• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

जानें किस दिन मनाई जाएगी कृष्ण जन्माष्टमी

Desk by Desk
10/08/2020
in Main Slider, धर्म, फैशन/शैली, राष्ट्रीय
0
जन्माष्टमी

जन्माष्टमी

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

धर्म डेस्क। इस बार भी कृष्ण जन्माष्टमी की तिथि को लेकर मतभेद है। कुछ पंचांग 11 अगस्त तो कुछ 12 अगस्त को जन्माष्टमी बता रहे हैं। भगवान कृष्ण का जन्म द्वापर युग में अष्टमी तिथि पर रोहिणी नक्षत्र में हुआ था। वैष्णव मत के अनुसार इस बार कृष्ण जन्माष्टमी 12 अगस्त को मनाई जाएगी। मथुरा और द्वारिका क्षेत्र में कृष्ण जन्मोत्सव 12 अगस्त मनाया जाएगा। वहीं शैव मत के अनुसार काशी, उज्जैन और जगन्नाथपुरी में कृष्ण जन्माष्टमी 11 अगस्त का दिन श्रेष्ठ माना जा रहा है।

कृष्ण जन्माष्टमी (Janmashtami) दो दिन क्यों

इस बार भी कृष्ण जन्माष्टमी दो दिन मनाई जाएगी। पंचांग के अनुसार भगवान कृष्ण का जन्म अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र में हुआ था। ऐसे में इस बार तिथि और नक्षत्र एक साथ नहीं मिल रहा है। अष्टमी तिथि पर 11 अगस्त को सुबह करीब 9 बजे से लग जाएगी। जिसमें यह तिथि पूरे दिन और रात तक रहेगी। इस कारण से कुछ लोग 11 अगस्त को तो कुछ 12 अगस्त को कृष्ण जन्माष्टमी मनाएंगे। नक्षत्र और अष्टमी तिथि के साथ न पड़ने के कारण इस बार भी दो दिन कृष्ण जन्माष्टमी मनाई जाएगी।

कृष्ण जन्माष्टमी शुभ मुहूर्त
  • अष्टमी तिथि प्रारम्भ – अगस्त 11 को 09:06 ए एम से
  • अष्टमी तिथि समाप्त – अगस्त 12 को 11:16 ए एम तक
  • रोहिणी नक्षत्र प्रारम्भ – अगस्त 13 को 03:27 ए एम से
  • रोहिणी नक्षत्र समाप्त – अगस्त 14 को 05:22 ए एम तक

मान्यताओं के अनुसार भगवान कृष्ण का जन्म भाद्रपद महीने के कृष्णपक्ष की अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र में माना जाता है। इस कारण से जब भी अष्टमी तिथि और रोहिणी एक साथ पड़ती है तब कृष्ण जन्मोत्सव का पर्व मनाया जाता है। लेकिन, ग्रह-नक्षत्रों की चाल में बदलाव से कई बार अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र एक साथ न पड़ के आगे पीछे आती है। ऐसे में कुछ संप्रदाय के लोग तिथि के अनुसार तो कुछ नक्षत्र के अनुसार कृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार मनाते हैं।

बाल गोपाल को कृष्ण जन्माष्टमी पर माखन और मिश्री का भोग लगाना न भूले। भोग में तुलसी दल जरूर रखें। यह भगवान कृष्ण को माखन, मिश्री और तुलसी के पत्ते बहुत ही प्रिय होते हैं।

Tags: Krishna JanmashtamiKrishna Janmashtami 2020जन्‍माष्‍टमी
Previous Post

पायलट खेमे का दावा, मुख्यमंत्री के लिए तीसरे नाम का कोई विकल्प नहीं दिया

Next Post

BJP  प्रदेशाध्यक्ष पूनियां ने कहा- 9 अगस्त 2020 का नारा है ‘गहलोत’ कुर्सी छोड़ो

Desk

Desk

Related Posts

Main Slider

महंत अवेद्यनाथ ने सामाजिक समता से हिंदू समाज को किया एकजुट: मुख्यमंत्री योगी

30/09/2026
UP Police Constable
Main Slider

सिपाही भर्ती : बारिश से बदला PET शेड्यूल, 8 अक्टूबर को होगी परीक्षा

30/09/2026
जम्मू कश्मीर

बडगाम मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा का आतंकी मूसा ढेर, सर्च ऑपरेशन जारी

30/09/2026
Main Slider

राज्यसभा चुनाव: राम गोपाल यादव-धनराज नाथवानी ने भरा पर्चा, अखिलेश भी रहे मौजूद

30/09/2026
Main Slider

सुनिश्चित होगा हर व्यक्ति की समस्या का समाधान : मुख्यमंत्री योगी

30/09/2026
Next Post
डाॅ. सतीश पूनियां

BJP  प्रदेशाध्यक्ष पूनियां ने कहा- 9 अगस्त 2020 का नारा है ‘गहलोत’ कुर्सी छोड़ो

यह भी पढ़ें

Tokyo Paralympics

Tokyo Paralympics: शूटिंग में मनीष नरवाल ने गोल्ड तो सिंहराज ने जीता रजत पदक

04/09/2021
Rajma Pulao

लंच या डिनर में बनाएँ ये टेस्टी पुलाव, स्वाद ऐसा कि बार-बार खाने को ललचाए मन

17/09/2025
Satpal Maharaj

सतपाल महाराज ने किया निर्माण कार्यों का लोकार्पण, बांटी सामग्री

21/05/2023
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version