• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

विकास दुबे मुठभेड़ मामले में जस्टिस चौहान को आयोग से हटाने संबंधी अर्जी की खारिज

Desk by Desk
19/08/2020
in Main Slider, उत्तर प्रदेश, कानपुर, क्राइम, नई दिल्ली, राष्ट्रीय
0
Vikas Dubey Encounter
14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

नयी दिल्ली। उच्चतम न्यायालय ने उत्तर प्रदेश के दुर्दांत अपराधी विकास दुबे एवं उसके गुर्गों की पुलिस मुठभेड़ की जांच के लिए गठित आयोग के प्रमुख न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) बी एस चौहान को हटाने संबंधी याचिका बुधवार को खारिज कर दी।

मुख्य न्यायाधीश शरद अरविंद बोबडे की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय खंडपीठ ने वकील घनश्याम उपाध्याय की याचिका यह कहते हुए खारिज कर दी कि उसने कुछ सुरक्षा उपाय कर रखे हैं ताकि जांच को किसी तरह से प्रभावित नहीं किया जा सके, इसलिए उसे याचिका को स्वीकार करने का कोई कारण नहीं दिखता।

न्यायालय ने गत 11 अगस्त को याचिकाकर्ता और राज्य सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था।

रिया चक्रवर्ती सीबीआई जांच में करेंगी सहयोग : सतीश मान शिंदे

श्री उपाध्याय ने एक मीडिया संस्थान में प्रकाशित रिपोर्ट के हवाले से शीर्ष अदालत के पूर्व न्यायाधीश बी एस चौहान की निष्ठा पर इस आधार पर सवाल खड़े किये थे कि पूर्व न्यायाधीश के दो-दो रिश्तेदार भारतीय जनता पार्टी के नेता हैं।

मामले की सुनवाई के दौरान श्री मेहता ने कहा था कि न्यायिक आयोग के प्रमुख न्यायमूर्ति चौहान के खिलाफ वकील घनश्याम उपाध्याय की दलीलें अपमानजनक है।

मस्जिद निर्माण के लिए मिली 5 एकड़ भूमि पर नहीं होगा बाबर का नमो निशान : इकबाल अंसारी

मुख्य न्यायाधीश ने भी श्री उपाध्याय की दलीलें से आपत्ति दर्ज करायी थी और कहा था कि किसी समाचार पत्र की रिपोर्ट के आधार पर इस न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश के खिलाफ अनावश्यक टिप्पणी नहीं की जा सकती। उन्होंने श्री उपाध्याय से सवाल किया था कि आखिर न्यायमूर्ति चौहान निष्पक्ष क्यों नहीं हो सकते?

न्यायमूर्ति बोबडे ने कहा था, “ऐसे कई न्यायाधीश हैं जिनके भाई और पिता सांसद हैं। क्या आप यह कहना चाह रहे हैं कि वे सभी जज पक्षपाती हैं। क्या किसी दल से जुड़े रहना कोई गैर-कानूनी काम है?” इसके बाद न्यायालय ने फैसला सुरक्षित रख लिया था।

सुशांत केस : सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद कंगना बोलीं- ‘मानवता की जीत हुई’

गौरतलब है कि याचिकाकर्ताओं में से एक -वकील घनश्याम उपाध्याय- ने इस बार न्यायमूर्ति चौहान का भारतीय जनता पार्टी से नजदीकी संबंध होने का आरोप लगाकर उन्हें आयोग से हटाने की मांग की थी। याचिकाकर्ता का कहना था कि न्यायमूर्ति चौहान के भाई और समधी भाजपा के नेता हैं। यह पार्टी उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ है।

याचिकाकर्ता ने आयोग के दूसरे सदस्य उत्तर प्रदेश के पूर्व पुलिस महानिदेशक के. एल. गुप्ता का संबंध भी कानपुर जोन के पुलिस महानिरीक्षक मोहित अग्रवाल से होने की बात कही थी। कानपुर क्षेत्र में ही विकास दुबे की मुठभेड़ हुई थी।

सुशांत केस की CBI जांच, पार्थ पवार बोले- ‘सत्‍यमेव जयते’

श्री उपाध्याय का कहना था कि आयोग के दोनों सदस्यों की उपस्थिति से निष्पक्ष जांच की संभावना कम नजर आती है, इसलिए आयोग को फिर से गठित करना चाहिए।

गौरतलब है कि श्री उपाध्याय ने पहले भी श्री गुप्ता और उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश शशिकांत अग्रवाल को आयोग से हटाने के लिए याचिका दायर की थी। एक अन्य याचिकाकर्ता अनूप अवस्थी ने भी श्री गुप्ता की आयोग में मौजूदगी पर सवाल उठाये थे और दलीलें दी थीं। दोनों की याचिकाओं को शीर्ष अदालत ने पिछले दिनों खारिज कर दिया था।

Tags: Bahubali MLA Vijay Mishra arresteddaughter bid - like Vikas Dubeyhindi newsnews in hindiRamlali MishraReemaReema Mishrathe vehicle should not overturn;Vijay Mishravikas dubey encounterVishnu Mishraकहीं विकास दुबे की तरह हो न जाए एनकाउंटरकहीं हो ना जाए एनकाउंटरबाहुबली विधायक विजय मिश्रा गिरफ्तारबेटी बोली- विकास दुबे की तरह गाड़ी नहीं पलटनी चाहिएरामलली मिश्रारीमारीमा मिश्राविजय मिश्राविष्णु मिश्रा
Previous Post

रिया चक्रवर्ती सीबीआई जांच में करेंगी सहयोग : सतीश मान शिंदे

Next Post

आखिर क्यों सुशांत के निधन से कुछ दिन पहले छोड़कर गई थीं रिया, बताई ये वजह

Desk

Desk

Related Posts

उत्तर प्रदेश

इंटरनेशनल ट्रेड शो में यूपी की दीदियों के उत्पादों को मिलेगा ग्लोबल मंच

21/09/2026
उत्तर प्रदेश

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को वितरित करेंगे 3,567 नियुक्ति पत्र

21/09/2026
Main Slider

महाराज जी का जीवन आध्यात्मिक चेतना, समाजसेवा और लोककल्याण के प्रति समर्पण का प्रतीक: CM धामी

21/09/2026
CM Dhami
Main Slider

जन स्वास्थ्य से खिलवाड़ पर सीएम धामी का सख्त एक्शन, छह इंजीनियर निलंबित

21/09/2026
उत्तर प्रदेश

जनता पीजी कॉलेज पतला का नाम होगा चौधरी अजीत सिंह जनता पीजी कॉलेज

21/09/2026
Next Post
sushant- riya

आखिर क्यों सुशांत के निधन से कुछ दिन पहले छोड़कर गई थीं रिया, बताई ये वजह

यह भी पढ़ें

जीत की खुशी में और चटक होगी गोरक्षनाथ की होली, नृसिंह शोभायात्रा में शामिल होंगे योगी

16/03/2022
Corona

देश में बेकाबू हुआ कोरोना, 24 घंटे में आए 2 लाख से अधिक नए केस

15/04/2021
State government is committed to promote Ayurveda: CM Dhami

राज्य सरकार आयुर्वेद को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध – मुख्यमंत्री

11/08/2025
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version