चंडीगढ़: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक होने वाली एशियाई हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी के लिए आपसी समन्वय, अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाओं, शहरों के सौंदर्यीकरण और मेहमाननवाजी पर ध्यान केंद्रित करते हुए सभी विभागों को विश्वस्तरीय प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने लोगों का उत्साह बढ़ाने के लिए राज्यस्तरीय ट्रॉफी टूर और विद्यार्थियों की अधिकतम भागीदारी का आह्वान भी किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि पंजाब को अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी में नए कीर्तिमान स्थापित करने चाहिए।
चैंपियंस ट्रॉफी के संबंध में उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “यह सुनिश्चित किया जाएगा कि यह प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन पंजाब के खेल इतिहास में नया मील का पत्थर स्थापित करे।” उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने और भाग लेने वाली टीमों, अधिकारियों, दर्शकों तथा आने वाले मेहमानों को विश्वस्तरीय सुविधाएं प्रदान करने में कोई कसर न छोड़ने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा, “पंजाब अपनी समृद्ध हॉकी विरासत और भारतीय खेलों में महान योगदान के लिए पूरी दुनिया में जाना जाता है। हमें अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों के आयोजन में नए कीर्तिमान स्थापित करने चाहिए और भाग लेने वाली टीमों, अधिकारियों, दर्शकों तथा मेहमानों को विश्वस्तरीय सुविधाएं प्रदान करनी चाहिए।”
उन्होंने कहा कि भारत, चीन, मलेशिया, जापान, बांग्लादेश और दक्षिण कोरिया सहित प्रमुख हॉकी देशों की भागीदारी से पंजाब अंतरराष्ट्रीय खेल जगत के केंद्र में आ जाएगा और इससे अपनी मेहमाननवाजी, बुनियादी ढांचे, खेल उपलब्धियों तथा सांस्कृतिक परंपराओं को प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि टूर्नामेंट का उद्घाटन समारोह 27 अक्टूबर को जालंधर में होगा, जबकि मैच 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक खेले जाएंगे। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को तैयारियां समय से पहले पूरी करने और यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि चैंपियनशिप का आयोजन बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन के नियमों और पेशेवर दृष्टिकोण के अनुरूप किया जाए।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आने वाले प्रत्येक प्रतिनिधिमंडल का गर्मजोशी से स्वागत किया जाए और उनके ठहरने के दौरान मेहमाननवाजी का बेहतर एवं यादगार अनुभव प्रदान किया जाए। उन्होंने जोर देकर कहा कि तैयारियां केवल स्टेडियम तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि पूरे शहर में स्वच्छता, सौंदर्यीकरण और सार्वजनिक सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।
उन्होंने नगर निगम जालंधर और मोहाली को व्यापक सफाई अभियान चलाने, स्वच्छता में सुधार करने तथा सार्वजनिक स्थानों का उचित रखरखाव सुनिश्चित करने के लिए कहा, ताकि शहर विदेशी पर्यटकों को साफ-सुथरे और आकर्षक लगें। उन्होंने शहरों के सौंदर्यीकरण के लिए आवश्यक कदम उठाने और अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि स्टेडियम तथा अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की ओर जाने वाली सड़कों का उचित रखरखाव किया जाए और जहां भी आवश्यकता हो, सड़कों की मरम्मत की जाए।
मेहमाननवाजी के महत्व को रेखांकित करते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को भाग लेने वाली टीमों और उनके सहायक स्टाफ के लिए आरामदायक एवं गुणवत्तापूर्ण आवास सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आवास, परिवहन, सुरक्षा, भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाओं के लिए बेहतर प्रबंध किए जाने चाहिए, ताकि खिलाड़ी अपने प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित कर सकें।
उन्होंने अधिकारियों को होटलों, मैच स्थलों और अन्य निर्धारित स्थानों के बीच सुचारू परिवहन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए, ताकि असुविधा या अनावश्यक देरी से बचा जा सके। प्रबंधों की व्यापक समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सभी विभागों को जमीनी स्तर पर तैयारियों का जायजा लेने और किसी भी कमी को तुरंत दूर करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा, “एक अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट की सफलता केवल मुख्य स्थल की तैयारी पर निर्भर नहीं करती, बल्कि बुनियादी ढांचे, पहुंच, स्वच्छता, यातायात प्रबंधन और सार्वजनिक सुविधाओं पर भी निर्भर करती है। अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडलों के आने से पहले लॉजिस्टिक सहायता से संबंधित हर पहलू का ध्यान रखा जाना चाहिए।”
अधिक से अधिक लोगों को शामिल होने की अपील करते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थियों के लिए मैच देखने की व्यवस्था करें, ताकि वे अंतरराष्ट्रीय हॉकी मैच देख सकें और विश्वस्तरीय खिलाड़ियों से प्रेरणा ले सकें। उन्होंने कहा, “इस स्तर के खेल आयोजन नई पीढ़ी को खेलों, अनुशासन और टीमवर्क को अपनाने के लिए प्रेरित करेंगे। विद्यार्थियों को मैच देखने की सुविधा देने और युवाओं को पंजाब की गौरवशाली हॉकी विरासत से जोड़ने के लिए विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।”
चैंपियनशिप से पहले लोगों के बीच उत्साह पैदा करने के लिए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को राज्यव्यापी प्रचार अभियान की रूपरेखा तैयार करने के निर्देश दिए, जिसमें टूर्नामेंट की ट्रॉफी या उसके मॉडल को विशेष रूप से तैयार की गई एसयूवी में प्रदर्शित किया जाएगा, जो पूरे पंजाब में घूमेगी। उन्होंने कहा, “यह पहल जागरूकता पैदा करने, जनभागीदारी को प्रोत्साहित करने और विभिन्न जिलों के लोगों में अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट के प्रति उत्साह पैदा करने में मदद करेगी।”
उन्होंने आगे कहा कि सरकारी विभागों, टूर्नामेंट के आयोजकों और अन्य संबंधित भागीदारों के बीच सुचारू समन्वय सुनिश्चित करने के लिए विशेष समन्वय कमेटी गठित की जाएगी, ताकि चैंपियनशिप का आयोजन कुशलता और उच्चतम मानकों के अनुरूप किया जा सके।
बैठक में मुख्य सचिव के.ए.पी. सिन्हा, अतिरिक्त मुख्य सचिव अनुराग वर्मा, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव डॉ. रवि भगत, खेल सचिव वरुण रूजम, सूचना एवं लोक संपर्क विभाग के सचिव पुनीत गोयल और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।









