• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

अतुल सुभाष सुसाइड केस: पत्नी निकिता सिंघानिया सहित इन तीन को मिली जमानत

Writer D by Writer D
04/01/2025
in Main Slider, क्राइम, राष्ट्रीय
0
Atul Subhash Suicide Case

Atul Subhash Suicide Case

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

बेंगलुरु। शहर के एआई इंजीनियर अतुल सुभाष सुसाइड केस (Atul Subhash Suicide Case) में गिरफ्तार उनकी पत्नी निकिता सिंघानिया, सास निशा सिंघानिया और साले अनुराग सिंघानिया को सिटी सिविल कोर्ट ने जमानत दे दी है। इन तीनों में निकिता को पुलिस ने गुरुग्राम और उसके मां-भाई को प्रयागराज से गिरफ्तार किया था। निकिता और उसके परिवार पर अतुल को प्रताड़ित करने का आरोप लगा है। इस मामले में अपनी मौत से पहले अतुल (Atul Subhash) ने एक लंबा सुसाइड नोट लिखा और वीडिया बनाया था।

बेंगलुरु कोर्ट के आदेश के बाद निकिता, निशा और अनुराग सिंघानिया को न्यायिक हिरासत में भेज गया था। इसके बाद इन्होंने अपने वकील के जरिए कोर्ट में जमानत याचिका दायर की थी।

बेंगलुरु पुलिस ने इनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और 3(5) के तहत केस दर्ज किया है। इसमें बीएनएस की धारा 3(5) कहती है कि जब कई सारे व्यक्ति मिलकर एक ही इरादे से कोई अपराध करते हैं तो सबकी जिम्मेदारी बराबर की होती है।

अतुल सुभाष के सुसाइड केस में बड़ी कार्रवाई, पत्नी, सास और साले को पुलिस ने किया अरेस्ट

वहीं, धारा 108 आत्महत्या के लिए उकसाने पर लगाई गई है। यदि कोई व्यक्ति किसी को आत्महत्या के लिए उकसाने पर दोषी पाया जाता है, तो उसे 10 साल की जेल की सजा हो सकती है। लेकिन इसमें एक पेंच है। पिछले साल 10 दिसंबर को सुप्रीम कोर्ट ने गुजरात हाईकोर्ट के एक फैसले को पटलते हुए कहा था कि किसी को खुदकुशी के लिए उकसाने के मामले में तब तक दोषी नहीं ठहराया जा सकता जब तक कि ये साबित ना हो जाए कि वो डायरेक्ट मौत से जुड़ा है।

Tags: AI Engineer suicide caseatul subhash suicide caseNational newsNikita Singhania
Previous Post

बांदीपोरा में सेना की गाड़ी गहरी खाई में गिरी, 4 जवान शहीद, 2 घायल

Next Post

महाकुंभ 2025 के दृष्टिगत सभी नगरीय निकायों की स्वच्छता एवं सुंदरता पर दें विशेष ध्यान: एके शर्मा

Writer D

Writer D

Related Posts

CM Dhami
Main Slider

हल्द्वानी में व्यापारियों से बोले CM धामी- “आप व्यापार बढ़ाइए, सरकार आपके साथ खड़ी है”

29/08/2026
CM Yogi conducted an aerial inspection of flood-affected villages in Ballia.
Main Slider

50-50 किलो राहत सामग्री दे रही सरकार, 500 ग्राम राहत नहीं पहुंचा पाती थी सपा: मुख्यमंत्री योगी

29/08/2026
CM Dhami laid the foundation stone of Uttarakhand's first sports university.
Main Slider

उत्तराखंड के पहले क्रीड़ा विश्वविद्यालय का मुख्यमंत्री धामी ने किया शिलान्यास

29/08/2026
CM Dhami
Main Slider

उत्तराखंड को ‘खेलभूमि’ बनाने की दिशा में काम कर रही सरकार: मुख्यमंत्री धामी

29/08/2026
CM Yogi
Main Slider

सबकी समस्या का समाधान सरकार की प्रतिबद्धता: मुख्यमंत्री

29/08/2026
Next Post
AK Sharma

महाकुंभ 2025 के दृष्टिगत सभी नगरीय निकायों की स्वच्छता एवं सुंदरता पर दें विशेष ध्यान: एके शर्मा

यह भी पढ़ें

Rohan Bopanna

रोहन बोपन्ना ने किया संन्यास का ऐलान, 22 साल के यादगार करियर पर लगाया फुलस्टॉप

01/11/2025
rape

एलएलबी की छात्रा ने बीएसए के प्रवक्ता पर लगाया बलात्कार का आरोप

09/05/2021
Arrested

मां-बेटी हत्याकांड में तीन आरोपी गिरफ्तार

04/07/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version