बदायूं के उझानी क्षेत्र में बारिश के बीच बड़ा हादसा हो गया। मीहलाल नगला गांव में बृहस्पतिवार तड़के एक दो मंजिला मकान का अगला हिस्सा अचानक भरभराकर गिर गया। मलबे की चपेट में आने से 55 वर्षीय अगरवती की मौत हो गई। हादसे में तीन पशुओं की भी जान चली गई।
घटना सुबह करीब पांच बजे की बताई जा रही है। प्रताप सिंह का यह मकान काफी समय से खाली था। बताया गया कि इसके अगले हिस्से में पहले से दरारें थीं और लगातार बारिश के कारण निर्माण कमजोर हो गया था। इसी दौरान अचानक हिस्सा ढह गया।
पशुओं को बचाने पहुंची थीं अगरवती
परिजनों के मुताबिक, अगरवती सुबह पशुओं को खोलने के लिए मकान के पास गई थीं। इसी दौरान अचानक मकान का अगला हिस्सा गिर पड़ा। वह मलबे के बाहरी हिस्से में दब गईं।
आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल उन्हें बाहर निकालने की कोशिश की और कुछ ही देर में उन्हें मलबे से निकाल लिया गया। हालांकि, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। चार पशु भी मलबे में दब गए थे, जिनमें तीन की मौत हो गई।
SDRF और जेसीबी ने संभाला मोर्चा
हादसे की जानकारी मिलते ही मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलने पर एसडीआरएफ की दो टीमें पहुंचीं। नगर पालिका उझानी से जेसीबी भी मंगाई गई, जिसके बाद राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया।
एसडीआरएफ की टीम ने मलबा हटाकर दबे हुए पशुओं को बाहर निकाला। प्रशासन की टीम ने भी मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली।
पास के मकान को भी पहुंचा नुकसान
मकान का हिस्सा गिरने से प्रताप सिंह के छोटे भाई नन्हे के मकान का अगला हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया। प्रताप सिंह अपने परिवार के साथ इसी मकान के पास बने दूसरे घर में रहते हैं।
अगरवती की मौत से परिवार में मातम पसरा है। परिजनों का कहना है कि अगरवती सिर्फ पशुओं को खोलने के लिए वहां गई थीं और कुछ ही पलों में हादसा हो गया। बारिश के दौरान पहले से जर्जर मकानों को लेकर ग्रामीणों में भी चिंता बढ़ गई है।









