• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

भारत की परंपराओं को आज मिल रही है वैश्विक स्वीकार्यता : योगी

Desk by Desk
31/08/2020
in Main Slider, उत्तर प्रदेश, ख़ास खबर, गोरखपुर
0
सीएम योगी

सीएम योगी

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दावा किया कि देश के पड़ोसी मुल्क भारतीय संस्कृति की सांझी विरासत हैं और भारत की परम्पराओं को आज वैश्विक स्वीकार्यता मिल रही है।

श्री योगी ने दो दिवसीय दौरे के पहले दिन महाराणा प्रताप पी.जी. कालेज में राजनीति शास्त्र विभाग के तत्वावधान में ‘भारत की पड़ोसी नीति: सामयिक राजनयिक विमर्श’ विषय पर आयोजित दो दिवसीय आनलाइन अन्तर्राष्ट्रीय संगोष्ठी के समापन अवसर पर बोलते हुए कहा कि महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद स्थापना काल से ही नूतन एवं रचनात्मक प्रयोग करता रही है और इसी क्रम में भारत की पड़ोस नीति विषयक संगोष्ठी का आयोजन महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि श्रीलंका के द्वारा ‘इण्डिया फर्स्ट’ की उदघोषणा भारतीय विदेश नीति की वैश्विक स्वीकार्यता का प्रमाण है। भारत की विदेश नीति ‘रामराज्य की नीति’ रही है। भारत के जितने भी पड़ोसी हैं वे सभी भारतीय संस्कृति की सांझी विरासत हैं। भारत की परम्पराओं को आज वैश्विक स्वीकार्यता मिल रही है।

ललितपुर में 77 कोरोना पॉजिटिव मिले, अब कुल 1273 संक्रमित हुए

मुख्यमंत्री ने कहा कि इण्डोनेशिया की रामलीला मण्डली मानती है कि इस्लाम उनकी उपासना विधि है लेकिन राम तो हमारे पूर्वज हैं और हम सदैव आत्मिक जुड़ाव भगवान राम से रखते है।

उन्होने कहा कि श्रीराम जी ने लंका विजय के बाद भी लक्ष्मण को बताया कि हमारी जननी जन्म भूमि हमारे लिए स्वर्ग से बढ़कर है। प्रभु राम की यह सर्वे भवन्तु सुखिनः की पड़ोस नीति आज भी हमारी रक्त शिराओं में प्रवाहित होती है। श्रीलंका, मालदीव, बांग्लादेश सभी स्वीकार करते हैं कि भारत की पड़ोस नीति अत्यन्त उदार और सहिष्णु है। ऐसे में भारत की पड़ोस नीति विश्व के लिए एक अप्रतिम उदाहरण है।

श्री योगी ने कहा “ आज हम सभी को यह चिन्तन करने की आवश्यकता है कि भारत को मजबूत करके और भारत के सहयोग से मजबूत होकर इस दक्षिण एशिया महाद्वीप को समृद्ध किया जा सकता है। कुछ ऐसे पड़ोसी भारत के हैं जो पूरी दुनिया के लिए चुनौती बने हुए हैं उनका सामना करने के लिए भारतीय विदेश नीति से साम्य रखने वाले देशों को एकजुट होकर शांति और विकास के पहिये को आगे बढ़ाना होगा। इस बात की स्वीकारोक्ति अफगानिस्तान के इस वक्तव्य में दिखाई देती हैं कि भारत के विकास में ही हम सभी पड़ोसी देशों का विकास निहित है।

हरियाणा सरकार ने बाजार बंद रखने के आदेश को वापस लिया है

इससे पूर्व द सण्डे गार्जियन एवं आईटीवी नेटवर्क इण्डिया के सम्पादकीय निदेशक प्रो. माधव दास नलपत ने कहा कि वर्ष 1980 के दशक तक भारत और चीन की जी.डी.पी. समान थी लेकिन आज स्थिति यह है कि चीन की जीडीपी भारत से पांच गुना बड़ी है।

इस अवसर पर प्रो. जी. रामरेड्डी ने कहा किभारत आज अपने मित्र पड़ोसियों से कम शत्रु पड़ोसियों से अधिक घिरा हुआ है। चीन ने विश्व के समक्ष अपना जो चित्र प्रस्तुत किया है उसे वैश्विक स्वीकार्यता नहीं मिल सकती। भारत के प्रति उसका रवैया इस दौर में नकारात्मक रूप से उभर कर सामने आया है।

उन्होंने कहा कि दक्षिण एशिया के दो बड़े राष्ट्र चीन और भारत है लेकिन इनके बीच जो मतभेद उभर कर सामने आ रहे हैं वह इस पूरे महाद्वीपीय क्षेत्र को आस्थिर करके विकास को बेपटरी कर सकते है। वैश्विक अर्थव्यवस्था में दोनों देश अपनी व्यापारिक भागीदारी को बढ़ाकर विश्व को समृद्ध कर सकते हैं मगर वर्तमान दौर में वे जिस वातारण से गुजर रहे हैं वह चिन्ता का विषय है।

अनलॉक रसोई का बिगाड़ रहा बजट, आलू, प्याज व टमाटर की कीमतों में हुई बढ़ोत्तरी

प्रो. रेडडी ने कहा कि अमेरिका में ट्रम्प प्रशासन आने के बाद जिस प्रकार चीन के प्रति इस महाशक्ति का अविश्वास बढ़ा है वह वैश्विक शांति एवं विकास के लिए घातक हो सकता है। ‘वेल्ट रोड इनीशिएटिव’ के तहत चीन जिस प्रकार से अपना विस्तार कर रहा है वह दक्षिण एशिया के लिए सुखद नहीं है। गलवान की घटना ने यह सिद्ध कर दिया है कि कैसे चीन अपने समझौते और वायदे से मुकर सकता है। दक्षिण एशिया क्षेत्र में शान्ति व्यवस्था तथा विकास को सुनिश्चित करने के लिए चीन को अपनी नीतियों में संशोधन करते हुए शांतिपूर्ण उदय की नीति को ही अपनाना होगा।

Tags: 24ghante online.comcm yogiIndian CultureIndian Foreign PolicyLatest Uttar Pradesh News in HindiNational newsRam RajyaThe Sunday Guardian and ITV Network Indiaभारतीय विदेश नीतिभारतीय संस्कृतिराम राज्य
Previous Post

1 सिंतबर से शुरू हो रहे हैं अग्नि पंचक के दिन भूलकर भी न करें ये काम

Next Post

बिग बॉस फेम मंदाना करीम ने छोड़ा इन्स्टाग्राम, कहा- मुझे धोखा दिया…

Desk

Desk

Related Posts

Garden
Main Slider

घर के गार्डन में घास-फूस हटाने के लिए आजमाए ये उपाय

17/05/2026
Love
Main Slider

प्यार के मामले में सबसे आगे होती है ये 4 राशि वाले, जानें कहीं आपकी राशि भी तो नहीं

17/05/2026
Kundali
Main Slider

कुंडली के दोषों को इन उपायों से करें दूर

17/05/2026
Sawan
Main Slider

ऐसे करें रुद्राक्ष असली है या नकली

17/05/2026
Mint Face Pack
Main Slider

गर्मियों में भी स्किन रहेगी कूल, इससे मिलेगा ग्लो

17/05/2026
Next Post
बिग बॉस फेम मंदाना करीम

बिग बॉस फेम मंदाना करीम ने छोड़ा इन्स्टाग्राम, कहा- मुझे धोखा दिया...

यह भी पढ़ें

massive fire

ब्रेड फैक्ट्री में लगी भीषण आग, अंदर फंसे है कई कर्मचारी

30/01/2022
cm yogi

उप्र में जबरन धर्मांतरण पर मुख्यमंत्री योगी सख्त

18/11/2022
dhoni alyssa

ऑस्ट्रेलिया की महिला क्रिकेटर एलिसा हीली ने तोड़ा एमएस धोनी का एक बड़ा रिकॉर्ड

27/09/2020
Facebook Twitter Youtube

© 2022 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    • हरियाणा
    • राजस्थान
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2022 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version