• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

फिर चलेगा 100 दिन का सघन टीबी रोगी खोज अभियान, तकनीक और जनभागीदारी पर यूपी सरकार का जोर

Writer D by Writer D
30/01/2026
in उत्तर प्रदेश, लखनऊ, स्वास्थ्य
0
TB

TB

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लखनऊ | 30 जनवरी 2026 उत्तर प्रदेश में टीबी (TB) उन्मूलन की दिशा में एक बार फिर बड़ा कदम उठाया जा रहा है। फरवरी 2026 से प्रदेश में दोबारा 100 दिन का सघन टीबी मुक्त भारत अभियान (TB Free India Campaign) शुरू किया जाएगा। इस अभियान के जरिए उन लोगों तक पहुंच बनाई जाएगी, जिनमें टीबी के लक्षण नहीं दिखते लेकिन वे बीमारी से ग्रस्त हैं। सरकार ने इसके लिए स्वास्थ्य तंत्र का विस्तार किया है और आधुनिक तकनीक का बड़े स्तर पर इस्तेमाल किया जा रहा है।

अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अमित घोष ने बताया कि प्रदेश में पोर्टेबल, एआई-सक्षम हैंड हेल्ड एक्स-रे मशीनों का बड़े पैमाने पर विस्तार किया गया है। इसके जरिए बिना लक्षण वाले टीबी रोगियों (TB Patients) की पहचान संभव हो सकी है। उन्होंने कहा कि “टीबी मुक्त भारत (TB Free India ) अभियान केवल एक स्वास्थ्य कार्यक्रम नहीं, बल्कि यह अभियान जन-आंदोलन बन चुका है, जिसमें सरकार, मीडिया, डेवलपमेंट पार्टनर्स और समुदाय की सामूहिक भागीदारी जरूरी है।”

उन्होंने यह जानकारी गोमतीनगर स्थित एक होटल में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यशाला में दी, जहां टीबी मुक्त उत्तर प्रदेश पर आधारित ई-न्यूजलेटर का विमोचन भी किया गया। अमित घोष ने बताया कि 7 दिसंबर 2024 से 17 जनवरी 2026 तक चले अभियान के दौरान प्रदेश में 3.02 करोड़ जोखिम वाली आबादी की स्क्रीनिंग की गई। इस दौरान 81.29 लाख लोगों की एक्स-रे जांच और 24.79 लाख नैट टेस्ट किए गए। इन प्रयासों से 7.33 लाख टीबी मरीजों की पहचान हुई, जिनमें करीब 1.69 लाख ऐसे लोग थे, जिनमें बीमारी के कोई लक्षण नहीं थे। एनएचएम की एमडी डॉ. पिंकी ने कहा कि वर्ष 2015 की तुलना में टीबी के नए मामलों की दर में 17 प्रतिशत की कमी आई है। राज्य में टीबी मरीजों (TB Patients) को सामाजिक सहयोग देने के लिए शुरू की गई निक्षय मित्र पहल भी अहम भूमिका निभा रही है। मिशन निदेशक ने बताया कि अब तक 98.9 हजार निक्षय मित्रों के माध्यम से 10.3 लाख टीबी रोगियों को पोषण किट दी जा चुकी हैं। राज्य क्षय रोग अधिकारी डॉ. शैलेन्द्र भटनागर ने कहा कि “वर्ष 2024 में चलाए गए 100-दिवसीय सघन टीबी मुक्त भारत अभियान के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं।”

उन्होंने भरोसा जताया कि फरवरी से शुरू होने वाला नया अभियान उत्तर प्रदेश को टीबी उन्मूलन के लक्ष्य के और करीब ले जाएगा। अगले महीने फिर तेज़ होगा टीबी के खिलाफ अभियान, यूपी ने बढ़ाई जांच और इलाज की ताकत लखनऊ में स्वास्थ्य विभाग की एक राज्य स्तरीय कार्यशाला के दौरान यह साफ हुआ कि उत्तर प्रदेश में टीबी के खिलाफ लड़ाई अब और तेज होने जा रही है। अगले महीने से प्रदेश में दोबारा “100-दिवसीय सघन टीबी मुक्त भारत अभियान” शुरू किया जाएगा। सरकार ने पोर्टेबल, एआई-सक्षम हैंड हेल्ड एक्स-रे मशीनों का बड़ा नेटवर्क तैयार किया है, जिससे बिना लक्षण वाले टीबी मरीजों की पहचान आसान हो रही है। अधिकारियों ने कहा कि “टीबी मुक्त भारत अभियान” अब केवल सरकारी योजना नहीं, बल्कि एक जन-आंदोलन बन चुका है। अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण अमित घोष ने बताया कि राज्य में 930 नैट मशीनों के माध्यम से मरीजों को बेहतर और सटीक जांच की सुविधा मिल रही है। उन्होंने बताया कि 7 दिसंबर 2024 से शुरू हुए अभियान के दौरान प्रदेश में 3.02 करोड़ जोखिम वाली आबादी की स्क्रीनिंग की गई। इसी दौरान 81.29 लाख एक्स-रे जांचें और 24.79 लाख नैट टेस्ट किए गए, जिससे समय पर बीमारी की पहचान संभव हो सकी। इस बड़े प्रयास का असर भी साफ दिखा है।

जांच के दौरान 7.33 लाख टीबी मरीजों की पहचान की गई, जिनमें करीब 1.69 लाख ऐसे लोग थे जिनमें कोई लक्षण नहीं थे। एनएचएम की एमडी डॉ. पिंकी ने बताया कि वर्ष 2015 की तुलना में अब नए टीबी मरीजों की संख्या में 17 प्रतिशत की कमी आई है, जो प्रदेश के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

टीबी मरीजों (TB Patient) को इलाज के साथ सामाजिक सहारा देने के लिए शुरू की गई “निक्षय मित्र” पहल भी लगातार मजबूत हो रही है। मिशन निदेशक ने बताया कि अब तक लगभग 98.9 हजार निक्षय मित्रों के जरिए 10.3 लाख मरीजों को पोषण किट दी जा चुकी हैं। राज्य क्षय रोग अधिकारी डॉ. शैलेन्द्र भटनागर ने कहा कि पिछले अभियान के अच्छे नतीजों को देखते हुए फरवरी 2026 से फिर 100 दिन का अभियान शुरू किया जाएगा, जिससे उत्तर प्रदेश टीबी उन्मूलन के लक्ष्य के और करीब पहुंचेगा।

Tags: TB patient
Previous Post

मुख्यमंत्री धामी के विजन को ज़मीन पर उतारने में जुटा आवास विभाग

Next Post

राजस्व भवनों के निर्माण कार्य को मिली रफ्तार

Writer D

Writer D

Related Posts

Keshav Prasad Maurya
उत्तर प्रदेश

जनसेवा मेरा संकल्प, जनता की मुस्कान ही मेरी असली पूँजी: केशव प्रसाद मौर्य

30/03/2026
CM Yogi
Main Slider

पीड़ितों की समस्याओं का उचित समाधान सरकार की प्राथमिकता: मुख्यमंत्री

30/03/2026
Noida International Airport
Main Slider

यूपी में विकास अब घोषणा नहीं बल्कि परिणाम है, नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट साबित हुआ सफल उदाहरण

29/03/2026
Sugarcane
उत्तर प्रदेश

गन्ना उत्पादन, पौध तैयार करने और वैल्यू एडिशन में सक्रिय भागीदारी निभाएंगी महिलाएं

29/03/2026
CM Yogi
उत्तर प्रदेश

मुख्यमंत्री योगी के निर्देश पर किसानों को मुआवजा मिलना शुरु, एक अप्रैल तक बारिश का भी अलर्ट

29/03/2026
Next Post
Revenue Building

राजस्व भवनों के निर्माण कार्य को मिली रफ्तार

यह भी पढ़ें

Mallikarjun Kharge

‘देश में ‘आया राम-गया राम’ जैसे कई लोग हैं’, नीतीश कुमार के पाला बदलने पर बोले खड़गे

28/01/2024
Molestation

छेड़खानी से तंग आकर कक्षा 6 की छात्रा ने स्कूल जाना किया बंद

19/12/2022
CM Dhami inaugurated Amar Ujala Digital Office in Dehradun

डिजिटल पत्रकारिता को बताया सूचना क्रांति का सशक्त माध्यम : सीएम धामी

27/08/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version