• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

जानें कब है गीता जयंती, क्यों हजारों वर्षों से है आज भी प्रासंगिक

Desk by Desk
10/12/2020
in Main Slider, ख़ास खबर, धर्म, फैशन/शैली
0
gita

gita

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

धर्म डेस्क। हर वर्ष मार्गशीर्ष माह के शुक्लपक्ष की एकादशी तिथि को गीता जयंती मनाई जाती है। मान्यता के अनुसार, इसी एकादशी के दिन से ठीक 5 हजार साल पहले द्वापर युग के दौरान कुरुक्षेत्र में श्रीकृष्‍ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया था। इसी दिन को गीता जयंती के रूप में मनाया जाता है। इस दिन को मोक्षदायिनी एकादशी भी कहा जाता है। इस बार यह एकादशी 25 दिसंबर को मनाई जाएगी। आइए जानते हैं क्या है गीता जयंती और क्या है इसका महत्व।

श्रीकृष्‍ण ने जिस तरह से प्रेम पाठ पढ़ाया था ठीक उसी तरह उन्होंने अर्जुन का पाठ पढ़ाया था। उन्होंने अपने ठीक उसी तरह से उन्‍होंने अर्जुन को भी ज्ञान की प्राप्ति कराई थी। साथ ही जीवन जीने का तरीका भी बताया था। ऐसी मान्यता है कि जब अर्जुन ने अपनों के खिलाफ शस्त्र उठाने से इंकार कर दिया था तब श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता रूपी ज्ञान दिया था। उन्‍होंने अर्जुन को बताया था कि भौतिक प्रकृति मेरी अध्‍यक्षता में कार्य करती है। जो घट रहा है वो नियंता के द्वारा ही घट रहा है। ऐसे में नियंता को कभी भी अस्‍वीकार नहीं करना चाहिए।

कुरुक्षेत्र में श्रीकृष्ण ने अर्जुन को ज्ञान का पाठ पढ़ाया था और गलत और सही का अंतर बतलाया था जिससे वो सही फैसला ले पाए और जीवन का सुदपयोग कर पाएं। गीता में जितने भी श्लोक वर्णित हैं उनमें जीवन जीने की अद्भुत कल सीखाई गई है। किस तरह हर परिस्थिति में धैर्य से काम लेना चाहिए यह सीखाया गया है। इसी के चलते आज भी हजार वर्षों से गीता जयंती प्रासंगिक है। इसके जरिए ही श्रीकृष्ण द्वारा कही गई गीता लोगों को अच्‍छे-बुरे कर्मों का फर्क समझाती है।

Tags: gitaGita Jayanti 2020Gita Jayanti DateGita Jayanti ImportanceGita Jayanti Kab HaiGita Jayanti SignificanceLifestyle and Relationshipreligion
Previous Post

किसान नेताओं ने ठुकराया सरकार का प्रस्ताव, आंदोलन रहेगा जारी

Next Post

कोरोना काॅन्टैक्ट ट्रेसिंग की व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाये : योगी

Desk

Desk

Related Posts

Ram Mandir
Main Slider

राम मंदिर केस: SIT को 15 दिन का एक्सटेंशन, अब इस दिन रिपोर्ट होगी पेश

01/07/2026
Amarnath Yatra
जम्मू कश्मीर

बाबा बर्फानी के जयकारों से गूंजा जम्मू! 3 जुलाई से शुरू होगी अमरनाथ यात्रा

01/07/2026
CM Yogi congratulated Akhilesh on his birthday
Main Slider

CM योगी ने अखिलेश को जन्मदिन पर दी बधाई, आरोग्य और दीर्घायु की कामना की

01/07/2026
Dahi Paratha
Main Slider

ब्रेकफास्ट को बनाना है टेस्टी और हेल्दी, ट्राई करें ये लजीज डिश

01/07/2026
Upper Lip Hair
Main Slider

इन घरेलू नुस्खों से पाएं चेहरे के अनचाहे बालो से छुटकारा

01/07/2026
Next Post
cm yogi

कोरोना काॅन्टैक्ट ट्रेसिंग की व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाये : योगी

यह भी पढ़ें

टाटा संस ने जीती एयर इंडिया की बोली, केंद्र ने दी मंजूरी

08/10/2021
hand grenade

इस जिले के जंगल में मिला जिंदा हैंड ग्रेनेड, इलाके में मचा हड़कंप

13/09/2021
Baba Ke Bhangiya Rasgulla

शिवभक्तों को पसंद आया ‘बाबा के भंगिया रसगुल्ला’, महज एक घंटे में मिले इतने व्यूस

24/07/2023
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version