• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
Advertisement
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

अपनी धरोहर-अपनी पहचान, परियोजना से संवरेंगी यूपी की संरक्षित इमारतें

Writer D by Writer D
23/04/2022
in उत्तर प्रदेश, लखनऊ
0
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

लखनऊ। यूपी में गौरवशाली इतिहास के स्वर्णिम पलों को समेटने वाली संरक्षित और एतिहासिक धरोहरों (Historical heritage) को संवारने की तैयारी की जा रही है। जनमानस में उनको अपनाने का भाव विकसित करने के लिए कार्यक्रम चलाने की योजना है।

योगी सरकार (Yogi Government) अपनी धरोहर-अपनी पहचान परियोजना (Apni Dharohar Apni Pehchan project) को आगे बढ़ाते हुए कई अनूठे प्रयोग शुरू करने जा रही है। जिसमें एडाप्ट- ए- हैरिटेज पॉलिसी (Adapt-a- Heritage Policy) के तहत 09 स्मारक मित्रों का चयन भी कर लिया गया है।

राज्य सरकार ने उत्तर प्रदेश राज्य पुरातत्व निदेशालय, संस्कृति विभाग और पर्यटन विभाग को विरासत के संरक्षण और संवर्द्धन की कार्ययोजना बनाने के लिए 100 दिन का लक्ष्य दिया है। सरकार की योजना प्रदेश की एतिहासिक, धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों का विकास करना है। मेले महोत्सवों के आयोजन, पर्यटन क्षेत्र में रोजगार सृजन, पर्यटन स्थलों की ब्रांडिंग और मार्केटिंग पर भी जोर दिया जा रहा है। इसके साथ ही राष्ट्रीय एवं अंतररार्ष्टीय पर्यटकों के आगमन को कैसे बढ़ावा मिले इसके लिए कई अभूतपूर्व कार्य किये जा रहे हैं।

यूपी में अगले 100 दिनों में 200 गांवों की सूरत बदलने जा रही सरकार

1814 से पहले बने लखनऊ की शान कहलाने वाले महलों में छतर मंजिल हो या फिर फरहत बक्श कोठी अंग्रेजों ने इनकी संज्ञा जन्नत से की थी। 18वीं शताब्दी की शुरुआत में निर्मित बेहतरीन नक्काशी का नमूना छतर मंजिल दुनिया भर में मशहूर है। इन महलों के रहस्यों और रोमांचित करने वाले इतिहास की तरफ पर्यटक हमेशा से आकर्षित रहे हैं।

इसी प्रकार से लखनऊ की कोठी गुलिस्तान-ए-इरम, दर्शन विलास कोठी, हुलासखेलड़ा उत्खन्न स्थल को योजना के तहत तेजी से संवारने का काम पूरा किया जाएगा। लखनऊ की एतिहासिक धरोहरों के साथ सरकार ने एडाप्ट ए हैरिटेज पॉलिसी में मथुरा की गोवर्धन की छतरियां, वाराणसी का कर्दमेश्वर महादेव मंदिर, मिर्जापुर का चुनार किला, वाराणसी का गुरुधाम मंदिर, झांसी का बरुआ सागर किला जैसे स्मारक मित्रों का चयन कर लिया है। अब इनको संवारने और संरक्षण का काम तेजी से पूरा कराकर इनको दर्शनीय स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा।

Tags: Lucknow Newsnews hindi todaynews in hindiTodays News
Previous Post

यूपी में अगले 100 दिनों में 200 गांवों की सूरत बदलने जा रही सरकार

Next Post

सीएम योगी का खौफ, पांच शराब माफियाओं ने किया सरेंडर, बोले- अब कभी नहीं बनाएंगे शराब

Writer D

Writer D

Related Posts

Bhupendra Chaudhary
उत्तर प्रदेश

सपा सरकार में कांवड़ यात्रा और रामनवमी के जुलूस बाधित किए जाते थे : चौधरी भूपेंद्र सिंह

20/10/2026
उत्तर प्रदेश

मेरठ की डीप टेक स्टार्टअप सर्कुलॉजी ने योगी सरकार और इन्वेस्ट यूपी के साथ किया एमओयू

20/10/2026
Main Slider

सड़क निर्माण में देरी और लापरवाही बर्दाश्त नहीं: केशव मौर्य

20/10/2026
Main Slider

शिवा शर्मा हत्याकांड: श्रद्धा दुबे नागपुर से किया अरेस्ट, बहन और ड्राइवर भी पकड़े गए

20/10/2026
उत्तर प्रदेश

2027 की हार अभी से स्वीकार कर चुकी है समाजवादी पार्टी: दयाशंकर सिंह

20/10/2026
Next Post

सीएम योगी का खौफ, पांच शराब माफियाओं ने किया सरेंडर, बोले- अब कभी नहीं बनाएंगे शराब

यह भी पढ़ें

azam khan

फिर बिगड़ी सपा सांसद आजम खान की तबियत, चेस्ट में आई दिक्कत

30/05/2021
SS Sandhu

गंगा में न जाए ड्रेनेज का अशोधित जल: एसएस संधू

29/12/2022

खाने को और भी टेस्टी बना देगा ये अचार, नोट कर लें रेसिपी

12/10/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version