• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

शास्त्रों में बताएंं गए नियम, भूलकर ना सोएं इस तरह

Writer D by Writer D
12/09/2021
in Main Slider, ख़ास खबर, फैशन/शैली
0
Pillow

good sleep

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

हमारे धार्मिक शास्त्रों और नीति शास्त्रों में सोने (शयन) से जुड़े हुए नियमों का उल्लेख किया गया है। यदि कोई व्यक्ति उन नियमों का पालन सही से कर ले तो वह दीर्घायु और स्वस्थ्य जीवन को प्राप्त करता है। आइए जानते हैं शास्त्रों के अनुसार व्यक्ति को किस तरह से सोना चाहिए। सोने से जुड़े नियम क्या-क्या हैं।

मनुस्मृति के अनुसार व्यक्ति को सूने और निर्जन घर में अकेला नहीं सोना चाहिए। इसके साथ ही देव मन्दिर और श्मशान में भी नहीं सोना चाहिए। वहीं विष्णुस्मृति के अनुसार, सोने से जुड़ा नियम कहता है कि किसी सोए हुए मनुष्य को अचानक नहीं जगाना चाहिए।

चाणक्य नीति के अनुसार, यदि छात्र, सेवक या फिर द्वारपाल अधिक समय तक सोये हुए हों तो इन्हें तुरंत जगा देना चाहिए। पद्म पुराण के अनुसार, स्वस्थ मनुष्य को आयुरक्षा हेतु ब्रह्ममुहुर्त में उठना चाहिए। अंधरे कमरे में भी नहीं सोना चाहिए।

महाभारत के अनुसार, व्यक्ति को भीगे पैर नहीं सोना चाहिए। ऐसा करने से लक्ष्मी रूठ जाती है। टूटी खाट पर तथा जूठे मुंह भी नहीं सोना चाहिए। गौतम धर्म के अनुसार व्यक्ति को कभी भी ”नग्न होकर/निर्वस्त्र” नहीं सोना चाहिए।

पूर्व की ओर सिर करके सोने से विद्या, पश्चिम की ओर सिर करके सोने से प्रबल चिन्ता, उत्तर की ओर सिर करके सोने से हानि व मृत्यु तथा दक्षिण की ओर सिर करके सोने से धन व आयु की प्राप्ति होती है।

दिन में कभी नहीं सोना चाहिए। परन्तु ज्येष्ठ मास में दोपहर के समय एक मुहूर्त के लिए सोया जा सकता है। बह्मवैवर्तपुराण के अनुसार, व्यक्ति को सूर्योदय एवं सूर्यास्त के समय सोने वाला रोगी और दरिद्र हो जाता है। सूर्यास्त के एक प्रहर (लगभग 3 घण्टे) के बाद सोना चाहिए।

बायीं करवट सोना स्वास्थ्य के लिए अच्छा होता है। दक्षिण दिशा में पांव करके कभी नहीं सोना चाहिए। यम और दुष्ट देवों का निवास रहता है। कान में हवा भरती है। मस्तिष्क में रक्त का संचार कम को जाता है।

हृदय पर हाथ रखकर, छत के पाट या बीम के नीचे और पांव पर पांव चढ़ाकर नहीं सोना चाहिए। शय्या पर बैठकर खाना-पीना अशुभ है। ललाट पर तिलक लगाकर सोना अशुभ है। इसलिये सोते समय तिलक हटा दें।

Tags: sleeping rulessleeping rules in hindiसोने का सही तरीकासोने के नियमसोने के नियम बताइएसोने के नियम बताएंसोने के नियम बताओ
Previous Post

घर के वास्तु में छिपा है आपकी तरक्की का राज, जानें जरूर

Next Post

संतान के बिजनेस में कामयाबी के लिए अपनाएं ये उपाय

Writer D

Writer D

Related Posts

glow
फैशन/शैली

फौरन ग्लो के लिए इन टिप्स को करें फॉलो

01/06/2026
blackhead
Main Slider

व्हाइटहेड्स ने छीन ली खूबसूरती, तो ऐसे पाएं छुटकारा

01/06/2026
curly hair
फैशन/शैली

घुंघराले बालों को करे स्ट्रेट, यहां देखें आसान स्टेप

01/06/2026
cooking oil
फैशन/शैली

आपके दिल को हेल्दी एंड फिट रखता है ये तेल

01/06/2026
Pigmentation
Main Slider

झाइयों से मिलेगा चेहरे को छुटकारा, फॉलो करें ये ब्यूटी हैक्स

01/06/2026
Next Post
पुजा पाठ

संतान के बिजनेस में कामयाबी के लिए अपनाएं ये उपाय

यह भी पढ़ें

बच्चों की फीस माफी और शिक्षकों को आर्थिक मदद दे सरकार : लल्लू

30/07/2020
Ramlalla Pran Pratishtha

प्राण-प्रतिष्ठा के शुभ मुहूर्त में करें ये खास पाठ, मिलेगा श्रीराम का आशीर्वाद

22/01/2024
Murder

नशे में धुत सिक्योरिटी गार्ड ने पत्नी पर गड़ासे से किए ताबड़तोड वार, गिरफ्तार

28/12/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version