• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

इस मंदिर में अकेले विराजमान है भोलेनाथ, 5300 साल से गर्भगृह के बाहर मां पार्वती कर रही इंतजार

Writer D by Writer D
26/07/2024
in धर्म, Main Slider, फैशन/शैली
0
Gopeshwar Mahadev

Gopeshwar Mahadev

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

सावन (Sawan) का महीना भगवान शिव (Lord Shiva) को बेहद प्रिय है। भक्त भगवान शिव के अभिषेक, दर्शन और पूजन के लिए शिव मंदिर जाते है। भक्तों को हरेक मंदिर के गर्भ गृह में बीच में शिवलिंग और पास में ही नंदी के साथ माता पार्वती, गणेश और कार्तिकेय जी भी बैठे मिलेंगे। लेकिन, दुनिया का शायद इकलौता शिव मंदिर वृंदावन में है, जहां भोलेनाथ तो गर्भ गृह में विराजमान हैं और माता पार्वती दरवाजे के बाहर बैठकर उनके बाहर निकलने का इंतजार कर रही हैं।

श्रीमद भागवत महापुराण में द्वापर युग यानी करीब 5300 साल पहले स्थापित प्रसिद्ध गोपेश्वर महादेव मंदिर और गोपेश्वर महादेव (Gopeshwar Mahadev) की महिमा का प्रसंग मिलता है। इस प्रसंग में साफ तौर पर कहा गया है कि वृंदावन में स्थापित यह मंदिर उसी समय का है जब भगवान कृष्ण ने महारास रचाया था। भगवान शिव महारास देखने के लिए यहां आए थे।

इस महारास में भगवान कृष्ण अकेले पुरुष थे, जबकि उनके साथ लाखों गोपियां थीं। भगवान शिव (Shiva) ने भी महारास में घुसने की कोशिश की, लेकिन गोपियों ने उन्हें दरवाजे पर ही रोक दिया। उस समय भगवान शिव ने एक गोपी की ही सलाह पर स्त्री रूप धारण किया, साड़ी पहनी, नाक में बड़ी सी नथुनी पहनी, कानों में बाली पहनी और 16 श्रृंगार किए। इसके बाद वह महारास में शामिल हो पाए।

भोलेनाथ का पीछा करते वृंदावन पहुंची पार्वती

भागवत महापुराण के मुताबिक उस समय भगवान शिव (Shiva) पहली बार माता पार्वती को बिना बताए कैलाश से बाहर निकले थे। जैसे ही इसकी खबर माता पार्वती को हुई, वह भी भगवान शिव का पीछा करते हुए वृंदावन पहुंच गईं। यहां उन्होंने देखा कि बाबा नथुनिया वाली गोपी बने हैं और भगवान कृष्ण के साथ गलबहियां कर रास रचा रहे है। यह देखकर माता पार्वती भी मोहित हो गईं। उन्होंने भी सोचा कि वह भी दर जाकर महारास में शामिल हो जाएं, लेकिन उन्हें डर था कि बाबा तो अंदर जाकर पुरूष से स्त्री बन गए, यदि वह भी स्त्री से पुरुष बन गईं तो क्या होगा।

गर्भ गृह के बाहर बैठकर इंतजार कर रही हैं माता

यही सोच कर माता पार्वती बाहर दरवाजे पर ही बैठकर बाबा को बाहर बुलाने के लिए इशारे करने लगीं। उस समय बाबा ने भी साफ कह दिया कि इस रूप में तो अब वह यहीं रहेंगे। तब से भगवान शिव (Shiva) साक्षात गोपेश्वर महादेव (Gopeshwar Mahadev) के रूप में यहां विराजमान हैं और गर्भगृह के बाहर माता पार्वती उनके इंतजार में बैठी हैं। आज भी समय समय पर बाबा नथुनिया पहन कर गोपी बनते हैं। खासतौर पर शरद पूर्णिमा की रात यानी महारास के दिन बाबा 16 श्रृंगार धारण करते हैं। वैसे तो सावन में सभी शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं की खासी भीड़ उमड़ती है, लेकिन भोलेनाथ के इस मंदिर में सबसे ज्यादा श्रद्धालु शरद पूर्णिमा को आते हैं।

Tags: gopeshwar mahadevgopeshwar mahadev mandir vrindavanSawan 2024sawan specialVrindavan
Previous Post

प्रदेश बीजेपी में नहीं थम रही रार, सीएम की बैठक में फिर नहीं पहुंचे केशव मौर्य

Next Post

सावन मास में इस दिन रखा जाएगा कामिका एकादशी व्रत, जानें नियम और महत्व

Writer D

Writer D

Related Posts

Marriage
धर्म

आपकी इन गलतियों की वजह से आ सकती है शादी में रुकावट, करें ये उपाए

11/02/2026
Masik Shivaratri
धर्म

महाशिवरात्रि पर शिवजी को लगाएं इन चीजों का भोग, बरसेगी कृपा

11/02/2026
kalava
धर्म

इस दिन बांधे मौली, होंगे ये फायदे

11/02/2026
Paush Amavasya
Main Slider

भगवान की आरती करने के दौरान जरूर करें इन नियमों का पालन

11/02/2026
Boyfriend
फैशन/शैली

आपकी ये आदतें पार्टनर को दिलाती है गुस्सा

11/02/2026
Next Post
Devuthani Ekadashi

सावन मास में इस दिन रखा जाएगा कामिका एकादशी व्रत, जानें नियम और महत्व

यह भी पढ़ें

IBPS PO SO Main Exam and Interview Result Declared

ICSI CS रिजल्ट डेट जारी, यहां पर अपलोड होंगे मार्क्स

16/02/2023
benefits of clove

छोटी सी लौंग बीमारियों को चुटकी में करें छूमंतर, जानें जरूर

27/07/2021

पाकिस्तान में कट्टरपंथियों ने हिंगलाज मंदिर में स्थापित माता की मूर्ति को तोड़ा

25/10/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version