• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
Advertisement
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

हीरा कारोबारी की 8 साल की बेटी ने त्यागा सांसरिक जीवन, हजारों लोगों की मौजूदगी में ली दीक्षा

Writer D by Writer D
18/01/2023
in गुजरात, राष्ट्रीय
0
Sadhvi

Sadhvi

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

सूरत। देश के युवाओं पर एक तरफ पश्चिमी सभ्यता हावी हो रही है। वहीं, दूसरी तरफ ऐसे भी बच्चे हैं, जो संयम और आध्यात्म की तरफ मुड़ रहे हैं। सूरत में एक करोड़पति हीरा कारोबारी की आठ साल की बेटी सांसारिक जीवन का त्याग कर सन्यास का मार्ग अपनाते हुए साध्वी (Sadhvi) बन गई है।

यह सुनकर आप भी हैरत में होंगे। मगर, सूरत के बड़े हीरा कारोबारी धनेश संघवी की बिटिया देवांशी संघवी दीक्षा लेकर साध्वी (Sadhvi) दिगंतप्रज्ञाश्री बन गई हैं। उन्होंने आज किर्तीयश सूरी जी महाराज के सानिध्य में अपनी गुरु साध्वी प्रिस्मीता श्रीजी से दीक्षा ग्रहण की।

दीक्षा लेने के बाद देवांशी संघवी को साध्वी प्रिसमीता श्रीजी ने साध्वी श्री दिंगत प्रज्ञा श्रीजी नाम दिया। देवांशी की माता अमी संघवी भी धार्मिक प्रवृति की हैं। उसी हिसाब से उन्होंने अपनी बड़ी बेटी देवांशी को धार्मिक संस्कार दिए हैं।

35 हजार लोग बने इस पल के साक्षी

सूरत के वेसु इलाके में हुए इस दीक्षा समारोह में करीबन 35 हजार सामाजिक लोगों की मौजूदगी में दीक्षा की विधि पूरी की गई। इससे पहले देवांशी की शोभा यात्रा निकली गई, जिसमें हाथी-घोड़ा और बैंड बाजे के साथ लोग शामिल हुए।

गुरु के साथ 600 किमी की पदयात्रा कर चुकी हैं देवांशी

संयम मार्ग चुनने से पहले देवांशी अपने गुरु के साथ करीबन 600 किमी की पदयात्रा भी कर चुकी हैं। धनेश संघवी की दो बेटियां हैं, जिसमें चार साल की काव्या और आठ साल की देवांशी है। देवांशी का शुरू से ही धर्म-कर्म में रुझान रहा है और अब वह दीक्षा लेने के बाद साध्वी दिगंतप्रज्ञाश्री बन चुकी हैं।

महाकुंभ 2025 के लिए प्रयागराज तक कनेक्टिविटी में होगा बड़ा सुधार

धनेश सांघवी राजस्थान के सिरोही जिले के मालगांव के रहने वाले हैं। पिता मोहन भाई संघवी के साथ धनेश भाई संघवी सूरत और मुंबई में संघवी एंड संस के नाम से डायमंड का कारोबार करते हैं। धनेश की गिनती सूरत के बड़े हीरा कारोबारियों में होती है।

Tags: gujarat nesNational newssurat news
Previous Post

महाकुंभ 2025 के लिए प्रयागराज तक कनेक्टिविटी में होगा बड़ा सुधार

Next Post

ऑनलाइन परीक्षा में गड़बड़ी के मामले में STF के हत्थे चढ़े 7 आरोपी

Writer D

Writer D

Related Posts

उत्तराखंड

चारधाम यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाना राज्य सरकार की प्राथमिकता: सीएम धामी

26/10/2026
उत्तराखंड

गैरसैंण जाते समय आदिबद्री मंदिर पहुंचे सीएम धामी, की पूजा-अर्चना

26/10/2026
Main Slider

BJP की यूपी कार्यसमिति का ऐलान, मोदी-योगी समेत कई दिग्गज शामिल

26/10/2026
Main Slider

सफाई कर्मचारियों का मानदेय जल्द बढ़ाया जाएगा : धामी

26/10/2026
राष्ट्रीय

हरियाणा में अग्निवीरों के लिए नौकरी की तैयारी, CM नायब सैनी के निर्देश— ‘आते ही थमाए जाएं जॉइनिंग लेटर’

26/10/2026
Next Post
Arrested

ऑनलाइन परीक्षा में गड़बड़ी के मामले में STF के हत्थे चढ़े 7 आरोपी

यह भी पढ़ें

arrested

फर्जी आधार कार्ड बनाने गिरोह के पांच सदस्य गिरफ्तार

19/01/2022
2022

इंडियन टीम ने लता मंगेशकर को दी श्रद्धांजलि

06/02/2022
Christmas

क्रिसमस पर अपनों को देना है तोहफा, यहां से ले आईडिया

18/12/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version