बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने चारधाम यात्रा के उत्साह को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया कि बाबा केदार (Kedarnath Dham) और बदरीविशाल (Badrinath Dham) के दर्शन के लिए देश-विदेश के श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है और अब यात्रा का दूसरा चरण शुरू होने जा रहा है। इस वर्ष शुरुआत से ही दोनों धामों में तीर्थयात्रियों की संख्या में पिछले साल की तुलना में भारी वृद्धि दर्ज की गई है। अब तक दोनों पवित्र धामों में 19 लाख से अधिक श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं, जिनमें से अकेले केदारनाथ धाम में 10 लाख और बदरीनाथ धाम में 9 लाख श्रद्धालुओं ने शीश नवाया है। बीकेटीसी अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि धामों में आने वाले सभी तीर्थयात्रियों को सुगम और सरल दर्शन व्यवस्था उपलब्ध कराना मंदिर समिति की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री के निर्देशों पर प्रशासन और तीर्थ पुरोहितों का कड़ा तालमेल
अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) के कड़े दिशा-निर्देशों के तहत चारधाम यात्रा को पूरी तरह सुगम, सुव्यवस्थित और सुरक्षित तरीके से संचालित किया जा रहा है। यात्रा व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने तथा पहाड़ों के बदलते मौसम को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन, बीकेटीसी, स्थानीय तीर्थ पुरोहितों और हकहकूकधारियों के बीच एक मजबूत समन्वय (तालमेल) स्थापित किया गया है। मंदिर समिति के अधिकारी और टीमें व्यवस्थाओं की लगातार जमीनी निगरानी कर रही हैं, ताकि विपरीत मौसम या भारी भीड़ के दौरान भी श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा या परेशानी का सामना न करना पड़े।
स्वच्छता और सुरक्षा पर विशेष जोर, यात्रियों से की यह अपील
चारधामों के संवेदनशील पर्यावरण को सुरक्षित रखने के लिए इस बार मंदिर परिसर की स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। बीकेटीसी अध्यक्ष ने सभी तीर्थयात्रियों से भावुक अपील करते हुए कहा कि वे देवभूमि की पवित्रता और साफ-सफाई बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें तथा प्लास्टिक कचरे व रैपर्स को इधर-उधर न फेंकें। उन्होंने जानकारी दी कि राज्य सरकार, मंदिर समिति, जिला प्रशासन, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं के आपसी सहयोग से बुनियादी सुविधाओं में निरंतर सुधार किया जा रहा है।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल, आवास, चिकित्सा सेवाओं और सुगम कतार व्यवस्था पर पैनी नजर रखी जा रही है। इसके साथ ही उन्होंने सभी यात्रियों से अनिवार्य रूप से अपना पंजीकरण (रजिस्ट्रेशन) कराने तथा मौसम संबंधी चेतावनियों व सरकारी एसओपी (SOP) का कड़ाई से पालन करने का आग्रह किया है।









