• About us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • Terms & Conditions
  • Child Safety Policy
  • Contact
24 Ghante Latest Hindi News
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म
No Result
View All Result

इतिहास के पन्नों में 05 सितंबर: आतंकियों से नीरजा ने बचाई 360 यात्रियों की जान

Writer D by Writer D
05/09/2023
in Main Slider, शिक्षा
0
History

todays history

14
SHARES
176
VIEWS
Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp

देश-दुनिया के इतिहास (History) में 05 सितंबर की तारीख तमाम अहम वजह से दर्ज है. यह तारीख भारतीय विमान परिचारिका नीरजा भनोट के अदम्य शौर्य, पराक्रम और बलिदान के रूप में हमेशा याद रखी जाएगी. हुआ यह था कि 1986 में इसी रोज विमान (पीएएन एएम-73) ने मुंबई से उड़ान भरी. विमान में 360 पैसेंजर और 19 क्रू मेंबर थे. इस विमान को पाकिस्तान के कराची और जर्मनी के फ्रेंकफर्ट होते हुए न्यूयॉर्क जाना था.

मुंबई से उड़ान भरने के बाद विमान ने कराची के जिन्ना एयरपोर्ट पर लैंड किया. यहां कुछ यात्री उतरे और कुछ सवार हुए. यह क्रम चल ही रहा था कि एयरपोर्ट के सुरक्षा चक्र को तोड़ते हुए हथियारों से लैस चार आतंकी विमान में घुस गए.

यादों में नीरजा भनोट. फोटो-इंटरनेट Media

यह देखकर पायलट और को-पायलट विमान छोड़ भाग गए. विमान में अब सीनियर क्रू मेंबर नीरजा भनोट बची थीं. आतंकियों ने नीरजा से कहा कि वे सभी यात्रियों के पासपोर्ट एकत्र करे. आतंकियों का निशाना अमेरिकी नागरिक थे. इसलिए वे पासपोर्ट के जरिए अमेरिकी नागरिकों की पहचान करना चाहते थे. नीरजा ने पासपोर्ट एकत्र तो किए पर अमेरिकी नागरिकों के पासपोर्ट छुपा दिए.

आतंकवादी चाहते थे कि विमान को साइप्रस ले जाया जाए और फिरौती में फिलिस्तीन के कैदियों को रिहा करवाया जाए. मात्र 23 साल की नीरजा ने सूझबूझ दिखाई और आपातकालीन द्वार से यात्रियों को बाहर निकालने लगीं. यह देखकर आतंकियों ने उन पर गोलियों की बौछार कर दी. आतंकियों से लोहा लेते हुए नीरजा शहीद हो गईं. नीरजा के शौर्य, पराक्रम और सर्वोच्च बलिदान को देखते हुए भारत सरकार ने अशोक चक्र से सम्मानित किया.पाकिस्तान ने तमगा-ए-इंसानियत और अमेरिका ने जस्टिस फॉर क्राइम अवॉर्ड प्रदान किया.

महत्वपूर्ण घटनाचक्र

1666ः लंदन में भीषण आग में 13,200 घर क्षतिग्रस्त. आठ लोगों की मौत.

1798ः फ्रांस में अनिवार्य सैन्य सेवा कानून प्रभाव में आया.

1836ः सैम ह्यूस्टन टेक्सास गणराज्य के राष्ट्रपति निर्वाचित.

1839ः चीन में पहला अफीम युद्ध शुरू.

1914ः ब्रिटेन, फ्रांस, बेल्जियम और रूस के बीच लंदन समझौता.

1944ः ब्रिटिश प्रधानमंत्री विंस्टन चर्चिल ने स्कॉटलैंड यात्रा शुरू की.

1960: अमेरिकी मुक्केबाज मोहम्मद अली ने रोम ओलिंपिक्स में 175-पाउंड कैटेगरी में गोल्ड मेडल जीता. इसके बाद उन्होंने प्रोफेशनल करियर चुना और नामी मुक्केबाज बन गए.

1972ः म्यूनिख ओलंपिक के दौरान फलीस्तीनी समूह ने 11 एथलीटों को बंधक बनाकर हत्या की.

1975ः पुर्तगाल के प्रधानमंत्री गोंसालवेज का इस्तीफा.

1977: नासा ने वोएजर-1 प्रोब को लॉन्च किया. यह आज तक पृथ्वी से सबसे दूर भेजी गई मानव निर्मित वस्तु है.

1980: दुनिया की सबसे लंबी टनल शुरू हुई. स्विट्जरलैंड की सेंट गोथार्ड टनल 10.14 मील (16.22 किमी) लंबी है.

1984: स्पेस शटल डिस्कवरी पहली अंतरिक्ष यात्रा से लौटा.

1987ः अमेरिका के टेनिस खिलाड़ी जॉन मैकनरॉय पर 17,500 डॉलर का जुर्माना.

1991: नेल्सन मंडेला अफ्रीकी नेशनल कांग्रेस के अध्यक्ष चुने गए.

2002ः अफगानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करजई हमले में बाल-बाल बचे.

2005ः मंडला एयरलाइंस का विमान 091 इंडोनेशिया में सुमात्रा के एक आवासीय क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त. 104 यात्रियों के अलावा आवासीय क्षेत्र के 39 लोगों की मौत.

2014ः WHO के अनुमान के मुताबिक, गिनी, लाइबेरिया, नाइजीरिया, सेनेगल और सिएरा लियोन में इबाेला वायरस से संक्रमित 3500 लोगों में से 1900 लोगों की मौत.

2019: हैदरबाद में इररामट्टी मंगम्मा 74 साल की उम्र में जुड़वा बच्चों को जन्म देने वाली दुनिया की सबसे उम्रदराज मां बनीं.

जन्म

1888ः भारत के पूर्व राष्ट्रपति सर्वपल्ली राधाकृष्णन.

1905ः प्रसिद्ध उपन्यासकार वाचस्पति पाठक.

1910ः भारतीय क्रिकेटर फिरोज पलिया.

1933ः अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शांति स्थापित करने के लिए ‘रेमन मैग्सेसे पुरस्कार’ पाने वाले भारतीय लक्ष्मी नारायण रामदास.

1958ः भारतीय चिकित्सक और हृदय रोग विशेषज्ञ केके अग्रवाल.

निधन

1918ः ‘टाटा समूह’ चार स्तंभों में से एक रतनजी टाटा.

1986ः भारत के जाने-माने शिक्षाविद् और हिन्दी साहित्यकार अंबिका प्रसाद दिव्य.

1986ः अशोक चक्र विजेता विमान परिचारिका नीरजा भनोट.

1991ः व्यंग्य रचनाकार और संपादक शरद जोशी .

1995ः फिल्म संगीतकार सलिल चौधरी.

1997ः विश्व प्रसिद्ध समाज सेविका मदर टेरेसा.

Tags: 5 september historyaaj ka itihasEducation Newstoday's history
Previous Post

30 साल बाद जन्माष्टमी पर बन रहा सर्वार्थ सिद्धि योग, इन राशियों को भाग्य होगा प्रबल

Next Post

G-20 से पहले बाइडेन की पत्नी कोरोना पॉजिटिव, राष्ट्रपति का भी  हुआ कोरोना

Writer D

Writer D

Related Posts

Move ON
Main Slider

नहीं कर पा रहे Move On… तो अपनाएं प्रेमानंद महाराज का बताया आसान उपाय

16/08/2026
Waxing
Main Slider

वैक्सिंग करवाने के बाद भूलकर भी ना करें ये गलतियां, काली पड़ सकती है त्वचा

16/08/2026
Marriage
Main Slider

बेटी की विदाई के तुरंत बाद घर में नहीं लगानी चाहिए झाड़ू, ये है बड़ी वजह

16/08/2026
Egg Manchurian
Main Slider

विकेंड स्पेशल में ट्राई करें स्वादिष्ट ऐग मंचूरियन, नोट करें आसान रेसिपी

16/08/2026
CM Dhami
Main Slider

विकसित भारत के निर्माण में सभी की भागीदारी जरूरी: CM Dhami

15/08/2026
Next Post
Jill Biden

G-20 से पहले बाइडेन की पत्नी कोरोना पॉजिटिव, राष्ट्रपति का भी  हुआ कोरोना

यह भी पढ़ें

मनोहर लाल खट्टर की सुरक्षा में सेंध manohar lal khattar

मनोहर लाल खट्टर की सुरक्षा में सेंध , अकाली दल के नौ विधायकों पर केस दर्ज

16/03/2021
Road Accident

चाय की गुमटी से टकराया तेज रफ्तार डंपर , चार की मौत

11/01/2023
Firing

पत्नी के प्रेमी ने विवाद के चलते मुंशी की गोली मारकर हत्या

19/06/2022
Facebook Twitter Youtube

© 2017 24घंटेऑनलाइन

  • होम
  • राष्ट्रीय
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
    • हिमाचल प्रदेश
  • राजनीति
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • क्राइम
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म

© 2017 24घंटेऑनलाइन

Go to mobile version