• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

घने जंगल प्राकृतिक ऑक्सीजन बैंक के रूप में  करेंगे काम

Writer D by Writer D
02/07/2022
in Main Slider, उत्तर प्रदेश, वाराणसी
0
oxygen bank

oxygen bank

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

वाराणसी। शहरीकरण और विकास के चलते शहरों में कम हुई हरियाली की कमी अब धीरे-धीरे पूरी हो रही है। वन विभाग शहरों में तेजी से जंगल विकसित कर रहा है । ये जंगल मियावाकी तकनीक से करीब दो सालों में ही तैयार हो जाते है। शहर में आधे दर्जन से अधिक जगहों पर कई  हेक्टेयर में जंगल विकसित किये गए है। ये घने जंगल प्राकृतिक ऑक्सीजन बैंक (Oxygen Bank) के रूप में पर्यावरण संरक्षण और वातावरण में शुद्ध ऑक्सीजन को बनाए रखने में मददगार होंगे ।

वाराणसी में मियावाकी तकनीक से शहर के बीचो-बीच  प्राकृतिक ऑक्सीजन बैंक (oxygen bank) विकसित किया जा रहा है, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ ही लोगों को शुद्ध हवा भी मिल सके।

जिला वन अधिकारी महावीर कोलाजगी ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण और वातावरण में शुद्ध आॅक्सीजन को बनाए रखने के लिए के लिए सरकार नेशनल क्लीन एयर मिशन योजना चला रही है। योगी सरकार इस योजना को लेकर गंभीर है। इस योजना में शहर के अंदर कई जगहों पर घने वन विकसित किए जा रहे है। प्रधानमंत्री के गोद लिए गांव डोमरी और राजकीय गर्ल्स इंटर कॉलेज में दो साल पहले लगाए गए पौधे घने जंगल का रूप ले चुके हैं, जिसमें  घास ,हर्ब्स, झाड़ी,छोटे ,मध्यम व बड़े पौधे लगाए गए हैं। आॅक्सीजन बैंक ऐसी जगह विकसित किये जा रहे है जिससे प्रदूषित हवा पेड़ों से फिल्टर होकरआबादी की तरफ आए, जिससे उस क्षेत्र का वातावरण शुद्ध  हो जाए।

21 IPS अफसरों के तबादले, 14 जिलों के पुलिस अधीक्षक बदले

जिला वन अधिकारी  ने बताया कि शिक्षा संकाय कमच्छा में 1.5 हेक्टेयर, पीएसी रामनगर में .5 हेक्टेयर, केंद्रीय कारागार में 1  हेक्टेयर ,सारनाथ के पास रिंग रोड .34 हेक्टेयर  विकसित किये जा रहे है । डोमरी में 1 हेक्टेयर, राजकीय गर्ल्स इंटर कॉलेज में .25 हेक्टेयर करीब दो साल पहले लगाया गया था जो घने वन का रूप ले चुका है ,नवनिर्मित अंडर ग्राउंड बेनियाबाग पार्किंग के ऊपर पार्क में .5 हेक्टेयर में 5 जून से विकसित  किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि जमीन की उपलब्धता के अनुसार मियावाकी तकनीक से वन विकसित  करने का क्रम जारी रहेगा। कोई  व्यक्ति निजी भूमि पर भी वन विकसित करना चाहता है तो वन विभाग उसकी मदद करेगा।

Tags: oxygen bankvaranasi news
Previous Post

21 IPS अफसरों के तबादले, 14 जिलों के पुलिस अधीक्षक बदले

Next Post

30 साल की उम्र में एक्टर का निधन, कैंसर का चल रहा था इलाज

Writer D

Writer D

Related Posts

Main Slider

बारिश में स्किन प्रॉबलम रहेंगी दूर, करें इन पत्तियों का इस्तेमाल

02/08/2026
Plastic Bottles
Main Slider

प्लास्टिक की पुरानी बोतल से करें घर की सजावट, हर कोई करेगा तारीफ

02/08/2026
Cow
उत्तर प्रदेश

योगी सरकार की गो संरक्षण नीति से निकला गो सेवा के साथ रोजगार का नया रास्ता

01/08/2026
Mukhyamantri Shikshak Cashless Medical Scheme
उत्तर प्रदेश

मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना को मिली रिकॉर्ड रफ्तार, 42% शिक्षक-कार्मिकों की पूरी हुई ई-केवाईसी

01/08/2026
Keshav Maurya
उत्तर प्रदेश

मत्स्य पालन को गति देने के लिए अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश : केशव मौर्य

01/08/2026
Next Post
kishor das

30 साल की उम्र में एक्टर का निधन, कैंसर का चल रहा था इलाज

यह भी पढ़ें

upay for bussiness

बिजनेस की नींव करना चाहते हैं मजबूत तो आज करें ये खास उपाय

13/10/2020
Shot

युवक को घर में घुसकर मारी गोली मारकर की हत्या

19/11/2023
Karwa Chauth

करवा चौथ के दिन भूलकर भी न करें ये काम, टूट सकता है व्रत

08/10/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version