• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

विकट संकष्टी चतुर्थी पर करें इस खास चीज का पाठ, गणेश जी दूर करेंगे जीवन के सभी कष्ट

Writer D by Writer D
22/04/2024
in धर्म, फैशन/शैली
0
Sankashti Chaturthi

Sankashti Chaturthi

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

हिंदू धर्म में गणेश जी को प्रथम पूज्य माना जाता है। चतुर्थी तिथि का व्रत महीने में दो बार किया जाता है। इस बार संकष्टी चतुर्थी (Sankashti Chaturthi) वैशाख माह के कृष्ण पक्ष में 27 अप्रैल को पड़ रही है। इस चतुर्थी को विकट संकष्टी चतुर्थी (Vikat Sankashti Chaturthi) के नाम से जाना जाता है।

मान्यता है कि विकट संकष्टी चतुर्थी (Vikat Sankashti Chaturthi) के दिन भगवान गणेश की पूजा करने से साधक को शुभ फलों की प्राप्ति होती है। भगवान गणेश को प्रसन्न करना चाहते हैं, तो विकट संकष्टी चतुर्थी के दिन पूजा के दौरान सच्चे मन से गणेश चालीसा का पाठ करें। ऐसा करने से जीवन के सभी कष्ट दूर होते हैं और घर में खुशियों का आगमन होता है।

गणेश चालीसा (Ganesh Chalisa Lyrics)

”दोहा”

जय गणपति सदगुणसदन, कविवर बदन कृपाल।

विघ्न हरण मंगल करण, जय जय गिरिजालाल॥

”चौपाई”

जय जय जय गणपति गणराजू।

मंगल भरण करण शुभ काजू॥

जय गजबदन सदन सुखदाता।

विश्व विनायक बुद्घि विधाता॥

वक्र तुण्ड शुचि शुण्ड सुहावन।

तिलक त्रिपुण्ड भाल मन भावन॥

राजत मणि मुक्तन उर माला।

स्वर्ण मुकुट शिर नयन विशाला॥

पुस्तक पाणि कुठार त्रिशूलं।

मोदक भोग सुगन्धित फूलं॥

सुन्दर पीताम्बर तन साजित।

चरण पादुका मुनि मन राजित॥

धनि शिवसुवन षडानन भ्राता।

गौरी ललन विश्व-विख्याता॥

प्राप्त होगा अक्षय फल

ऋद्घि-सिद्घि तव चंवर सुधारे।

मूषक वाहन सोहत द्घारे॥

कहौ जन्म शुभ-कथा तुम्हारी।

अति शुचि पावन मंगलकारी॥

एक समय गिरिराज कुमारी।

पुत्र हेतु तप कीन्हो भारी॥

भयो यज्ञ जब पूर्ण अनूपा।

तब पहुंच्यो तुम धरि द्घिज रुपा॥

अतिथि जानि कै गौरि सुखारी।

बहुविधि सेवा करी तुम्हारी॥

अति प्रसन्न है तुम वर दीन्हा।

मातु पुत्र हित जो तप कीन्हा॥

मिलहि पुत्र तुहि, बुद्धि विशाला।

बिना गर्भ धारण, यहि काला॥

गणनायक, गुण ज्ञान निधाना।

पूजित प्रथम, रुप भगवाना॥

अस कहि अन्तर्धान रुप है।

पलना पर बालक स्वरुप है॥

बनि शिशु, रुदन जबहिं तुम ठाना।

लखि मुख सुख नहिं गौरि समाना॥

सकल मगन, सुखमंगल गावहिं।

नभ ते सुरन, सुमन वर्षावहिं॥

शम्भु, उमा, बहु दान लुटावहिं।

सुर मुनिजन, सुत देखन आवहिं॥

लखि अति आनन्द मंगल साजा।

देखन भी आये शनि राजा॥

निज अवगुण गुनि शनि मन माहीं।

बालक, देखन चाहत नाहीं॥

गिरिजा कछु मन भेद बढ़ायो।

उत्सव मोर, न शनि तुहि भायो॥

कहन लगे शनि, मन सकुचाई।

का करिहौ, शिशु मोहि दिखाई॥

नहिं विश्वास, उमा उर भयऊ।

शनि सों बालक देखन कहाऊ॥

पडतहिं, शनि दृग कोण प्रकाशा।

बोलक सिर उड़ि गयो अकाशा॥

गिरिजा गिरीं विकल हुए धरणी।

सो दुख दशा गयो नहीं वरणी॥

हाहाकार मच्यो कैलाशा।

शनि कीन्हो लखि सुत को नाशा॥

तुरत गरुड़ चढ़ि विष्णु सिधायो।

काटि चक्र सो गज शिर लाये॥

बालक के धड़ ऊपर धारयो।

प्राण, मंत्र पढ़ि शंकर डारयो॥

नाम गणेश शम्भु तब कीन्हे।

प्रथम पूज्य बुद्घि निधि, वन दीन्हे॥

बुद्धि परीक्षा जब शिव कीन्हा।

पृथ्वी कर प्रदक्षिणा लीन्हा॥

चले षडानन, भरमि भुलाई।

रचे बैठ तुम बुद्घि उपाई॥

धनि गणेश कहि शिव हिय हरषे।

नभ ते सुरन सुमन बहु बरसे॥

चरण मातु-पितु के धर लीन्हें।

तिनके सात प्रदक्षिण कीन्हें॥

तुम्हरी महिमा बुद्ध‍ि बड़ाई।

शेष सहसमुख सके न गाई॥

मैं मतिहीन मलीन दुखारी।

करहुं कौन विधि विनय तुम्हारी॥

भजत रामसुन्दर प्रभुदासा।

जग प्रयाग, ककरा, दुर्वासा॥

अब प्रभु दया दीन पर कीजै।

अपनी भक्ति शक्ति कछु दीजै॥

श्री गणेश यह चालीसा।

पाठ करै कर ध्यान॥

नित नव मंगल गृह बसै।

लहे जगत सन्मान॥

”दोहा”

सम्वत अपन सहस्त्र दश, ऋषि पंचमी दिनेश।

पूरण चालीसा भयो, मंगल मूर्ति गणेश॥

Tags: Vikat Sankashti ChaturthiVikat Sankashti Chaturthi 2024Vikat Sankashti Chaturthi dateVikat Sankashti Chaturthi vrat
Previous Post

इस दिन रखा जाएगा वरुथिनी एकादशी का व्रत, जानिए इससे जुड़े नियम

Next Post

इस दिन से शुरू होगी जगन्नाथ रथ यात्रा, जानें इसका महत्व

Writer D

Writer D

Related Posts

wet hair
फैशन/शैली

आपकी ये गलतियां बालों का कर देती है बुरा हाल

19/05/2026
Makhana Chaat
खाना-खजाना

डायबिटीज के पेशेंट के लिए बेहद फायदेमंद है ये चाट, जानें बनाने का तरीका

19/05/2026
hair
फैशन/शैली

रूखे बालों की चमक रहेगी बरकरार, आज़माएं ये जादुई उपाय

19/05/2026
blackness of Neck
फैशन/शैली

काली गर्दन फिर से हो जाएगी साफ, ये हैक आएंगे आपके काम

19/05/2026
Hair Oil
फैशन/शैली

होममेड ऑयल से पाएं लंबे-घने और काले बाल, जानें बनाने का तरीका

19/05/2026
Next Post
Jagannath Rath Yatra

इस दिन से शुरू होगी जगन्नाथ रथ यात्रा, जानें इसका महत्व

यह भी पढ़ें

AK Sharma

कृषि अपशिष्ट से होगा बिजली उत्पादन, पराली बनेगी कोयले का विकल्प: एके शर्मा

15/07/2023
Suicide

फांसी लगाकर युवक ने की आत्महत्या

12/02/2022
Pt. Birju Maharaj

पं.बिरजू महाराज की अस्थियां गंगा में विसर्जित, कलाकारों ने नम आँखों से दी अंतिम विदाई

22/01/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version