ओडिशा में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी हासिल हुई। पुलिस ने शीर्ष माओवादी नेता गणेश उइके (Ganesh Uikey) को मुठभेड़ में मार गिराया है। गणेश उइके पर सरकार ने 1.1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। अब कंधमाल जिले में सुरक्षा बलों और माओवादियों के बीच मुठभेड़ हुई। इस दौरान शीर्ष माओवादी नेता गणेश उइके के साथ-साथ तीन और नक्सलियों को भी ढेर कर दिया गया। पुलिस के अनुसार यह मुठभेड़ गुरुवार को चकापाड़ थाना क्षेत्र के जंगलों में हुई।
गणेश उइके (Ganesh Uikey) सीपीआई (माओवादी) की केंद्रीय समिति का सदस्य था और ओडिशा में प्रतिबंधित संगठन का मुखिया माना जाता था। उसके सिर पर 1.1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित किया गया था। गणेश उइके की उम्र 69 साल थी और वह तेलंगाना के नालगोंडा जिले के चेंदूर मंडल के पुललेमाला गांव का रहने वाला था। गणेश उइके (Ganesh Uikey) को पक्का हनुमंतु, राजेश तिवारी, चमरू और रूपा जैसे कई नामों से जाना जाता था।
पुलिस का कहना है कि इलाके में और भी खोजबीन की जा रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक स्पेशल इंटेलिजेंस विंग से खुफिया जानकारी मिली थी, जिसके आधार पर सुरक्षा बलों ने जॉइंट ऑपरेशन शुरू किया था। सुरक्षाबलों को जंगल में देखकर नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। फिर सुरक्षाबलों की ओर से जवाबी कार्रवाई की गई। इस दौरान मुठभेड़ में चारों नक्सलियों को मार गिराया गया।
लंबे समय से ओडिशा में एक्टिव था गणेश उइके (Ganesh Uikey)
गणेश उइके (Ganesh Uikey) लंबे समय से ओडिशा में एक्टिव था और माओवादी संगठन में अहम रोल अदा कर रहा था। उसे ओडिशा राज्य की जिम्मेदारी दी गई थी। यही नहीं वह ओडिशा के साथ-साथ छत्तीसगढ़ में भी एक्टिव था। क्योंकि बताया जा रहा है कि गणेश उइके साउथ सब जोनल का इंचार्ज था। उसे करीब 7 राज्यों में ढूंढ़ा जा रहा था। अब गणेश उइके को एनकाउंटर में ढेर कर दिया गया।







