लखनऊ। प्रधानमंत्री प्रधानमंत्री की पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने की अपील के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तत्काल इसका पालन पूरे प्रदेश में करने पर जोर दिया था। इसके बाद इस मुहिम का प्रदेशव्यापी असर देखने को मिल रहा है। कैबिनेट मंत्री से लेकर पार्षद तक इसमें अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर रहे हैं। प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना (Suresh Khanna) ने सराहनीय पहल की है। गुरुवार को उन्होंने अपने सरकारी आवास 10 कालिदास मार्ग से विधानसभा स्थित कार्यालय तक साइकिल से पहुंचकर ऊर्जा संरक्षण और ईंधन बचत का संदेश दिया। आयुष मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने इलेक्ट्रिक व्हीकल का इस्तेमाल किया।
सप्ताह में एक दिन साइकिल से कार्यालय जाने का लिया संकल्प-
मंत्री सुरेश खन्ना (Suresh Khanna) ने कहा कि वह प्रत्येक सप्ताह कम से कम एक दिन साइकिल से कार्यालय जाएंगे, ताकि आम लोगों को भी ईंधन बचाने और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया जा सके। उन्होंने कहा कि देश में लगभग 85 से 86 प्रतिशत पेट्रोलियम उत्पाद विदेशों से आयात किए जाते हैं, जिससे भारी मात्रा में विदेशी मुद्रा खर्च होती है। ऐसे में ईंधन की बचत केवल आर्थिक मजबूती ही नहीं, बल्कि राष्ट्रहित से भी जुड़ा विषय है।
जनभागीदारी से मजबूत हो रहा ऊर्जा संरक्षण अभियान-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशन में उत्तर प्रदेश सरकार लगातार पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ ऊर्जा और संसाधनों के संतुलित उपयोग को बढ़ावा दे रही है। मंत्री सुरेश खन्ना की यह पहल योगी सरकार की उसी सोच को आगे बढ़ाने वाली मानी जा रही है। साइकिल के उपयोग को बढ़ावा देकर सरकार स्वस्थ जीवनशैली और प्रदूषण नियंत्रण का भी संदेश दे रही है। राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर इस पहल को सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
‘प्रधानमंत्री की काशी’ में दिखा आह्वान का असर-
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील का असर ‘उनकी काशी’ में दिखने लगा है। वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी प्रदेश में ऊर्जा, ईंधन आदि के आवश्यक उपयोग का निर्देश दिया है। प्रदेश के आयुष मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) सिंगल कार का प्रयोग शुरू किया तो कैंट विधायक सौरव श्रीवास्तव ने अपने क्षेत्र में साइकिल चलाई। महापौर अशोक तिवारी गुरुवार को आवास से पैदल ही नगर निगम कार्यालय पहुंचे। उनके समर्थक और पार्षद भी इस मुहिम में शामिल दिखे। जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने जनपद के सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से पेट्रोल-डीजल की बचत सुनिश्चित करते हुए विभागीय एवं निजी वाहनों के कम से कम उपयोग करने के निर्देश दिए हैं। वाराणसी नगर निगम शनिवार को ‘नो फ्यूल डे’ के रूप में मनाएगा।
सांसद रविकिशन ने काफिला छोटा किया, महापौर ने हटाया स्कॉर्ट वाहन-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश का असर दिखने लगा है। गोरखपुर के महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव ने अब बिना स्कॉर्ट वाहन के आना-जाना शुरू कर दिया है। सांसद रविकिशन शुक्ल ने भी अपना काफिला छोटा कर दिया है। अब वह दो गाड़ियों के साथ ही निकल रहे हैं। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) के उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने मुख्यमंत्री की अपील के बाद अपने कार्य दायित्व निर्वहन के लिए स्कॉर्ट वाहन को हटा दिया है। इसके साथ ही प्रशासन के अधिकारी शीघ्र ही सप्ताह में एक दिन ‘नो वेहिकल डे’ अपनाने जा रहे हैं।
अयोध्या के महापौर और नगर आयुक्त ने लौटाए सुरक्षा वाहन, बाराबंकी डीएम पैदल पहुंचे कलेक्ट्रेट-
अयोध्या में महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी एवं नगर आयुक्त जयंत कुमार ने अपने सुरक्षा वाहन नगर निगम को वापस कर दिए हैं। महापौर ने बताया कि नगर निगम ने ईंधन खर्च में कटौती के लिए ठोस रणनीति तैयार की है। इसके तहत सभी पार्षद सोमवार को निजी वाहनों का प्रयोग नहीं करेंगे और सार्वजनिक वाहन से ही नगर निगम आएंगे। इसी क्रम में बाराबंकी में जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह अपने आवास से कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय तक पैदल पहुंचे। उनके साथ अपर जिलाधिकारी (वि/रा) निरंकार सिंह भी पैदल चले। जिलाधिकारी ने अपनी एस्कॉर्ट भी हटा दी है, ताकि ईंधन बचत और सादगी का संदेश आमजन तक पहुंच सके।
प्रशासनिक अधिकारियों ने छोड़ा एस्कॉर्ट, सभी पार्षद अब दोपहिया वाहनों का करेंगे इस्तेमाल-
पीएम मोदी की अपील और प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवाहन के बाद प्रयागराज के डीएम मनीष कुमार वर्मा, मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल और पुलिस आयुक्त जोगेंद्र कुमार ने एस्कॉर्ट छोड़ दी है। ये प्रशासनिक अधिकारी अपने वाहन से चल रहे हैं। प्रयागराज महापौर की अध्यक्षता में एक आवश्यक बैठक बुलाई गई । मेयर उमेश चन्द गणेश केसरवानी का कहना है कि सदन में फैसला लिया गया है कि सभी पार्षद चार पहिया वाहनों की जगह में अब दो पहिया वाहनों से अपने क्षेत्र में जायेंगे। उप मेयर अखिलेश सिंह का कहना है सभी जन प्रतिनिधियों का यह सामूहिक मत है कि वैश्विक परिदृश्य को देखते हुए हम भी देश के साथ खड़े हों।
साइकिल से दफ्तर पहुंचे कमिश्नर, रामपुर के डीएम ने वर्चुअल कीं बैठकें-
मुख्यमंत्री के निर्देशों का मुरादाबाद मंडल में जमीनी स्तर पर सकारात्मक असर दिखना शुरू हो गया है। मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह साइकिल से अपने कार्यालय पहुंचे। मुरादाबाद मंडल के जिलाधिकारियों ने भी खर्चों में कटौती के इस महाअभियान में अपनी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित कर दी है। रामपुर के डीएम अजय कुमार द्विवेदी ने सभी अधिकारियों को अनावश्यक वाहनों का प्रयोग न करने और तेल की खपत कम करने के कड़े निर्देश दिए हैं। इसी क्रम में गाड़ियों की दौड़ घटाते हुए उन्होंने दो महत्वपूर्ण बैठकें भी वर्चुअल संपन्न कीं।
डीएम ने अधिकारियों को दिए ईंधन बचाने के निर्देश-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंत्रियों को अपनी फ्लीट आधी करने व प्रशासनिक अधिकारियों को ईंधन की बचत के निर्देश दिए हैं। इसी कड़ी में जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने भी विभागीय अधिकारियों व कर्मचारियों को ईंधन की बचत के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी अधिकारी फील्ड विजिट के लिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट का ज्यादा से ज्यादा उपयोग करें। अत्यधिक जरूरी होने पर ही सरकारी वाहन का उपयोग करें। अधिकारी फील्ड विजिट के लिए दूसरे विभागों से समन्वय स्थापित करते हुए एक दूसरे के साथ वाहन को शेयर करें।









