• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

उत्तराखंड को ‘खेलभूमि’ के रूप में स्थापित करना हमारा लक्ष्य : मुख्यमंत्री धामी

Writer D by Writer D
01/09/2026
in Main Slider, उत्तराखंड, राष्ट्रीय
0
CM Dhami

CM Dhami

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

टनकपुर, चम्पावत। उत्तराखंड में खेल प्रतिभाओं को बेहतर मंच और अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मंगलवार को ‘खेल महाकुम्भ-मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी-2026’ का शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चम्पावत जिले के टनकपुर स्थित स्व. कैलाश चन्द्र गहतोड़ी स्पोर्ट्स स्टेडियम में प्रतियोगिता का विधिवत शुभारंभ किया।

मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट खिलाड़ी गहना महर को मशाल सौंपकर खेल महाकुम्भ की शुरुआत की। इस दौरान खिलाड़ियों ने अनुशासन, निष्पक्षता और खेल भावना के साथ प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने की शपथ ली। खिलाड़ियों ने योगासन के साथ उत्तराखंड के पारंपरिक खेल ‘मुर्गा झपट’ का प्रदर्शन भी किया।

गांव की प्रतिभाओं को मिलेगा बड़ा मंच

मुख्यमंत्री धामी ने विभिन्न क्षेत्रों से आए खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल महाकुम्भ प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को गांव की मिट्टी से राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम बन रहा है। सरकार का प्रयास है कि संसाधनों या उचित मंच के अभाव में उत्तराखंड की कोई प्रतिभाशाली खेल प्रतिभा पीछे न रह जाए।

उन्होंने कहा कि खेल केवल पदक जीतने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे अनुशासन, आत्मविश्वास, संघर्ष और कठिन परिस्थितियों से उबरने का साहस भी सिखाते हैं। खेल स्वस्थ शरीर के साथ मजबूत चरित्र और सशक्त राष्ट्र के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

खेल महाकुम्भ में इस बार और व्यापक भागीदारी

मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2017 में प्रदेश के गांव-गांव में छिपी खेल प्रतिभाओं को मंच देने के उद्देश्य से खेल महाकुम्भ की शुरुआत की गई थी। अब यह आयोजन अपने दसवें संस्करण में पहुंच चुका है। पिछले वर्ष 2.20 लाख से अधिक खिलाड़ियों ने इसमें प्रतिभाग किया था। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस वर्ष खिलाड़ियों की भागीदारी और बढ़ेगी।

इस बार खेल महाकुम्भ को और व्यापक स्वरूप दिया गया है। प्रतियोगिताओं की शुरुआत न्याय पंचायत स्तर से होगी और खिलाड़ी विधानसभा, संसदीय तथा राज्य स्तर तक अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकेंगे। इसका उद्देश्य ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में छिपी प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर देना है।

विजेताओं को करीब 11 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि

मुख्यमंत्री ने कहा कि न्याय पंचायत से लेकर राज्य स्तर तक विजेता खिलाड़ियों को नकद पुरस्कार दिए जाएंगे। इस वर्ष करीब 11 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे खिलाड़ियों के बैंक खातों में भेजी जाएगी।

उन्होंने यह भी कहा कि इस वर्ष से खेल महाकुम्भ की राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में 4 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण का लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने इसे खिलाड़ियों की मेहनत, प्रतिभा और उनके सपनों के सम्मान के रूप में बताया।

38वें राष्ट्रीय खेलों में खिलाड़ियों के प्रदर्शन का उल्लेख

मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड में आयोजित 38वें राष्ट्रीय खेलों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन कर राज्य का गौरव बढ़ाया। उन्होंने विश्वास जताया कि खेल महाकुम्भ के मंच से निकलने वाली प्रतिभाएं भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उत्तराखंड और देश का नाम रोशन करेंगी।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में खेलों को लेकर सोच में व्यापक बदलाव आया है। ‘खेलो इंडिया’ और ‘फिट इंडिया मूवमेंट’ जैसे अभियानों के माध्यम से गांवों और दूरस्थ क्षेत्रों में मौजूद प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के अवसर मिले हैं।

29 खिलाड़ियों को दी जा चुकी सरकारी नौकरी

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की नई खेल नीति के तहत राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी दी जा रही है। उनके अनुसार अब तक 29 खिलाड़ियों को सरकारी सेवा में नियुक्ति दी जा चुकी है। वहीं, 38वें राष्ट्रीय खेलों में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को विभिन्न विभागों में सेवायोजित करने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा रही है।

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री खेल विकास निधि के माध्यम से खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। आवासीय स्पोर्ट्स कॉलेजों और क्रीड़ा छात्रावासों में चयनित खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, आवास, भोजन, खेल उपकरण, खेल किट, शिक्षा और चिकित्सा जैसी सुविधाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही हैं।

उदीयमान खिलाड़ियों से लेकर युवाओं तक योजनाएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि चैंपियन की तैयारी बचपन से शुरू होती है। इसी उद्देश्य से मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन योजना के तहत 8 से 14 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को मासिक छात्रवृत्ति दी जा रही है।

वहीं, 14 से 23 वर्ष आयु वर्ग के खिलाड़ियों के लिए मुख्यमंत्री खिलाड़ी प्रोत्साहन योजना के तहत मासिक छात्रवृत्ति के साथ खेल उपकरण खरीदने के लिए आर्थिक सहायता भी दी जा रही है। प्रतियोगिताओं और प्रशिक्षण के दौरान दुर्घटना की स्थिति में खिलाड़ियों के लिए बीमा संबंधी व्यवस्था भी की गई है।

खेल ढांचे को मजबूत करने पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड में खेलों के लिए आधुनिक और मजबूत आधारभूत ढांचा विकसित करने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। हल्द्वानी में उत्तराखंड राज्य क्रीड़ा विश्वविद्यालय के प्रथम चरण के निर्माण कार्यों का शिलान्यास और प्रथम शैक्षणिक सत्र का शुभारंभ किया जा चुका है। इसके साथ ही खटीमा में आधुनिक खेल सुविधाओं से युक्त स्टेडियम के निर्माण की घोषणा भी की गई है।

उन्होंने ‘एक जनपद-एक खेल’ पहल का उल्लेख करते हुए कहा कि इसके माध्यम से विभिन्न खेल विधाओं और स्थानीय खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। सरकार का लक्ष्य प्रत्येक जनपद की विशिष्ट खेल पहचान विकसित करना है।

सितंबर और अक्टूबर में होंगे विभिन्न चरण

खेल महाकुम्भ-2026 के तहत 1 से 10 सितंबर तक न्याय पंचायत स्तर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि खेलकूद प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी। इसके बाद 11 से 20 सितंबर तक विधायक चैम्पियनशिप ट्रॉफी, 21 से 30 सितंबर तक सांसद चैम्पियनशिप ट्रॉफी और 10 से 30 अक्टूबर तक राज्य स्तरीय मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी का आयोजन किया जाएगा।

इन प्रतियोगिताओं में विभिन्न आयु वर्गों के बालक-बालिकाओं के साथ महिला ओपन तथा दिव्यांगजन महिला-पुरुष वर्ग के खिलाड़ियों को भी विभिन्न खेल विधाओं में प्रतिभाग करने का अवसर मिलेगा।

खेल मंत्री ने पारदर्शी चयन का दिया भरोसा

खेल एवं युवा कल्याण मंत्री रेखा आर्या ने खिलाड़ियों से पूर्ण समर्पण और खेल भावना के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि न्याय पंचायत स्तर की प्रतियोगिताएं खिलाड़ियों के खेल जीवन की शुरुआती और महत्वपूर्ण सीढ़ी हैं। यहां से प्रतिभाशाली खिलाड़ी विभिन्न स्तरों पर प्रदर्शन करते हुए राज्य स्तरीय मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी तक पहुंचेंगे।

उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों के चयन में पारदर्शिता सुनिश्चित की जा रही है, ताकि प्रत्येक प्रतिभाशाली खिलाड़ी को अपनी क्षमता और प्रदर्शन के आधार पर आगे बढ़ने का अवसर मिले।

मुख्यमंत्री धामी ने खिलाड़ियों से पूरी लगन, अनुशासन और निष्ठा के साथ मैदान में उतरने का आह्वान करते हुए कहा कि राज्य सरकार उनकी प्रतिभा को निखारने, बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने और भविष्य को सुरक्षित करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि खेल महाकुम्भ-2026 उत्तराखंड के खेल इतिहास में महत्वपूर्ण पड़ाव साबित होगा और प्रदेश को देश की ‘खेलभूमि’ के रूप में स्थापित करने का संकल्प मजबूत करेगा।

कार्यक्रम में विशेष प्रमुख सचिव खेल अमित कुमार सिन्हा, निदेशक खेल दीप्ति सिंह, जिलाधिकारी मनीष कुमार, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविन्द सामन्त, जिला पंचायत अध्यक्ष आनन्द सिंह अधिकारी सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी, प्रशिक्षक, छात्र-छात्राएं और बड़ी संख्या में खिलाड़ी मौजूद रहे।

Tags: Uttarakhand News
Previous Post

मुख्यमंत्री योगी से मिले प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड में नवचयनित 40 अधिकारी

Next Post

सरकारी संस्थानों में हथकरघा उत्पादों की खरीद को बढ़ावा देगी योगी सरकार

Writer D

Writer D

Related Posts

Swatantra Bhardwaj was detained in Bulandshahr.
उत्तर प्रदेश

जंतर-मंतर मारपीट मामले में कार्रवाई, स्वतंत्र भारद्वाज बुलंदशहर से हिरासत में लिया गया

04/09/2026
CM Dhami watched the spiritual film ‘Hanuman Ansh’.
Main Slider

संत परंपरा के संदेश को नई पीढ़ी तक पहुंचाने में ऐसी फिल्में महत्वपूर्ण : धामी

04/09/2026
CM Vishnudev Sai
Main Slider

नक्सलवाद के बाद अब बस्तर में विकास की नई इबारत लिखने का संकल्प : मुख्यमंत्री साय

04/09/2026
CM Dhami expresses grief over the demise of Virendra Bisht.
उत्तराखंड

सीएम धामी ने वीरेंद्र बिष्ट के निधन पर जताया शोक, अर्पित की श्रद्धांजलि

04/09/2026
CM Dhami
Main Slider

मुख्यमंत्री ने किसान-केंद्रित मोबाइल एप ‘मनोरमा कृषि रक्षक’ का किया शुभारंभ

04/09/2026
Next Post
Handlooms

सरकारी संस्थानों में हथकरघा उत्पादों की खरीद को बढ़ावा देगी योगी सरकार

यह भी पढ़ें

Donald Trump

स्टीवन म्नूचिन : अर्थव्यवस्था को उबारने के लिये 3हजार अरब डॉलर की पूंजी खर्च

07/09/2020

यूपी में कानून-व्यवस्था तोड़ रही है दम, जो काफी चिंताजनक: मायावती

13/08/2020
Chandra Grahan

चंद्र ग्रहण के दौरान जरूर करें इसका पाठ, इन नियमों का करें पालन

23/10/2023
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version