देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) से मंगलवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधिमंडलों ने मुलाकात की। इस दौरान कर्मचारी संगठनों ने अपने-अपने विभागों और संवर्गों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं एवं मांगों को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडलों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित मामलों का नियमानुसार परीक्षण कर उचित कार्रवाई के निर्देश अधिकारियों को दिए।
मुख्यमंत्री ने प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु को निर्देशित किया कि कर्मचारी संगठनों की ओर से रखी गई मांगों और समस्याओं का संबंधित विभागों के माध्यम से नियमानुसार परीक्षण कराया जाए और जहां संभव हो, उनके समाधान की दिशा में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
शिक्षा विभाग में पदोन्नति और स्थायीकरण की मांग
शिक्षा अधिकारी प्रशासनिक संवर्ग एसोसिएशन, उत्तराखंड के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने गोविंद राम जायसवाल के नेतृत्व में मुख्यमंत्री से भेंट की। प्रतिनिधिमंडल ने निदेशक, अपर निदेशक, संयुक्त निदेशक और खंड शिक्षा अधिकारियों के रिक्त पदों पर विभागीय पदोन्नति किए जाने की मांग रखी। इसके साथ ही कर्मचारियों की परिवीक्षा अवधि पूरी होने के बाद स्वतः स्थायीकरण की व्यवस्था सहित अन्य समस्याओं के समाधान का अनुरोध किया।
जल संस्थान के राजकीयकरण की मांग
उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ, जल संस्थान के प्रतिनिधिमंडल ने उत्तराखंड जल संस्थान के राजकीयकरण की मांग मुख्यमंत्री के सामने रखी। प्रतिनिधिमंडल ने इससे संबंधित विभिन्न विषयों पर भी मुख्यमंत्री का ध्यान आकृष्ट कराया।
विश्वविद्यालयों में रिक्त पद भरने की मांग
उत्तराखंड विश्वविद्यालय कर्मचारी महासंघ ने राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों में गैर-शैक्षणिक कार्मिकों के रिक्त पदों को भरने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने उत्तराखंड संस्कृत विश्वविद्यालय में गैर-शिक्षण कार्मिकों के पदों के पुनर्गठन तथा गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में कार्यरत प्रयोगशाला सहायकों को राज्य के अन्य विश्वविद्यालयों में कार्यरत प्रयोगशाला सहायकों के समान वेतनमान दिए जाने का अनुरोध भी किया।
शिक्षकों ने पुरानी पेंशन और TET में छूट का मुद्दा उठाया
उत्तराखंड जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के प्रतिनिधिमंडल ने 25 अक्टूबर 2005 से पहले विज्ञापित पदों पर नियुक्त शिक्षकों को पुरानी पेंशन योजना में शामिल किए जाने की मांग की। इसके अलावा वर्ष 2010 से पहले नियुक्त शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) में शिथिलता प्रदान किए जाने का अनुरोध भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखा गया।
स्वास्थ्य, निगम, अतिथि और आबकारी कर्मचारियों ने भी रखीं मांगें
मुख्यमंत्री से राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संगठन उत्तराखंड, उत्तराखंड एएनएम संवर्ग संगठन, लैब टेक्निशियन संगठन, राज्य निगम कर्मचारी अधिकारी महासंघ उत्तराखंड, माध्यमिक अतिथि शिक्षक संघ उत्तराखंड, अंशकालिक शिक्षक संघ और उत्तराखंड राज्य आबकारी निरीक्षक संघ के प्रतिनिधिमंडलों ने भी मुलाकात की।
इन संगठनों ने अपने-अपने संवर्ग से संबंधित विभिन्न समस्याओं और मांगों को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा तथा उनके समाधान का अनुरोध किया।
मुख्यमंत्री धामी ने सभी प्रतिनिधिमंडलों को उनकी मांगों पर नियमानुसार परीक्षण और आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि संबंधित विभाग कर्मचारी संगठनों की ओर से उठाए गए विषयों का परीक्षण कर समाधान की दिशा में प्रभावी कदम उठाएं।
इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, सचिव शैलेश बगोली, दिलीप जावलकर, आयुक्त गढ़वाल आनंद स्वरूप, आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप, अपर सचिव जे.सी. काण्डपाल सहित मुख्यमंत्री कार्यालय के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।








