• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

सर्दी में रामलला खाएंगे रबड़ी, सुबह लगेगा पंचमेवा का भोग

Writer D by Writer D
12/11/2022
in Main Slider, अयोध्या, उत्तर प्रदेश
0
Ram

Ramlala

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

अयोध्या। रामलला (Ramlala ) वैसे तो अभी अस्थाई गर्भगृह में हैं, लेकिन अब उनके उनके ठाठ-बाट में कोई कमी नहीं है। मौसम के अनुसार उन्हें भोग लगाया जाता है, कपड़े पहनाए जाते हैं। सर्दी व गर्मी से बचाने के लिए उपकरण भी लगाए जाते हैं। हर उत्सव उनके दरबार में भव्यता से मनाया जाता है। उनके ठाठ-बाट का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हर रोज उनकी सुबह पंचमेवा व पेड़ा से होती है, लेकिन अबकी सर्दी से रामलला को पेड़ा के स्थान पर रबड़ी का भोग अर्पित किया जाएगा।

रामलला (Ramlala ) को सुबह से शाम तक तीन बार भोग लगता है। सुबह बाल भोग, दोपहर में राजभोग व शाम को संध्या भोग लगाया जाता है। उन्हें सुबह 6:30 बजे बाल भोग में पंचमेवा यानि की गरी, छुआरा, किशमिश, चिरौंजी व मिश्री परोसी जाती है। इसके बाद पेड़ा अर्पित किया जाता है, लेकिन अब पेड़ा की जगह पर रबड़ी का भोग लगाया जाएगा। प्रथम पाली में दर्शन खत्म होने के बाद दोपहर 12 बजे रामलला को राजभोग लगाया जाता है। राजभोग में उन्हें दाल, चावल, रोटी-सब्जी अर्पित की जाती है। आखिरी भोग संध्या भोग होता है जो दूसरी पाली में दर्शन खत्म होने के बाद शाम 7:30 बजे लगाया जाता है। संध्या भोग में पूड़ी, सब्जी और खीर अर्पित की जाती है।

श्रीराम जन्मभूमि (Shriram janmbhumi) के मुख्य अर्चक आचार्य सत्येंद्र दास बताते हैं कि अब रामलला के ठाठ-बाट में कोई कमी नहीं है। रामलला को खीर बहुत पसंद है। जिसे पंचमेवा व मखाना से बनाया जाता है। हर रोज एक बार उन्हें खीर जरूर परोसी जाती है। मुख्य अर्चक ने बताया कि रामलला का भोग शुद्ध देशी घी में तैयार किया जाता है। इस बार सर्दी में उन्हें रबड़ी का भोग लगाने की तैयारी है। इसको लेकर ट्रस्ट की सहमति मिल गई है। सुबह बाल भोग में उन्हें रबड़ी भी अर्पित की जाएगी। इस दौरान मंदिर में मौजूद भक्तों को प्रसाद भी दिया जाएगा।

उत्तर प्रदेश में चल रहा ‘कानून का राज’

रामलला (Ramlala) भले ही बालरूप में विराजमान हों बावजूद इसके वह हर एकादशी को व्रत रहते हैं। उन्हें फलाहार का भोग लगाया जाता है। इसमें कुट्टू या सिंघाड़े के आटे की पूड़ी, पकौड़ी व सेंधा नमक से बनी सब्जी परोसी जाती है। रामलला के भोग में लहसुन-प्याज निषिद्ध होता है। उन्हें मसूर की दाल भी नहीं अर्पित की जाती, अन्य दालें उन्हें पसंद हैं। रामलला की प्रतिदिन पांच बार आरती होती है।

आचार्य सत्येंद्र दास बताते हैं कि रामलला की सुबह सात बजे शृंगार आरती, दोपहर 12 बजे भोग आरती व शाम को दर्शन बंद होने के बाद करीब 7:30 बजे संध्या आरती होती है। ट्रस्ट ने शृंगार व भोग आरती में जहां 30-30 भक्तों को शामिल होने की अनुमति दी है। वहीं संध्या आरती में 60 भक्त शामिल हो सकते हैं। इसके लिए ट्रस्ट पास जारी करता है।

Tags: ayodhya newsram mandirRamlalaramlala mandirup news
Previous Post

ट्रक में घुसी तेज रफ्तार कार, तीन की दर्दनाक मौत

Next Post

निकाय अधिकारी डेंगू पर नियंत्रण के लिए डाक्टरों सेे परामर्श कर लोगों को करें जागरूक: ए के शर्मा

Writer D

Writer D

Related Posts

money plant
Main Slider

मनी प्लांट घर पर होने के बाद भी नहीं हो रहा लाभ, तो हो सकती है ये वजह

03/05/2026
Animals
Main Slider

इन जानवरों को खिलाने-पिलाने से दूर होती हैं जीवन की बाधाएं, मजबूत होते हैं ये ग्रह

03/05/2026
kalava
Main Slider

कितने दिन के बाद बदलना चाहिए कलावा, जानें इसके पीछे की धार्मिक मान्यता

03/05/2026
dark chin
Main Slider

ठुड्डी का कालापन कर रहा है शर्मिंदा, निजात पाने के लिए आजमाए ये उपाय

03/05/2026
Toner
Main Slider

इस चीज से मिलेगा कोरियन जैसा निखार, जानें बनाने का तरीका

03/05/2026
Next Post
AK Sharma

निकाय अधिकारी डेंगू पर नियंत्रण के लिए डाक्टरों सेे परामर्श कर लोगों को करें जागरूक: ए के शर्मा

यह भी पढ़ें

Keshav Prasad Maurya

कांग्रेस का मोहरा बन चुके अखिलेश सपा को समाप्त होने से बचाने पर ध्यान दें: केशव प्रसाद मौर्य

26/07/2024
CM Dhami

खलंगा युद्ध की गाथा हमेशा हमें देशभक्ति की प्रेरणा देता रहेगी: मुख्यमंत्री

01/12/2024
cm yogi

मुख्यमंत्री योगी का आज आजमगढ़ दौरा, जानें पूरा कार्यक्रम

24/05/2021
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version