उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र की अधिसूचना मंगलवार को जारी हो गयी। प्रमुख सचिव विधानसभा प्रदीप दुबे ने बताया कि राज्यपाल ने सत्रहवीं विधानसभा को उसके 2021 के दूसरे 17 अगस्त को सुबह 11 बजे विधानसभा मंडप, विधान भवन में आहूत किया है। राज्यपाल ने विधान परिषद की बैठक भी आहूत की है।
मानसून सत्र के दौरान सरकार 18 अगस्त को अनुपूरक बजट पेश कर सकती है। इस सत्र में सरकार जनसंख्या नियंत्रण के लिए विधेयक लाने की तैयारी कर रही है। हालांकि राज्य विधि आयोग ने इस बाबत अपनी संस्तुति सरकार को अभी नहीं भेजी है। संभावना है कि आयोग जल्द ही सरकार को अपनी सिफारिश भेजेगा ताकि आगामी सत्र में जनसंख्या नियंत्रण विधेयक पेश किया जा सके।
सत्र के पहले दिन विधानसभा में शोक प्रस्ताव पेश किये जायेंगे। शीतकालीन सत्र के बाद से अब तक एक राज्य मंत्री समेत भाजपा के छह विधायक दिवंगत हो चुके हैं। इनमें राजस्व राज्य मंत्री और चरथावल (मुजफ्फरनगर) के विधायक रहे विजय कश्यप, लखनऊ पश्चिम के विधायक सुरेश कुमार श्रीवास्तव, सलोन (रायबरेली) के विधायक दल बहादुर कोरी, नवाबगंज (बरेली) के विधायक केसर सिंह, औरैया के विधायक रमेश चंद्र दिवाकर की मृत्यु कोरोना संक्रमण के कारण हुई जबकि अमापुर (कासगंज) के विधायक रहे देवेंद्र प्रताप सिंह का निधन हार्ट अटैक से हुआ। मानसून सत्र का विस्तृत कार्यक्रम अभी जारी नहीं हुआ है लेकिन सूत्रों के मुताबिक इसकी अवधि लगभग एक हफ्ता होगी। गौरतलब है कि विधानमंडल का शीतकालीन सत्र 18 फरवरी से शुरू हुआ था जिसमें दोनों सदनों की अंतिम बैठक चार मार्च को हुई थी। 30 मार्च को शीतकालीन सत्र का अवसान हो गया था।
प्रदेश सरकार उत्तर प्रदेश में वर्ष 2022 में विधानसभा चुनाव को देखते हुए मानसून सत्र में अनुपूरक बजट लाने की तैयारी में है। विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश की योगी सरकार कई लुभावनी नयी पुरानी योजनाओं को अंजाम तक पहुंचाने की तैयारी में है। विधानमंडल सत्र में लाये जाने वाले अनुपूरक बजट में अधूरी योजनाओं को आगे बढ़ाने व पूरा कराने के लिए सरकार खजाना खोलेगी। इसमें सबसे महत्वपूर्ण तो एक्सप्रेस-वे, जेवर एयरपोर्ट, फिल्म सिटी व मेट्रो परियोजनाएं हैं। इस दौरान लाभार्थी परक परियोजनाओं को भी परवान चढ़ाया जायेगा।
शिलान्यास होने के बाद दिवाली के आसपास गंगा एक्सप्रेसवे का निर्माण शुरू होना है। इसके लिए सरकार को जमीन खरीद व यूटीलिटी शिफ्टिंग व अन्य खर्चों को पूरा करने के लिए एकमुश्त रकम का इंतजाम करना होगा। पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का भी लोकार्पण होना है। बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे के बचे 35 प्रतिशत काम को पूरा कराने के लिए भी करोड़ों रुपये का प्रावधान किया जायेगा। ग्रेटर नोएडा में फिल्म सिटी किस मॉडल पर बनेगी, यह अभी तय होना है, लेकिन शुरूआती खर्चों के लिए कुछ रकम जरूरी रखी जायेगी।









