• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

जानें कैसे कृष्ण ने द्रोपदी की राखी का रखा था मान

Desk by Desk
03/08/2020
in Main Slider, ख़ास खबर, फैशन/शैली, राष्ट्रीय
0
रक्षाबंधन

रक्षाबंधन

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लाइफ़स्टाइल डेस्क। रक्षाबंधन को लेकर प्राचीन काल की एक और कथा प्रचलित है। यह कथा श्रीकृष्ण और द्रोपदी की है। इस कथा का वर्णन हम यहां कर रहे हैं। इस कथा में द्रोपदी के चीरहरण की गाथा है। एक कथा के अनुसार, जब सुदर्शन चक्र से श्रीकृष्ण ने शिशुपाल का वध किया था तब उनकी उंगली कट गई थी। उनकी उंगली से बहुत रक्त बह रहा था। तब द्रौपदी ने अपनी साड़ी फाड़कर श्रीकृष्ण की अंगुली पर बांधी दी थी। इसके बदले श्रीकृष्ण ने उन्हें आशीर्वाद दिया था कि वो उनकी साड़ी की कीमत जरूर अदा करेंगे। यही कारण है कि श्रीकृष्ण ने द्रौपदी की साड़ी को बढ़ाकर उन्हें लौटाया और उनकी लाज बचाई थी।

महाभारत में द्युतक्रीड़ा के समय युद्धिष्ठिर ने अपनी पत्नी द्रौपदी को दांव पर लगा दिया था। हालांकि, युद्धिष्ठिर इस क्रीड़ा को हार गए थे। दुर्योधन की ओर से मामा शकुनि ने द्रोपदी को जीत लिया था। द्रोपदी को अपमानित करने के लिए दुशासन द्रौपदी को बालों से पकड़कर घसीटते हुए सभा में ले आया था। जहां एक तरफ द्रोपदी का अपमान हो रहा था। वहीं, भीष्मपितामह, द्रोणाचार्य और विदुर जैसे न्यायकर्ता लोग यह सब मूकदर्शक बनकर देख रहे थे।

पूरी सभा में दुर्योधन ने द्रोपदी का चीर-हरण किया। यह देखकर सभी मौन थे। वहीं, पांडव भी द्रोपदी की लाज नहीं बचा पा रहे थे। सभी को मौन देख द्रोपदी ने वासुदेव श्रीकृष्ण को आंखें बंद कर याद किया। उन्होंने श्रीकृष्ण का आव्हान किया। उन्होंने कहा, ”हे गोविंद! आज आस्था और अनास्था के बीच युद्ध है। मुझे देखना है कि क्या सही में ईश्वर है।” द्रोपदी की लाज बचाने और उनकी राखी की लाज रखने के लिए श्रीकृष्ण ने सभी के समक्ष एक चमत्कार किया। वो द्रोपदी की साड़ी तक तक लंबी करते गए जब तक दुश्सान थक कर बेहोश नहीं हो गया। उस सभा में मौजूद सभी लोग इस चमत्कार को देखकर हैरान रह गए।

Tags: Lifestyle and RelationshipPauranik KatharakhiRakshabandhan 2020Rakshabandhan Pauranik Kathaरक्षाबंधन
Previous Post

03 अगस्त राशिफल : जानिए कैसा बीतेगा आपका आज का दिन

Next Post

पीएम मोदी का 3 घंटे का अयोध्या शेड्यूल, जानें हनुमानगढ़ी में पूजा के बाद कब-कब क्या करेंगे

Desk

Desk

Related Posts

Furniture
फैशन/शैली

प्लास्टिक फर्नीचर पर लगे गए है दाग, इन टिप्स की मदद से चमकाए

03/05/2026
Maggi
खाना-खजाना

बच्चों के लिए बनाएं ये डिश, खुशी से उछल पड़ेंगे

03/05/2026
cutlets
खाना-खजाना

चाय के साथ एन्जॉय करें टेस्टी कटलेट, देखें रेसिपी

03/05/2026
Lemon
धर्म

दो रुपए की चीज आपको बना सकती है मालामाल, आज़माएं ये छोटे से उपाय

03/05/2026
money plant
Main Slider

मनी प्लांट घर पर होने के बाद भी नहीं हो रहा लाभ, तो हो सकती है ये वजह

03/05/2026
Next Post
राम नगरी में 2.30 घंटे रहेंगे पीएम मोदी

पीएम मोदी का 3 घंटे का अयोध्या शेड्यूल, जानें हनुमानगढ़ी में पूजा के बाद कब-कब क्या करेंगे

यह भी पढ़ें

शंकराचार्य राजराजेश्वराश्रम को तालिबान से मिला धमकी भरा पत्र

15/01/2022

डरने की कोई आवश्यकता नहीं है, पूरी सरकार साथ में है : योगी

08/11/2021
dayaben

नवरात्रि में ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ में दिशा वकानी की होगी वापसी?

05/10/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version