• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

कब मनाई जाएगी संतान सप्तमी, जानें इसकी पूजा विधि और महत्व

Writer D by Writer D
18/09/2023
in धर्म, फैशन/शैली
0
Santan Saptami

Santan Saptami

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

हिन्दू धर्म के प्रमुख व्रत-त्योहारों में एक है संतान सप्तमी (Santan Saptami )। इस व्रत को महिलाएं संतान की प्राप्ति, उनकी तरक्की और लंबी आयु के लिए करती हैं। हिन्दू पंचांग के अनुसार संतान सप्तमी का व्रत भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को रखा जाता है। इस साल यह व्रत 22 सितंबर 2023, शुक्रवार को रखा जाएगा। इसे मुक्ताभरण व्रत और ललिता सप्तमी व्रत के नाम से भी जाना जाता है। इसी दिन से महालक्ष्मी व्रत की भी शुरूआत हो रही हैं। महालक्ष्मी व्रत को आर्थिक तंगी दूर करने के लिए बहुत लाभदायक माना जाता है। आइये जानते हैं इस व्रत का महत्व…

संतान सप्तमी (Santan Saptami ) तिथि और मुहूर्त

ये व्रत हर वर्ष भाद्रपद महीने की शुक्लपक्ष के सप्तमी तिथि के दिन रखा जाता है। इस साल सप्तमी तिथि 22 सितंबर को पड़ रही है। भाद्रपद महीने के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि 21 सितंबर को दोपहर 2:14 बजे शुरू होकर 22 सितंबर 2023 को दोपहर 1:35 बजे खत्म होगी। उदया तिथि के अनुसार 22 सितंबर को व्रत रखा जाएगा।

ब्रह्म मुहूर्त : सुबह 4:35 से सुबह 5:22 तक

अभिजित मुहूर्त : सुबह 11:49 से दोपहर 12:38 तक

अमृत काल : सुबह 6:47 से सुबह 8:23 तक

संतान सप्तमी (Santan Saptami ) व्रत का महत्व

संतान सप्तमी (Santan Saptami ) व्रत संतान और उसकी मंगलकामना के लिए रखा जाता है। इस व्रत में भगवान शंकर और माता पार्वती की विधिवत पूजा की जाती है। इस व्रत को स्त्री व पुरुष दोनों ही रख सकते हैं।

संतान सप्तमी (Santan Saptami ) के दिन भगवान सूर्य की भी पूजा की जाती है। संतान की सुख-समृद्धि के लिए इस व्रत को सबसे उत्तम माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन का व्रत करने से संतान की प्राप्ति होती है, संतान दीर्घायु होती है और उनके सभी दुखों का नाश होता है।

Tags: Santan Saptami 2023Santan Saptami dateSantan Saptami muhurtSignificance Of Santan Saptami Vrat
Previous Post

गणेश स्थापित करते समय इन बातों का रखें ध्यान, गजानन रहेंगे प्रसन्न

Next Post

हरतालिका तीज पर हाथों में लगाएं पिया के नाम की खूबसूरत मेहंदी, यहां देखें लेटेस्ट डिजाइन

Writer D

Writer D

Related Posts

Eyeliner
फैशन/शैली

ऐसे बढ़ाएं आंखों की खूबसूरती

28/06/2026
mug omelette
Main Slider

आपकी क्रिएटिविटी दिखाएगा ये ऑमलेट, नोट करें Recipe

28/06/2026
Chicken Nuggets
फैशन/शैली

क्रिस्पी चिकन नगेट्स से इफ्तारी को बनाएं टेस्टी, नोट कर लें रेसिपी

28/06/2026
beard
Main Slider

हीरो जैसी बियर्ड की है चाहत, तो आजमाए ये नुस्खें

28/06/2026
forehead
ख़ास खबर

माथे के कालेपन को ये नुस्खे कर देंगे गायब

28/06/2026
Next Post
Hartalika Teej

हरतालिका तीज पर हाथों में लगाएं पिया के नाम की खूबसूरत मेहंदी, यहां देखें लेटेस्ट डिजाइन

यह भी पढ़ें

amit shah

भाजपा की चल रही लहर चौथे चरण में बदलेगी सुनामी में : शाह

21/02/2022
Divyanka Tripathi

दिव्यांका त्रिपाठी का हुआ एक्सीडेंट, टूटी हाथ की दो हड्डियां

19/04/2024
Amit Shah in chattisgarh

जगदलपुर पहुंचकर अमित शाह ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि, बोले- इस लड़ाई को अंजाम तक ले जाएंगे

05/04/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version