिलती है।

कामदा एकादशी व्रत पूजा विधि

प्रातः जल्दी उठकर नित्यक्रिया से निवृत्त होने के बाद स्नान करें।

स्नान के बाद निर्मल वस्त्र धारण कर कामदा व्रत का संकल्प लेना चाहिए।

व्रत का संकल्प लेने के बाद आप सबसे पहले भगवान विष्णु की पूजा करें।

भगवान विष्णु को फल, फूल, दूध, तिल, पंचामृत इत्यादि सामग्री अर्पण करें।

इस दिन व्रती को एकादशी व्रत की कथा सुननी चाहिए।

वहीं रात्रि में भगवान का भजन-कीर्तन करते हुए जागरण करना चाहिए।

व्रत के अगले दिन यानी द्वादशी को व्रती को ब्राह्मण या किसी भूखे गरीब को भोजन करवाकर, दान-दक्षिणा देना चाहिए।

इसके बाद आप भोजन करें।

Tags: kamada ekadashikamada ekadashi pujakamada ekadashi shubh muhurt
Previous Post

23 अप्रैल राशिफल: इन राशियों को मिलेगी खुशखबरी, कुंभ राशि वाले रहें सतर्क

Next Post

कोविड अस्पताल के ICU में लगी आग, 13 मरीजों की जलकर मौत

Writer D

Writer D

Related Posts

Kidney
फैशन/शैली

किडनी की बीमारी में ना करें इन चीजों का सेवन

30/07/2026
black raisins
फैशन/शैली

गर्भावस्था के लिए फायदेमंद होती है ये छोटी सी चीज

30/07/2026
Anand Bardhan
Main Slider

प्रदेश भर में हो स्वतंत्रता दिवस का भव्य आयोजन : मुख्य सचिव

29/07/2026
CM Dhami
Main Slider

धामी सरकार ने विकास योजनाओं के लिए ₹14 करोड़ की दी मंजूरी

29/07/2026
Monsoon Session
Main Slider

एंटी पेपर लीक बिल लोकसभा से पास, नकल माफियाओं पर कसेगा शिकंजा

29/07/2026
Next Post
Vijay Vallabh Kovid Hospital

कोविड अस्पताल के ICU में लगी आग, 13 मरीजों की जलकर मौत

यह भी पढ़ें

Rahul Gandhi

राहुल गांधी का चौकाने वाला दावा, ईडी को लेकर कही ये बड़ी बात

02/08/2024

पत्नी और दो बच्चों के हत्यारे डॉक्टर पर पुलिस ने घोषित किया इनाम

05/12/2021
raw liquor

अवैध शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़, जमीन में दफन शराब का जखीरा बरामद

16/11/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version